होम / जॉब्स-एजुकेशन / Britannica Education ने डिजिटल लर्निंग सॉल्यूशन किया लॉन्च, भारत की शिक्षा प्रणाली में आएगा सकारात्मक बदलाव

Britannica Education ने डिजिटल लर्निंग सॉल्यूशन किया लॉन्च, भारत की शिक्षा प्रणाली में आएगा सकारात्मक बदलाव

Britannica Education ने 256 वर्षों की भरोसेमंद ज्ञान प्रदान करने की विरासत को आगे बढ़ाते हुए भारतीय स्कूलों, शिक्षकों और कक्षा K से 12 तक के छात्रों के लिए 12 इ

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 1 year ago

एनसाइक्लोपीडिया का प्रकाशन करने वाली ग्लोबल लीडिंग कंपनी ब्रिटानिका एजुकेशन (Britaninca Education) ने शुक्रवार यानी 06 दिसंबर, 2024 को भारत में अपनी संचालन गतिविधियों को सफलतापूर्वक लॉन्च किया. इसमें डिजिटल लर्निंग समाधानों (Digital Learning Solutions) का एक व्यापक सेट प्रस्तुत किया गया है, जो देश की शिक्षा प्रणाली को बदलने की क्षमता रखता है. इस मौके पर 150 से अधिक प्रतिष्ठित शिक्षाविद, नीति निर्माता और विचारक शामिल हुए. उन्होंने देशभर में शिक्षार्थियों के लिए विश्व स्तरीय और कौशल-आधारित शिक्षा को सुलभ बनाने के लिए ब्रिटानिका के दृष्टिकोण पर चर्चा की. तोआइए जानते हैं ये डिजिटल लर्निंग सॉल्यूशन 

शिक्षकों और छात्रों के लिए इनोवेटिव डिजिटल प्रॉडक्ट्स किए पेश

ब्रिटानिका एजुकेशन ने 256 वर्षों की भरोसेमंद ज्ञान प्रदान करने की विरासत को आगे बढ़ाते हुए भारतीय स्कूलों, शिक्षकों और कक्षा K से 12 तक के छात्रों के लिए 12 इनोवेटिव डिजिटल प्रॉडक्ट पेश किए हैं, ये प्रॉडक्ट न केवल रटने पर आधारित तरीकों से कौशल-आधारित शिक्षण (Skill Based Education) की ओर परिवर्तन को बढ़ावा देते हैं, बल्कि भारत सरकार की राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP 2020) के साथ भी पूरी तरह से सामंजस्य रखते हैं. इनका मुख्य फोकस बुनियादी साक्षरता, संख्यात्मकता, और 21वीं सदी की क्षमताओं पर आधारित है. प्रस्तुत किए गए समाधानों में ब्रिटानिका स्कूल, ब्रिटानिका लाइब्रेरी, ब्रिटानिका प्रोफेशनल लर्निंग, और ब्रिटानिका कनेक्ट – ग्लोबल कम्युनिटी फॉर कोलैबोरेटिव लर्निंग (GCCL) शामिल हैं. 

अफॉर्डेबल सब्सक्रिप्शन 

कंपनी के अनुसार प्रत्येक प्रॉडक्ट सब्सक्रिप्शन आधारित है, जो इसे स्केलेबल, सुलभ और किफायती बनाता है. यह सब्सक्रिप्शन काफी अफॉर्डेबल है, जिसे स्कूल व छात्र किफायती कीमत में ले सकते हैं. इसमें कम कीमत में ज्ञान का ऐसा भंडार है, जो शिक्षकों से लेकर छात्रों को इनोवेटिव डिजिटल लर्निंग की ओर आगे बढ़ने में मदद करेगा. इस डिजिटल लर्निंग सॉल्यूशंस का उद्देश्य महत्वपूर्ण सोच, डिजिटल साक्षरता, और जीवन भर सीखने की आदतों को बढ़ावा देना है, साथ ही शिक्षकों को व्यावसायिक विकास और वैश्विक सहयोग के लिए आवश्यक उपकरण प्रदान करना है. बता दें, 1768 में स्थापित एनसाइक्लोपीडिया ब्रिटानिका दुनियाभर में ज्ञान के सबसे सम्मानित स्रोतों में से एक है. प्रिंट से डिजिटल में परिवर्तित होने के बाद, ब्रिटानिका एजुकेशन अब ऑनलाइन संसाधनों की एक श्रृंखला प्रदान करता है जो दुनिया भर के छात्रों और शिक्षकों के लिए महत्वपूर्ण सोच, शोध कौशल और डिजिटल साक्षरता का समर्थन करते हैं. 

शिक्षकों और छात्रों को मिलेगी इनोवेटिव स्किल सीखने का प्रेरणा 

ब्रिटानिका एजुकेशन के ग्लोबल एग्जीक्यूटिव वाइस प्रेसीडेंट सैल डी स्पिरिटो ने कहा कि उनका यह मिशन शिक्षकों और छात्रों दोनों के अंदर जिज्ञासा बढ़ाकर उन्हें सीखने की प्रेरित देता है. शिक्षकों और छात्रों दोनों का समर्थन करने के लिए भरोसेमंद और सत्यापित सामग्री प्रदान करता है. शिक्षकों को सशक्त बनाकर और कौशल-आधारित विकास को पोषित करते हुए, हमारा उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि हर शिक्षार्थी—उसकी पृष्ठभूमि चाहे जो भी हो—अपने सपनों को साकार कर सके. वहीं, इंटरनेशनल करिकुलम और ब्रिटानिका एजुकेशन के एडिटोरियल डायरेक्टर मार्सेलो ज़ेनन ने कहा है कि हमारे समाधान भारत की एनईपी 2020 के साथ पूरी तरह से सामंजस्य रखते हैं, जो शोध-आधारित, आयु-उपयुक्त सामग्री और उपकरण प्रदान करते हैं, जो जिज्ञासा, महत्वपूर्ण सोच, और गहन समझ को बढ़ावा देते हैं. हम शिक्षकों का समर्थन करने के लिए यहां हैं, ताकि वे ऐसे सार्थक शिक्षण अनुभव बना सकें जो छात्रों को तेजी से बदलती दुनिया के लिए तैयार करें. ब्रिटानिका एजुकेशन इंडिया के कमर्शियल ऑपरेशंस डायरेक्टर उत्कर्ष मिश्रा ने कहा, "भारत की समृद्ध शैक्षणिक विरासत ब्रिटानिका की विरासत के साथ गूंजती है. वैश्विक सर्वोत्तम प्रथाओं को स्थानीय ताकतों के साथ जोड़कर, हम अनुसंधान-आधारित, कौशल-केंद्रित और भविष्य के लिए तैयार शिक्षण समाधान प्रदान करते हैं, जो पूरे देश में स्कूलों, शिक्षकों और छात्रों को सशक्त बनाते हैं.


डिजिटल लर्निंग सॉल्यूशंस के फायदे
1. ये प्रॉडक्ट सस्टेनेबिलिटी को बढ़ावा देते हैं, जिन्हें पर्यावरणीय प्रबंधन की भावना पैदा करने के लिए डिजाइन किया गया है.
2. ज्ञान बढ़ाने के लिए इसमें विश्व स्तर पर सम्मानित स्रोत से चयनित, विश्वसनीय सामग्री को शामिल किया गया है. 
3. शिक्षा में सुधार के लिए अनुभवात्मक, कौशल-आधारित और समग्र शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए एनईपी 2020 के साथ तालमेल बैठाना.
4. तकनीकी एकीकरण के लिए इंटरैक्टिव और दूरस्थ शिक्षा का समर्थन करने वाले अत्याधुनिक डिजिटल प्लेटफॉर्म.
5. शिक्षकों के लिए प्रमाणित पाठ्यक्रम और अनुकूलित प्रशिक्षण मॉड्यूल.
6.  जीसीसीएल जैसे मंच अंतर्राष्ट्रीय सहयोग और सांस्कृतिक आदान-प्रदान को बढ़ावा देते हैं.


 


टैग्स  
सम्बंधित खबरें

SRCC ने पूरे किए 100 साल: दिल्ली यूनिवर्सिटी में शताब्दी समारोह की शुरुआत, पीएम ने दी बधाई

प्रधानमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, यह संस्थान भारत के सबसे प्रतिष्ठित शैक्षणिक संस्थानों में से एक है और इसके 100 वर्ष पूरे होना एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है.

26-April-2026

‘ट्रिपल बॉटम लाइन’ यानी लाभ, लोग और पर्यावरण के संतुलन पर दें ध्यान: शशि थरूर

दीक्षांत समारोह के दौरान संस्थान ने अपने पूर्व छात्रों को भी विभिन्न श्रेणियों में सम्मानित किया. इसमें विशिष्ट पूर्व छात्र सम्मान और युवा पूर्व छात्र उपलब्धि सम्मान जैसे पुरस्कार शामिल रहे.

13-April-2026

अनिश्चित दौर में करियर की नई परिभाषा: मूल्य, सहयोग और सीख बन रहे हैं सफलता की असली नींव

समिट से उभरकर आने वाला संदेश साफ है. अनिश्चितता भले ही अपरिहार्य हो, लेकिन करियर की दिशा पूरी तरह परिस्थितियों के हवाले नहीं होती. अनुशासन, सहयोग, मूल्य, जिज्ञासा और सीखने की निरंतर इच्छा ऐसे आधार हैं, जिन पर टिकाऊ और सार्थक करियर खड़े होते हैं.

10-February-2026

IIIT दिल्ली ने नया कोर्स लॉन्च किया, AI फैब्रिक्स और सिस्टम्स पर दुनिया का पहला ज्ञात शैक्षणिक कोर्स

“Networks for AI/ML Systems” पाठ्यक्रम का शुभारंभ न केवल IIIT-दिल्ली के लिए बल्कि भारत की AI शिक्षा और शोध पारिस्थितिकी के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है.

29-January-2026

IIT रुड़की और मसाई की बड़ी पहल, AI और डिजिटल स्किल्स के लिए शुरू होंगे जॉब-रेडी टेक प्रोग्राम

IIT रुड़की और मसाई की इस साझेदारी से न सिर्फ युवाओं को नई तकनीकों में प्रशिक्षित होने का मौका मिलेगा, बल्कि इंडस्ट्री को भी जॉब-रेडी और स्किल्ड प्रोफेशनल्स मिल सकेंगे.

16-January-2026


बड़ी खबरें

RBI से रिकॉर्ड डिविडेंड की उम्मीद, पश्चिम एशिया संकट के बीच सरकार को मिलेगा बड़ा आर्थिक सहारा

बजट दस्तावेजों के अनुसार, केंद्र सरकार को वित्त वर्ष 2026-27 में RBI, सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों और अन्य वित्तीय संस्थानों से डिविडेंड और अधिशेष के रूप में करीब 3.16 लाख करोड़ रुपये मिलने का अनुमान है.

1 minute ago

AI से बदलेगा मौसम पूर्वानुमान का भविष्य, IMD ने लॉन्च किया स्मार्ट मॉनसून मॉडल

IMD के अनुसार नया AI मॉडल हर बुधवार को मॉनसून की प्रगति और सक्रियता का अनुमान जारी करेगा. यह मॉडल मौजूदा संख्यात्मक मौसम मॉडल और AI तकनीक को जोड़कर तैयार किया गया है.

4 hours ago

1 जून से लागू हो सकता है भारत-ओमान व्यापार समझौता, निर्यात को मिलेगी रफ्तार

वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने जानकारी दी कि ओमान की टीम के साथ हुई हालिया बैठक काफी सकारात्मक रही है और संभावना है कि भारत-ओमान मुक्त व्यापार समझौता जून की शुरुआत से प्रभावी हो जाएगा.

1 hour ago

विवाद के बाद तमिलनाडु सरकार ने वापस लिया ज्योतिषी की नियुक्ति, CM विजय ने रद्द किया OSD पद का आदेश

निजी ज्योतिषी को सरकारी पद देने पर उठे सवाल, विपक्ष और सहयोगियों के दबाव में सरकार का यू-टर्न

1 hour ago

खाड़ी युद्ध की लागत: कहीं न पहुंचने वाली राह

लेखक हरदयाल कहते हैं, कहीं न पहुंचने वाली इस यात्रा में, अमेरिकी संघीय सरकार अब तक लगभग 29 अरब अमेरिकी डॉलर की प्रत्यक्ष परिचालन लागत वहन कर चुकी है; अमेरिका को हुए कुल आर्थिक नुकसान का अनुमान 631 अरब डॉलर से 1 ट्रिलियन डॉलर तक लगाया गया है.

3 hours ago