होम / हेल्थ / हर साल लाखों मासूमों की जिंदगी निगल रहा निमोनिया: डॉ. डी. के. गुप्ता

हर साल लाखों मासूमों की जिंदगी निगल रहा निमोनिया: डॉ. डी. के. गुप्ता

निमोनिया से बचाव के टीके से कुछ सुधार हुआ है लेकिन अभी भी कई बच्चों की मौत निमोनिया से हो रही है.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 3 years ago

नई दिल्लीः देश में निमोनिया हर साल लाखों मासूमों की सांसें छीन रहा है. निमोनिया से बचाव के टीके से कुछ सुधार हुआ है लेकिन अभी भी कई बच्चों की मौत निमोनिया से हो रही है. शनिवार को निमोनिया जागरूकता दिवस है. देश में हर साल लाखों बच्चों का जन्म हो रहा है. लेकिन पांच साल से कम उम्र के बच्चों की मौत निमोनिया से अब भी हो रही है.

चौंकाने वाली बात यह है कि काफी बच्चे अपना पहला जन्मदिन भी नहीं मना पाते हैं. जबकि मार्केट में बच्चों को निमोनिया से बचाने की वैक्सीन उपलब्ध है. निमोनिया से बचाव की वैक्सीन सरकारी अस्पतालों में मुफ्त लगाई जा रही है. इससे काफी हद तक मासूमों को बचाने में कामयाबी मिली है.

फेलिक्स हॉस्पिटल के डॉ नीरज कुमार (बाल रोग विशेषज्ञ) ने बताया कि निमोनिया फेफड़ों में होने वाला एक संक्रमण है. जो बैक्टीरिया, फंगस व वायरस से होता है. इससे फेफड़ों में सूजन आ जाती है. उसमें तरल पदार्थ भर जाता है. सर्दी-जुकाम के लक्षण बहुत कुछ मिलते-जुलते हैं.

निमोनिया किसी भी उम्र के व्यक्ति को हो सकता है. यह सबसे ज्यादा पांच साल तक के बच्चों को प्रभावित करता है. 

डॉ. डी. के. गुप्ता ने बताया कि निमोनिया से साल 2015 में 5 साल से कम आयु वर्ग के 920136 बच्चों की मृत्यु हुई, जो कि पांच साल से कम उम्र के बच्चों की मृत्यु का 16 % है. निमोनिया को आसानी से रोका जा सकता है और बच्चों में होने वाली मृत्यु का इलाज भी पॉसिबल है, फिर भी हर 20 सेकंड में संक्रमण से एक बच्चा मर जाता है.

बच्चों का समय से टीकाकरण करवाकर निमोनिया के खतरों से बचा सकते हैं. निमोनिया का टीका न्यूमोकॉकॉल कोन्जुगेट है. यह टीका डेढ़ माह, ढाई माह, साढ़े तीन माह और 15 माह में लगाया जाता है. कुपोषण के शिकार बच्चों को निमोनिया आसानी से चपेट में ले लेता है. सर्दियों में जरा सी चूक से बच्चे निमोनिया की गिरफ्त में आ सकते हैं. छह माह तक बच्चों को मां के दूध के अलावा कुछ भी बाहरी चीज न दें.

इन बातों का रखें ध्यान

● गुनगुने तेल से शिशु को मालिश करें

● खांसते और छींकते समय मुंह पर हाथ रखें

● इस्तमेाल टिशू को तुरंत डिस्पोज करें

● बच्चों को ठंड से बचाएं

● नवजात को पूरे कपड़े पहनायें

● नवजात के सिर, कान और पैर ढंक कर रखें

● पर्याप्त आराम व स्वस्थ आहार लें

● छोटे बच्चों को छूने से पहले हाथों को साबुन से धोएं

● प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत करें, एक हेल्दी लाइफस्टाइल को अपनाएं

बीमारी के लक्षण

● सांस तेज लेना

● पसलियां चलना

● कफ की आवाज आना

● खांसी, सीने में दर्द

● तेज बुखार और सांस लेने में मुश्किल

● उल्टी होना, पेट व सीने के निचले हिस्से में दर्द होना

● कंपकंपी, मांसपेशियों में दर्द

● शिशु दूध न पी पाए

● खांसते समय छाती में दर्द

● खांसी के साथ पीले, हरा बलगम निकलना


टैग्स
सम्बंधित खबरें

सिर्फ 7 मिनट में फेफड़ों के कैंसर का इलाज, भारत में लॉन्च हुई दुनिया की पहली सबक्यूटेनियस इम्यूनोथेरेपी टिसेंट्रिक एससी

कंपनी का कहना है कि इस नई थेरेपी से मरीजों और उनके परिजनों को अस्पताल में कम समय बिताना पड़ेगा. साथ ही बार-बार लंबे सफर और उपचार से जुड़े अप्रत्यक्ष खर्चों में भी कमी आएगी.

15-May-2026

नर्सिंग शिक्षा में बड़े बदलाव की जरूरत, भारत का भविष्य अब पारंपरिक ट्रेनिंग से आगे

आज यानी 12 मई को अंतरराष्ट्रीय नर्स दिवस के अवसर पर विशेषज्ञों ने चिंता जताते हुए कहा, AI और आधुनिक प्रशिक्षण के बिना नर्सिंग शिक्षा अधूरी है.

12-May-2026

भारत के फार्मा-हेल्थकेयर डील्स Q1FY26 में स्थिर, 1.9 अरब डॉलर पर टिकी गतिविधि

Grant Thornton Bharat की रिपोर्ट के अनुसार, भारत का हेल्थकेयर डील मार्केट स्थिर तो है लेकिन सतर्क मोड में आगे बढ़ रहा है. निवेशक अब बड़े सौदों की बजाय डिजिटल हेल्थ, हेल्थटेक और मिड-मार्केट कंपनियों पर फोकस कर रहे हैं.

29-April-2026

देवेंद्र फडणवीस का शिरपुर को तोहफा, 1200 बेड के अस्पताल और 40,000 करोड़ निवेश से विकास को रफ्तार

यह अत्याधुनिक अस्पताल श्री विले पार्ले केलावणी मंडल (SVKM) द्वारा विकसित किया गया है. इसे एक क्षेत्रीय हेल्थकेयर हब के रूप में स्थापित किया जा रहा है, जो महाराष्ट्र के साथ-साथ पड़ोसी राज्यों मध्य प्रदेश और गुजरात के मरीजों को भी सेवाएं देगा.

26-April-2026

काइंडनेस प्रैक्टिस फाउंडेशन ने एसोसिएशन फॉर वूमन इन हेल्थकेयर की शुरुआत की

इस एसोसिएशन का उद्देश्य गैर-संचारी रोगों (NCDs) और पर्यावरणीय स्वास्थ्य से निपटना है.

17-March-2026


बड़ी खबरें

IPO बाजार में हलचल: AGS Health समेत 4 कंपनियों को SEBI की मंजूरी

AGS Health और PGP Glass मिलकर करीब ₹8,600 करोड़ जुटाने की तैयारी में हैं. वहीं, Jio Platforms के संभावित मेगा IPO ने भी बाजार की उत्सुकता बढ़ा दी है.

11 hours ago

IPL सट्टेबाजी से Nasdaq तक: महादेव के पैसे का वैश्विक सफर

महादेव के काले अरबों रुपये वैश्विक वित्तीय प्रणाली के हर प्रहरी को चकमा देने में सफल रहे.

11 hours ago

RBI के विदेशी मुद्रा भंडार में बड़ी कमी, एक हफ्ते में निकले 10 अरब डॉलर

एक सप्ताह में करीब 10 अरब डॉलर घटा भारत का फॉरेक्स रिजर्व, गोल्ड रिजर्व की वैल्यू में 10.75 अरब डॉलर की कमी; विदेशी मुद्रा आस्तियों में हालांकि बढ़ोतरी दर्ज

14 hours ago

इनोवेशन का मूल्यांकन उसके प्रभाव से होना चाहिए, वैल्यूएशन से नहीं: डॉ. प्रफुल आर. नाइक

आविष्कारक, उद्यमी और प्रौद्योगिकी विशेषज्ञ डॉ. प्रफुल रामचंद्र नाइक ने BW Businessworld से विशेष बातचीत में पेटेंट, भारत के नवाचार पारिस्थितिकी तंत्र, स्वच्छ प्रौद्योगिकी और भविष्य में स्थिरता व मानव कल्याण की बढ़ती भूमिका पर अपने विचार साझा किए.

12 hours ago

Gen Z और छोटे शहरों ने बदली ब्यूटी मार्केट की तस्वीर, फ्लिपकार्ट की बिक्री 50% बढ़ी

रिपोर्ट के अनुसार भारतीय उपभोक्ता अब वैज्ञानिक रूप से विकसित स्किनकेयर उत्पादों, प्रीमियम ब्यूटी ब्रांड्स और वैश्विक ट्रेंड्स से प्रेरित उत्पादों पर अधिक खर्च कर रहे हैं.

14 hours ago