होम / बातें साहित्य की / निरंतर बढ़ रही है बिजनेस की दुनिया में 'हिंदी' भाषा की सक्रियता

निरंतर बढ़ रही है बिजनेस की दुनिया में 'हिंदी' भाषा की सक्रियता

कुछ अंग्रेजी के दबाव व कुछ अंतर्विरोधों के कारण हिंदी कुछ समय के लिए दबी जरूर रही लेकिन अब हिंदी की स्थिति लगातार बहुत अच्छी होती जा रही है. 

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 2 years ago

सीमाराम गुप्‍ता मन द्वारा उपचार’ पुस्‍तक के लेखक और कई भाषाओं के जानकार 

कहा जाता है कि आवश्यकता आविष्कार की जननी होती है. यदि किसी चीज की आवश्यकता ही नहीं होगी तो उसका आविष्कार भी नहीं होगा और आविष्कार हो गया तो वो व्यर्थ जाएगा. समाज को उसका कोई लाभ नहीं होगा. इसी आवश्यकता के अंतर्गत दुनिया में अनेक भाषाओं और भाषा शैलियों का विकास हुआ और अब भी हो रहा है. व्यावसायिक दृष्टि से ये और भी महत्त्वपूर्ण है. यदि हिंदी के संदर्भ में देखें तो यह आज पहले से अधिक महत्त्वपूर्ण व प्रासंगिक हो गया है जिसकी उपेक्षा असंभव है. हिंदी का विकास किसी विवशता के कारण नहीं हुआ. यह स्वाभाविक रूप से स्वतः विकसित एक महत्त्वपूर्ण भाषा है. जब किसी आवश्यकता के लिए किन्हीं नई भाषाओं अथवा भाषा शैलियों का विकास संभव है तो ऐसे में हिंदी जैसी स्थापित भाषा की स्थिति तो पहले से ही अत्यंत सुदृढ़ है.

हिंदी सिर्फ व्‍यवहार की नहीं, बल्कि व्‍यापार की भी भाषा बन चुकी है
कुछ अंग्रेजी के दबाव व कुछ अंतर्विरोधों के कारण हिंदी कुछ समय के लिए दबी जरूर रही लेकिन अब हिंदी की स्थिति लगातार बहुत अच्छी होती जा रही है. यह भारतीय संस्कृति व हिंदी साहित्य के साथ-साथ विश्व व्यापार की भाषा भी बन चुकी है. आज भारत विश्व का सबसे अधिक आबादी वाला देश बन चुका है. दुनिया के इस सबसे अधिक आबादी वाले देश में हिंदी न केवल सबसे अधिक लोगों द्वारा व्यवहार में लाई जाती है अपितु आपसी संपर्क की भी एकमात्र भाषा है. इसलिए स्वाभाविक रूप से हिंदी का बहुत अधिक महत्त्व है. जब भारत विश्व का सबसे अधिक आबादी वाला देश है तो विश्व व्यापार की दृष्टि से भी बहुत अधिक महत्त्वपूर्ण हो जाता है. इससे देश की प्रमुख भाषा हिंदी की उपयोगिता स्वतः बढ़ जाती है.

पूरी दुनिया के कारोबारी हिंदी सीखने को उत्‍सुक हैं
भारत एक बड़ा उपभोक्ता और उत्पादक देश है. अपने व्यक्तिगत स्वार्थ और लाभ के लिए ही सही लेकिन दुनिया के लोग हिंदी को महत्त्व देने लगे हैं जो हिंदी के अधिकाधिक विकास के लिए एक अच्छा अवसर है. हिंदी के विकास के लिए इस अवसर का लाभ उठाना अनुचित नहीं होगा. जिस प्रकार से पिछले एक-डेढ़ दशकों में चीन से सामान लाने वाले व्यापारियों ने चीनी भाषा सीखने और व्यवहार में लाने के प्रयास किए हैं उसी प्रकार से आज पूरी दुनिया के लोग हिंदी सीखने और उसे व्यावहार में लाने के लिए उत्सुक हैं. यदि हिंदी सीखने के लिए इन व्यक्तियों की मदद की जाए तो हिंदी के विकास के लिए ये एक महत्त्वपूर्ण कदम होगा. इससे हिंदी में क्रांतिकारी परिवर्तन हो सकते हैं. आज व्यापार में हिंदी का प्रयोग बढ़ रहा है. व्यापार में ही नहीं अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भी हिंदी का प्रयोग दुनिया की अन्य भाषाओं की तरह ही किया जा रहा है.

विज्ञापन की दुनिया में हिंदी का है एकाधिकार 
संयुक्त राष्ट्र संघ में हिंदी के प्रयोग का बीजारोपण बहुत पहले ही हो चुका है. हमारे देश के प्रधानमंत्री दुनिया में जहां भी जाते हैं हिंदी भाषा ही व्यवहार में लाने का प्रयास करते हैं जो हिंदी की प्रतिष्ठा बढ़ाने के साथ-साथ इसे वैश्विक स्तर पर स्वीकृति दिलवाने के लिए भी महत्त्वपूर्ण है. जी-20 में जिस स्तर पर हिंदी का प्रयोग किया गया वह हिंदी को व्यवसायिक जगत में महत्त्व दिलाने के लिए पर्याप्त होगा. विज्ञापन व्यावसायिक जगत का महत्त्वपूर्ण तत्त्व है. विज्ञापन जगत की बात करें तो भारत में हिंदी का एकाधिकार स्थापित हो चुका है. देश-दुनिया के सभी उत्पादों को हम हिंदी में जान सकते हैं. इससे उत्पादों को बड़ा बाज़ार मिलने के साथ-साथ हिंदी का विकास भी हो रहा है. हिंदी की व्यावसयिक जगत में पहुंच बढ़ रही है. हम कह सकते हैं कि व्यावसायिक जगत में हिंदी की सक्रियता व वर्चस्व निरंतर नई ऊंचाइयों को छू रहे हैं. यह हिंदी भाषा और व्यावसायिक जगत दोनों के लिए प्रसन्नता की बात है.


टैग्स
सम्बंधित खबरें

वरिष्ठ पत्रकार आलोक मेहता की नई किताब ‘Revolutionary Raj’ आज होगी लॉन्च, मोदी के 25 साल के सफर की तस्वीरें और विश्लेषण

यह किताब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पिछले 25 वर्षों के राजनीतिक और सार्वजनिक जीवन को तस्वीरों और विश्लेषण के साथ प्रस्तुत करती है.

21-February-2026

Rupa Publications ने 'Case for Ram' नामक नई किताब के विमोचन की घोषणा की

किताब में धर्म, कानून और समाज के संगम को दर्शाया गया; बताई गई वह कानूनी यात्रा जो सुप्रीम कोर्ट के ऐतिहासिक फैसले तक पहुंची

29-September-2025

Westland Books ने प्रोफेसर प्रतीक राज की नई किताब "Atypical" के रिलीज की घोषणा की

यह किताब मैनेजमेंट के रणनीति (Strategy) विषय पर आधारित है और बिज़नेस की जरूरतों को समझने के लिए एक मजबूत सिद्धांतिक ढांचा (Theoretical Framework) प्रस्तुत करती है.

19-February-2025

स्मृति शेष- दिल्ली में मालवा की धड़कन और खुशबू की तरह महकते थे डॉ. हरीश भल्ला!

दिल्ला के सांस्कृतिक सम्राट डॉ. हरीश भल्ला का 10 जनवरी 2025 को निधन हो गया. ‘इंडिया न्यूज’ चैनल पर हरीश भल्ला का शो ‘एक कहानी विद डॉ. हरीश भल्ला काफी लोकप्रिय था.

25-January-2025

 'India’s Green Startups' : जलवायु संकट के समाधान में नवाचार और उद्यमिता की भूमिका

पूर्व केंद्रीय वित्त और नागरिक उड्डयन राज्य मंत्री जयंत सिन्हा और संदीप भामर द्वारा लिखित 'India’s Green Startups' भारत के ग्रीन नवाचार पारिस्थितिकी तंत्र पर एक गहरी नजर डालती है.

22-January-2025


बड़ी खबरें

सिटी का बड़ा अलर्ट: भारत “अंडरवेट”, निफ्टी में 11.7% अपसाइड का अनुमान

सिटी ने कुछ सेक्टर्स पर सकारात्मक रुख बनाए रखा है, जिनमें बैंकिंग, टेलीकॉम, डिफेंस और फार्मास्युटिकल्स शामिल हैं. वहीं, कंज्यूमर डिस्क्रेशनरी, कंज्यूमर स्टेपल्स और आईटी सर्विसेज पर अंडरवेट रेटिंग दी गई है.

19 hours ago

अनिल अंबानी की कंपनियों पर शिकंजा,सीबीआई ने मुंबई में 17 ठिकानों पर की छापेमारी

सीबीआई ने सार्वजनिक क्षेत्र के विभिन्न बैंकों और LIC की शिकायतों के आधार पर रिलायंस ग्रुप के खिलाफ अब तक सात मामले दर्ज किए हैं. इन मामलों में हजारों करोड़ रुपये की कथित धोखाधड़ी का आरोप है.

16 hours ago

ईडी का बड़ा एक्शन: फर्जी GST बिल मामले में पंजाब सरकार के मंत्री संजीव अरोड़ा गिरफ्तार

सूत्रों के अनुसार यह कार्रवाई कथित फर्जी GST खरीद, मनी लॉन्ड्रिंग और निर्यात से जुड़े वित्तीय लेनदेन की जांच के तहत की गई.

16 hours ago

पश्चिम बंगाल में नया राजनीतिक युग शुरू, शुभेंदु अधिकारी ने ली मुख्यमंत्री पद की शपथ

शुभेंदु अधिकारी के मुख्यमंत्री बनने के साथ पश्चिम बंगाल की राजनीति में एक नया अध्याय शुरू हो गया है.

23 hours ago

बंगाल एक ब्रांड: नवयुग, आत्मविश्वास और नियति का जनादेश

इस लेख में डॉ. अनुराग बत्रा बताते हैं कि कैसे हालिया बंगाल विधानसभा चुनाव केवल राजनीति से परे एक जनादेश था.

21 hours ago