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मसाई की नई पहल: भारत में जेनरेटिव AI और मशीन लर्निंग में पेशेवरों के लिए नए अवसर
मसाई की यह पहल भारत में वैश्विक स्तर की AI और डेटा शिक्षा को सुलभ बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 4 months ago
भारत में AI और डेटा स्किल्स की बढ़ती मांग को देखते हुए एजुकेशन प्लेटफॉर्म मसाई (Masai) ने दुनिया के दो प्रतिष्ठित संस्थानों मैसाचुसेट्स इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (MIT) के Institute for Data, Systems and Society (IDSS) और यूनिवर्सिटी ऑफ टोरंटो के Rotman School of Management के साथ रणनीतिक शैक्षणिक साझेदारी की घोषणा की है. इन सहयोगों के तहत भारत में दो नए एडवांस सर्टिफिकेशन प्रोग्राम लॉन्च किए गए हैं, जो जेनरेटिव AI, मशीन लर्निंग और डेटा-ड्रिवन निर्णय-निर्माण जैसे उभरते क्षेत्रों पर केंद्रित हैं.
MIT IDSS के साथ मशीन लर्निंग में एडवांस सर्टिफिकेशन
MIT IDSS के साथ साझेदारी के तहत मसाई ने “Machine Learning with Python: From Linear Models to Deep Learning” नामक छह महीने का सर्टिफिकेशन प्रोग्राम शुरू किया है. मसाई इस माइक्रोमास्टर्स-संबंधित कोर्स में MIT IDSS के साथ सहयोग करने वाला भारत का पहला शैक्षणिक भागीदार बन गया है.
इस प्रोग्राम की खास बात यह है कि प्रतिभागियों को MIT के पीएचडी स्कॉलर्स द्वारा लाइव टीचिंग असिस्टेंट सपोर्ट मिलेगा. यह कोर्स उन प्रोफेशनल्स के लिए तैयार किया गया है जो AI और मशीन लर्निंग में मजबूत सैद्धांतिक ज्ञान के साथ व्यावहारिक अनुभव हासिल करना चाहते हैं.
हैंड्स-ऑन लर्निंग और रियल-वर्ल्ड केस स्टडीज पर जोर
इस सर्टिफिकेशन प्रोग्राम के पाठ्यक्रम में डेटा हैंडलिंग, मॉडल डेवलपमेंट, ऑप्टिमाइजेशन तकनीकें, न्यूरल नेटवर्क और डीप लर्निंग जैसे अहम विषय शामिल हैं. हैंड्स-ऑन प्रोजेक्ट्स, सिमुलेशन और रियल-वर्ल्ड केस स्टडीज़ के माध्यम से प्रतिभागियों को मशीन लर्निंग के पूरे लाइफ-साइकिल की गहरी समझ विकसित करने का अवसर मिलेगा, जिससे वे टेक्नोलॉजी-ड्रिवन भूमिकाओं के लिए बेहतर रूप से तैयार हो सकें.
रॉटमैन स्कूल के साथ जेनरेटिव AI पर एग्जीक्यूटिव प्रोग्राम
वहीं, Rotman School of Management के साथ साझेदारी के तहत मसाई ने भारत में “Data-Driven Decision Making with Generative AI” नामक पांच महीने का एग्जीक्यूटिव प्रोग्राम पेश किया है. यह प्रोग्राम खासतौर पर कार्यरत प्रोफेशनल्स और भविष्य के लीडर्स के लिए डिजाइन किया गया है.
इस कोर्स में जेनरेटिव AI की मदद से डेटा तैयारी, इनसाइट जनरेशन, सीनारियो एनालिसिस और रणनीतिक निर्णय-निर्माण जैसे व्यावहारिक कौशल सिखाए जाएंगे. साथ ही AI-जनित आउटपुट की व्याख्या, नैतिक पहलुओं और गवर्नेंस से जुड़े मुद्दों पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा.
भारत में वैश्विक मानकों की AI शिक्षा को बढ़ावा
इन नई शैक्षणिक साझेदारियों के जरिए मसाई का लक्ष्य भारत में ग्लोबल-स्टैंडर्ड AI और डेटा एजुकेशन को सुलभ बनाना है. कंपनी ऐसे प्रोफेशनल्स तैयार करना चाहती है जो तेजी से बदलते टेक्नोलॉजी परिदृश्य में डेटा और AI आधारित निर्णयों के माध्यम से संगठनों का नेतृत्व कर सकें.
तेजी से बढ़ती जेनरेटिव AI इकोनॉमी में अवसर
यह पहल ऐसे समय में की गई है जब वैश्विक अनुमानों के मुताबिक 2035 तक जेनरेटिव AI का आर्थिक प्रभाव करीब 2.9 ट्रिलियन अमेरिकी डॉलर तक पहुंच सकता है. दुनिया भर की कंपनियां तेजी से इन टूल्स को अपने मुख्य बिज़नेस ऑपरेशंस का हिस्सा बना रही हैं, जिससे AI और डेटा स्किल्स वाले टैलेंट की मांग लगातार बढ़ रही है.
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