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NEET UG की काउंसिलिंग हुई स्थगित, फिर गर्माई सियासत
NEET UG की काउंसिलिंग को आज से ही शुरू होना था. इस काउंसिलिंग का नीट पास करने वाले स्टूडेंट बेसब्री से इंतजार कर रहे थे. सबसे खास बात ये हैं कि इस पर राजनीति गर्मा गई है.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 1 year ago
NEET UG की काउंसिलिंग को अगली तारीख तक के लिए स्थगित कर दिया गया है. सरकार की ओर से ये निर्णय उस वक्त लिया गया है जब कल हुई सुनवाई में सुप्रीम कोर्ट काउंसिलिंग को कैंसिल करने से इनकार कर चुका है. सबसे खास बात ये है कि सरकार की ओर इस काउंसिलिंग को उसी दिन कैंसिल किया गया है जिस दिन यानी आज इसे शुरू होना था. सबसे बड़ी बात ये है कि इस खबर के सामने आने के बाद सियासी बवाल एक बार फिर शुरू हो गया है.
8 जुलाई को होनी है सुप्रीम सुनवाई
NEET UG में सामने आई अनियमित्ताओं को लेकर 8 जुलाई को सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई होनी है. इस मामले की सुनवाई सीजेआई डी वाई चंद्रचूड़, जस्टिस जे बी पादरीवाला, और जस्टिस मनोज मिश्रा की बेंच करने जा रही है. इस सुनवाई में कई मामलों पर चर्चा होगी जिनमें परिक्षाओं को फिर से कराने की मांग से लेकर, परीक्षाओं के पैटर्न, और एनटीए के संचालन की जांच करने की मांग शामिल है.
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नीट में अनियमित्ता सामने आने के बाद हुआ विवाद
नीट यूजी की परीक्षा में पेपर धांधली के कई लोगों ने आरोप लगाए थे. इस मामले में जिन लोगों ने आरोप लगाए उनमें से ज्यादातर लोगों ने सुप्रीम कोर्ट में भी अपनी याचिका दायर की है. यही नहीं उन 6 सेंटरों को लेकर ज्यादा विवाद गहराया था जिनमें दो दर्जन से ज्यादा स्टूडेंट के एक ही नंबर आ गए थे. ऐसा पहली बार देखने को मिला था. इसे लेकर नीट का कहना था कि ये ग्रेस मॉर्क्स के कारण हुआ है. दूसरी सबसे अहम बात ये भी है कि 1600 से ज्यादा स्टूडेंट की नीट दोबारा परीक्षा करवा चुका है. अब इस मामले में जहां कुछ पक्ष परीक्षा को दोबारा ना कराने की मांग कर रहे हैं वहीं दूसरी ओर कई लोग फिर कराने की मांग कर रहे हैं.
विपक्ष ने साधा निशाना
एनटीए की ओर से उठाए गए इस कदम के बाद विपक्ष एक बार फिर हमलावर हो गया है. कांग्रेस पार्टी मीडिया प्रभारी जयराम रमेश ने कहा कि “पूरा NEET-UG मामला दिन-ब-दिन बदतर होता जा रहा है. नॉन बॉयोलॉजिकल प्रधानमंत्री और उनके जैविक शिक्षा मंत्री अपनी प्रदर्शित अक्षमता और असंवेदनशीलता में और सबूत जोड़ रहे हैं. हमारे लाखों युवाओं का भविष्य उनके हाथों में बिल्कुल असुरक्षित है. इससे पहले कांग्रेस पार्टी नीट को लेकर संसद में भी चर्चा की मांग कर चुकी है. लेकिन राष्ट्रपति के अभिभाषण पर चर्चा होने के कारण वो चर्चा नहीं हो सकी है.
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