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Jio BlackRock Flexi Cap Fund: SAE तकनीक के साथ भारत में निवेश का नया दौर शुरू

Jio BlackRock Flexi Cap Fund एक आधुनिक निवेश विकल्प है जो आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और मानवीय अनुभव के संयोजन से संचालित होता है. S

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 8 months ago

देश की वित्तीय दुनिया में एक बड़ा कदम उठाते हुए, Jio BlackRock Mutual Fund ने अपने पहले इक्विटी स्कीम की घोषणा कर दी है. कंपनी का Flexi Cap Fund आगामी 23 सितंबर 2025 से निवेश के लिए खुलने जा रहा है, जिसकी सब्सक्रिप्शन विंडो 7 अक्टूबर 2025 तक खुली रहेगी. खास बात यह है कि यह भारत का पहला ऐसा एक्टिव इक्विटी फंड होगा, जो BlackRock की उन्नत निवेश तकनीक – Systematic Active Equity (SAE) पर आधारित होगा. तो आइए निवेश की इस नई तकनीक और इस फंड के बारे में आपको विस्तार से जानकारी देते हैं.

SAE क्या है?

Jio BlackRock Mutual Fund ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर एक पोस्ट साझा करते हुए बताया है कि SAE यानी सिस्टेमैटिक एक्टिव इक्विटी, BlackRock की विशेष निवेश प्रक्रिया है. इसमें विभिन्न तरह के सिग्नल्स की मदद से निवेश के अवसरों की पहचान की जाती है. इस प्रोसेस में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और मानवीय अनुभव एक साथ मिलकर काम करते हैं. पारंपरिक और वैकल्पिक डेटा को जोड़कर बेहतर निवेश अवसर ढूंढे जाते हैं. फंड हाउस का दावा है कि यह स्कीम दीर्घकालिक निवेशकों के लिए एक स्मार्ट और डाटा-संचालित विकल्प साबित हो सकती है.

फंड की मुख्य जानकारी

- फंड का नाम: Jio BlackRock Flexi Cap Fund
- फंड का प्रकार: ओपन-एंडेड फ्लेक्सी कैप इक्विटी स्कीम
- सब्सक्रिप्शन की तारीखें: 23 सितंबर 2025 से 7 अक्टूबर 2025
- न्यूनतम निवेश: ₹500 और उसके बाद किसी भी राशि में
- न्यूनतम SIP: ₹500 और ₹1 के गुणज में
इस फंड में केवल डायरेक्ट प्लान और ग्रोथ ऑप्शन के जरिए निवेश किया जा सकता है. इसमें एग्जिट लोड नहीं है. बेंचमार्क Nifty 500 TRI और जोखिम स्तर बहुत ज्यादा है. 

निवेश की रणनीति

फंड का उद्देश्य विभिन्न मार्केट कैप वाली कंपनियों में इक्विटी और उससे जुड़े इंस्ट्रूमेंट्स में निवेश कर लंबी अवधि में पूंजी वृद्धि (capital growth) प्राप्त करना है. यह स्कीम एक सक्रिय निवेश रणनीति (Active Investment Strategy) पर आधारित होगी और स्टॉक्स के चयन के लिए एक सुव्यवस्थित प्रणाली का उपयोग करेगी.

इस फंड में निवेश का अधिकांश हिस्सा, यानी कुल पोर्टफोलियो का 65 से 100 प्रतिशत, लार्ज कैप, मिड कैप और स्मॉल कैप कंपनियों के इक्विटी और उससे जुड़े इंस्ट्रूमेंट्स में लगाया जाएगा. इसके अतिरिक्त, 0 से 35 प्रतिशत तक की राशि डेट और मनी मार्केट इंस्ट्रूमेंट्स में निवेश की जा सकती है. वहीं, 0 से 10 प्रतिशत तक का निवेश रियल एस्टेट इन्वेस्टमेंट ट्रस्ट्स (REITs) और इंफ्रास्ट्रक्चर इन्वेस्टमेंट ट्रस्ट्स (InvITs) के यूनिट्स में किया जा सकता है.

कौन करें इस फंड में निवेश

यह स्कीम उन निवेशकों के लिए उपयुक्त हो सकती है जो लॉन्ग टर्म में पूंजी वृद्धि चाहते हैं और लार्ज, मिड व स्मॉल कैप शेयरों में निवेश करने को तैयार हैं. साथ ही, वे उच्च जोखिम उठाने को भी तैयार हों.

(डिस्क्लेमर: म्युचुअल फंड में निवेश शेयर बाजार जोखिम के अधीन है. 'BW हिंदी' इसकी कोई जिम्मेदारी नहीं लेता. सोच-समझकर, अपने विवेक के आधार पर और किसी सर्टिफाइड एक्सपर्ट से सलाह के बाद ही निवेश करें, अन्यथा आपको नुकसान उठाना पड़ सकता है.)


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