होम / बिजनेस / Truhome Finance को 3,000 करोड़ रुपये के आईपीओ के लिए सेबी की मंजूरी

Truhome Finance को 3,000 करोड़ रुपये के आईपीओ के लिए सेबी की मंजूरी

कंपनी के कुल एयूएम में 57.37 प्रतिशत हिस्सा हाउसिंग लोन का है, जबकि 39.22 प्रतिशत हिस्सा लोन अगेंस्ट प्रॉपर्टी का है. अन्य ऋण उत्पादों की हिस्सेदारी 3.41 प्रतिशत है.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 1 hour ago

ट्रूहोम फाइनेंस लिमिटेड (Truhome Finance- पूर्व में श्रीराम हाउसिंग फाइनेंस लिमिटेड) को अपने प्रस्तावित 3,000 करोड़ रुपये के आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) के लिए भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (SEBI) से मंजूरी मिल गई है. कंपनी के 3,000 करोड़ रुपये के आईपीओ में 1,500 करोड़ रुपये के इक्विटी शेयरों का नया निर्गम और 1,500 करोड़ रुपये का ऑफर फॉर सेल (OFS) शामिल है. प्रमोटर शेयरधारक मैंगो क्रेस्ट इन्वेस्टमेंट लिमिटेड द्वारा 1,500 करोड़ रुपये के इक्विटी शेयरों की बिक्री की जाएगी.

कंपनी ने कहा कि आईपीओ से प्राप्त शुद्ध आय का उपयोग पूंजी आधार को मजबूत करने, भविष्य की पूंजी आवश्यकताओं को पूरा करने, सामान्य कॉर्पोरेट उद्देश्यों और ऋण वितरण को बढ़ाने के लिए किया जाएगा. इसके अलावा, यह राशि भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा निर्धारित पूंजी पर्याप्तता संबंधी मानकों का पालन सुनिश्चित करने में भी उपयोग होगी. कंपनी वित्त वर्ष 2027 और 2028 के दौरान इन निधियों का उपयोग करेगी.

साल 2010 में स्थापित ट्रूहोम फाइनेंस एक खुदरा-केंद्रित किफायती आवास वित्त कंपनी है. पहले यह श्रीराम फाइनेंस लिमिटेड की पूर्ण स्वामित्व वाली सहायक कंपनी श्रीराम हाउसिंग फाइनेंस लिमिटेड के नाम से जानी जाती थी. दिसंबर 2024 में न्यूयॉर्क स्थित वैश्विक प्राइवेट इक्विटी फर्म वारबर्ग पिंकस ने इसका अधिग्रहण किया था.

कंपनी हाउसिंग लोन, प्रॉपर्टी के विरुद्ध ऋण और अन्य सुरक्षित ऋण उत्पादों की व्यापक श्रृंखला उपलब्ध कराती है. 31 दिसंबर 2025 तक इसका औसत टिकट आकार 21.3 लाख रुपये था. कंपनी मुख्य रूप से स्वरोजगार करने वाले ग्राहकों को लक्षित करती है और 19 राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों में फैली 216 शाखाओं के नेटवर्क के माध्यम से सेवाएं प्रदान करती है.

भौगोलिक रूप से विविध पोर्टफोलियो

31 दिसंबर 2025 तक कंपनी के कुल प्रबंधनाधीन परिसंपत्तियों (एयूएम) में किसी भी एक राज्य की हिस्सेदारी 18 प्रतिशत से अधिक नहीं थी. महाराष्ट्र, गुजरात और तमिलनाडु कंपनी के सबसे बड़े बाजार हैं, जिनकी संयुक्त हिस्सेदारी 49.70 प्रतिशत रही.

कंपनी 1.10 लाख से अधिक ग्राहकों को सेवाएं दे चुकी है. इसके कुल एयूएम में 76.96 प्रतिशत योगदान स्वरोजगार करने वाले ग्राहकों का है. इसके अलावा, 85.32 प्रतिशत एयूएम ऐसे ग्राहकों से संबंधित है जिनका सिबिल स्कोर 700 या उससे अधिक है. वहीं, 94.78 प्रतिशत ऋणों में महिलाएं आवेदक या सह-आवेदक के रूप में शामिल हैं.

देश की तीसरी सबसे बड़ी किफायती हाउसिंग फाइनेंस कंपनी

31 दिसंबर 2025 तक 21,124.32 करोड़ रुपये के एयूएम के साथ ट्रूहोम फाइनेंस भारत की तीसरी सबसे बड़ी किफायती हाउसिंग फाइनेंस कंपनी है. वित्त वर्ष 2023 से 2025 के दौरान 48.58 प्रतिशत की एयूएम सीएजीआर के साथ यह सबसे तेजी से बढ़ने वाली कंपनियों में शामिल रही है. कंपनी के कुल एयूएम में 57.37 प्रतिशत हिस्सा हाउसिंग लोन का है, जबकि 39.22 प्रतिशत हिस्सा लोन अगेंस्ट प्रॉपर्टी का है. अन्य ऋण उत्पादों की हिस्सेदारी 3.41 प्रतिशत है.

ऋण वितरण और परिसंपत्ति गुणवत्ता मजबूत

वित्त वर्ष 2026 के पहले नौ महीनों में कंपनी ने 6,382.45 करोड़ रुपये के ऋण वितरित किए. इस अवधि में कंपनी की ग्रॉस स्टेज-3 परिसंपत्तियां 1.60 प्रतिशत और नेट स्टेज-3 परिसंपत्तियां 1.09 प्रतिशत रहीं. 30 दिन से अधिक की देयता (डीपीडी) 3.15 प्रतिशत दर्ज की गई.

कंपनी का सोर्सिंग नेटवर्क 3,000 से अधिक इन-हाउस बिक्री कर्मियों, 6,600 कनेक्टर्स और 821 डीएसए पर आधारित है. 31 दिसंबर 2025 तक कंपनी ने 48 ऋणदाताओं से फंड जुटाया, जिनमें सार्वजनिक और निजी क्षेत्र के बैंक, विदेशी बैंक तथा वित्तीय संस्थान शामिल हैं.

मुनाफे में मजबूत वृद्धि

दिसंबर 2025 तक समाप्त नौ महीनों में कंपनी का कर पश्चात लाभ (पीएटी) 333.53 करोड़ रुपये रहा. इस अवधि में परिसंपत्तियों पर प्रतिफल (आरओए) 2.66 प्रतिशत और इक्विटी पर प्रतिफल (आरओई) 11.62 प्रतिशत रहा.

कंपनी की कुल आय वित्त वर्ष 2023 में 780.50 करोड़ रुपये से बढ़कर वित्त वर्ष 2025 में 1,905.48 करोड़ रुपये हो गई. वहीं, कर पश्चात लाभ 137.75 करोड़ रुपये से बढ़कर 286.24 करोड़ रुपये तक पहुंच गया.

हाल ही में कंपनी ने भारतीय स्टेट बैंक के पूर्व अध्यक्ष दिनेश कुमार खारा को पांच वर्ष के लिए अपना नया चेयरपर्सन नियुक्त किया है. कंपनी का नेतृत्व प्रबंध निदेशक एवं मुख्य कार्यपालक अधिकारी रवि सुब्रमणियन कर रहे हैं, जिन्हें वित्तीय सेवाओं के क्षेत्र में 30 वर्षों से अधिक का अनुभव है.

जेएम फाइनेंशियल लिमिटेड, आईआईएफएल कैपिटल सर्विसेज लिमिटेड, जेफरीज इंडिया प्राइवेट लिमिटेड और कोटक महिंद्रा कैपिटल कंपनी लिमिटेड इस आईपीओ के बुक रनिंग लीड मैनेजर हैं.
 


टैग्स
सम्बंधित खबरें

सीएम विजय का बड़ा दांव, ₹1 लाख करोड़ के निवेश से तमिलनाडु में 93 हजार नौकरियां

विजय सरकार ने वर्ष 2035 तक तमिलनाडु को 1.5 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने का लक्ष्य रखा है. इसी दिशा में शुरुआती महीनों में कई बड़े निवेश समझौते किए गए हैं.

2 hours ago

देश और अर्थव्यवस्था को लेकर आश्वस्त हैं शहरी भारतीय, इप्सोस रिपोर्ट में सामने आई सकारात्मक तस्वीर

रिपोर्ट के अनुसार, भारत में लोगों की प्रमुख चिंताओं में बेरोजगारी, वित्तीय और राजनीतिक भ्रष्टाचार, अपराध और हिंसा, शिक्षा, गरीबी तथा सामाजिक असमानता शामिल हैं.

4 hours ago

ऋषिकेश में शुरू होगा पहला कॉन्ट्रास्ट थेरेपी सर्किट

यह ऋषिकेश का पहला समर्पित कॉन्ट्रास्ट थेरेपी सर्किट होगा, जिसमें सॉना, आइस बाथ और गर्म पानी के पूल का अनुभव एक क्रमबद्ध थर्मल यात्रा के रूप में दिया जाएगा.

5 hours ago

100% के दावे पर CCPA का सख्त एक्शन, दो फूड कंपनियों पर 1-1 लाख रुपये का जुर्माना

CCPA ने स्टोरिया फूड्स के उन विज्ञापनों का स्वतः संज्ञान लिया, जिनमें '100% टेंडर कोकोनट वॉटर' और '100% अनार', '100% आम', '100% मिक्स्ड फ्रूट' जैसे दावे किए गए थे.

5 hours ago

अमेरिका में बढ़ा भारत में बने स्मार्टफोन का दबदबा, Apple के दम पर 47% उछला निर्यात

भारत में तेजी से बढ़ता विनिर्माण आधार और अमेरिका में बढ़ती मांग इस बात का संकेत हैं कि आने वाले वर्षों में देश वैश्विक स्मार्टफोन सप्लाई चेन में और मजबूत भूमिका निभा सकता है

8 hours ago


बड़ी खबरें

₹860 करोड़ का कोहिनूर सौदा, राज ठाकरे की चुप्पी

एक राजनेता एक रियल एस्टेट सौदे में प्रवेश करता है. एक सरकारी संस्था से जुड़ी वित्तीय कंपनी ₹225 करोड़ का निवेश करती है. फिर वही संस्था ₹135 करोड़ के नुकसान के साथ उस सौदे से बाहर निकलती है.

1 hour ago

मिडिल ईस्ट प्रैक्टिस के लिए प्राइमस पार्टनर्स ने मोहन दोईफोडे को बनाया MD

पूर्व डेलॉइट कंसल्टिंग लीडर GCC क्षेत्र में कंपनी के विस्तार और क्लाइंट संबंधों को देंगे नई दिशा

1 hour ago

GDP से आगे: क्यों भारत की प्रगति का पैमाना सिर्फ आर्थिक वृद्धि नहीं, बल्कि खुशहाली और जीवन गुणवत्ता भी होना चाहिए

पूर्व उत्तर प्रदेश मुख्य सचिव और लेखक आलोक रंजन का मानना है कि भारत की विकास यात्रा को केवल आर्थिक उत्पादन तक सीमित नहीं रहना चाहिए. उनके अनुसार, खुशहाली, जीवन की गुणवत्ता, शिक्षा, स्वास्थ्य और समावेशी विकास को भी प्रगति का महत्वपूर्ण पैमाना बनाया जाना चाहिए.

6 hours ago

Truhome Finance को 3,000 करोड़ रुपये के आईपीओ के लिए सेबी की मंजूरी

कंपनी के कुल एयूएम में 57.37 प्रतिशत हिस्सा हाउसिंग लोन का है, जबकि 39.22 प्रतिशत हिस्सा लोन अगेंस्ट प्रॉपर्टी का है. अन्य ऋण उत्पादों की हिस्सेदारी 3.41 प्रतिशत है.

1 hour ago

दुनिया ने बनाया युवा संस्कृति का संग्रहालय, भारत को चाहिए ऐसे दर्जनों संग्रहालय

इस संग्रहालय को अलग बनाने वाली बात इसकी वस्तुओं को संग्रहित करने की सोच है. टीम अपने दृष्टिकोण को "बॉटम-अप क्यूरेशन" कहती है, जिसे जानबूझकर हस्तनिर्मित रखा गया है.

2 hours ago