होम / BW क्लास / लार्जकैप, मिडकैप और स्मॉलकैप कंपनियां क्या होती हैं, आसान भाषा में समझिए

लार्जकैप, मिडकैप और स्मॉलकैप कंपनियां क्या होती हैं, आसान भाषा में समझिए

कोई कंपनी कब लार्जकैप, कब मिडकैप और कब स्मॉलकैप कही जाएगी, इंटरनेट पर इसे लेकर कई तरह की परिभाषाएं हैं, SEBI ने इसकी तस्वीर साफ की है.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 3 years ago

मुंबई: हम शेयर बाजार में स्मॉलकैप, मिडकैप और लार्जकैप शेयरों के बारे में सुनते रहते हैं. आखिर ये क्या होते हैं, ये कैसे तय होता है कौन सा शेयर शेयर स्मॉल कैप है या लार्ज कैप, चलिए समझते हैं. 

मार्केटकैप क्या होता है?

आगे बढ़ने से पहले सबसे पहले आपको किसी कंपनी के मार्केट कैप के समझना होगा. किसी कंपनी का मार्केट कैप निकालने के लिए उसके एक शेयर का प्राइस और कुल शेयरों की संख्या को गुणा करके जो भी आएगा उसे मार्केट कैप कहते हैं. 

जैसे - मान लीजिए किसी कंपनी ABC Ltd. के एक शेयर की कीमत 100 रुपये है, और उस कंपनी के पास कुल 20 करोड़ शेयर हैं. तो कंपनी का मार्केट कैप होगा 100x20 करोड़ = 2000 करोड़ रुपये.  

कोई कंपनी कब लार्जकैप, कब मिडकैप और कब स्मॉलकैप कही जाएगी, इंटरनेट पर इसे लेकर कई तरह की परिभाषाएं हैं, कहीं लिखा है कि 10,000 करोड़ रुपये से ज्यादा की मार्केट कैप वाली कंपनी लार्जकैप है, तो कहीं 2 हजार करोड़ लिखा मिलेगा, इसी तरह मिडकैप और स्मॉलकैप के लिए भी अलग अलग मार्केटकैप बताया गया है. अब इस कंफ्यूजन को दूर करने के लिए मार्केट रेगुलेटर सेबी ने 6 अक्टूबर 2017 को स्मॉलकैप, मिडकैप और लार्जकैप स्टॉक को परिभाषित किया था. सेबी ने सभी लिस्टेड कंपनियों को उनके मार्केट कैप के हिसाब से बांट दिया. सेबी के मुताबिक मार्केट कैप के हिसाब से टॉप 1 से 100 तक की कंपनियों को लार्ज कैप कहा जाएगा, टॉप 101 से लेकर 250 तक की कंपनियों को मिडकैप और इसके बाद 251 से नीचे वाली कंपनियों को मिडकैप कंपनियां कहा जाएगा. 

टॉप 1-100 कंपनियां           - लार्जकैप 
टॉप 101-250 कंपनियां        - मिडकैप
251 और उसके बाद           -  स्मॉलकैप 

इन तीनों कैप वाली कंपनियों की लिस्ट निफ्टी की वेबसाइट पर मौजूद है, जैसे लार्जकैप स्टॉक्स की पूरी लिस्ट NIFTY 100 इंडेक्स में मिल जाएगी, मिडकैप स्टॉक्स की पूरी लिस्ट NIFTY MIDCAP 150 इंडेक्स में मिल जाएगी और स्मॉलकैप इंडेक्स की पूरी लिस्ट आपको NIFTY SMALLCAP 250 इंडेक्स में मिल जाएगी. 

लार्जकैप स्टॉक क्या होते हैं 
इन कंपनियों को ब्लू चिप कंपनियां भी कहा जाता है, ये कंपनियां काफी बड़ी होती है, इसलिए ये ज्यादा रिटर्न नहीं दे पाती हैं, क्योंकि इनके लिए नए बिजनेस खोजना और विस्तार करना थोड़ा मुश्किल होता है, लेकिन इन कंपनियों के शेयरों में रिस्क बहुत कम होता है, क्योंकि इन कंपनियों के डूबने या बर्बाद होने के चांस कम होते हैं. Reliance, TCS, Infosys और HDFC जैसी कंपनियां लार्जकैप कंपनियां हैं. NSE पर कुल मार्केट कैप में लार्जकैप कंपनियों का हिस्सा 76 परसेंट से भी ज्यादा है. यानी बाकी के 25 परसेंट में मिडकैप और स्मॉलकैप कंपनियों का मार्केटकैप है. 

मिडकैप स्टॉक क्या होते हैं 
मिडकैप शेयरों में रिटर्न और रिस्क दोनों ही लार्जकैप के मुकाबले ज्यादा होते हैं, ये कंपनियां आगे बढ़ना चाहती हैं, विस्तार करना चाहती हैं इसलिए इसमें रिटर्न ज्यादा होता है. लेकिन ये कंपनियां साइज में छोटी होती हैं तो इनके बिजनेस पर असर पड़ने का भी खतरा ज्यादा रहता है. NSE के कुल मार्केट कैप में NIFTY Midcap 150 Index कुल हिस्सा 12.9% है. 

स्मॉलकैप स्टॉक क्या होते हैं 
इसमें रिटर्न और रिस्क दोनों ही मिडकैप और लार्जकैप से काफी ज्यादा होता है. ये वो कंपनियां होती हैं जिन्होंने अपना कारोबार नया-नया शुरू किया होता है, इसलिए इनके तेजी से बढ़ने की संभावना भी ज्यादा रहती है जिससे रिटर्न भी काफी ऊंचा रहता है, लेकिन अगर कोई कंपनी आगे नहीं बढ़ पाई और बिजनेस में उसको नुकसान हो गया तो उसके डूबने का खतरा भी ज्यादा रहता है. इसलिए रिस्क भी ज्यादा होता है. NSE की कुल मार्केट कैप में NIFTY Smallcap 250 Index का हिस्सा 6.4% है. 

VIDEO: फेस्टिव सीजन में और महंगा होगा आटा, गेहूं की कीमतों में हुई बढ़ोतरी

 


टैग्स  
सम्बंधित खबरें

क्या है Digital Arrest जिसको लेकर PM Modi ने जताई चिंता, कैसे इससे बचा जा सकता है?

ऑनलाइन फ्रॉड के खतरे के बीच आजकल डिजिटल अरेस्ट के मामले लगातार तेजी से बढ़ रहे हैं जिसमें लोग मिनटों में अपनी जीवन की जमा-पूंजी गंवा दे रहे हैं.

28-October-2024

क्या है BRICS करेंसी जिसको बताया जा रहा डॉलर का विकल्प, ऐसा हुआ तो क्या होगा बदलाव?

दुनिया की इन 3 महाशक्तियों के अलावा ब्रिक्‍स समूह में शामिल 7 अन्‍य देशों ने आपसी व्‍यापार में स्‍थानीय मुद्रा के इस्‍तेमाल पर सहमति जताई.

25-October-2024

BW Class: क्या होता है फ्रंट रनिंग, जिसके फेर में फंस गईं फिर कुछ कंपनियां?

फ्रंट रनिंग घोटाले में तीन कंपनियों के शामिल होने का दावा किया जा रहा है. इन कंपनियों के नाम आदित्य बिड़ला सन लाइफ AMC, फर्स्टक्राई और PNB हाउसिंग फाइनेंस हैं.

09-September-2024

BW Class: आखिर क्या होता है FPO और IPO? दोनों में क्या है अंतर? यहां जानें सब कुछ

क्या आप जानते हैं कि FPO और IPO क्या होता है और कोई कंपनी इसे क्यों लेकर आती है? साथ ही, FPO और इनीशियल पब्लिक ऑफरिंग (IPO) में फर्क क्या है? आइए आज इसी को समझते हैं.

13-April-2024

BW Class: UPI जानते हैं, PPI के बारे में पता है कुछ. इसका कैसे होता है इस्‍तेमाल?

RBI द्वारा थर्ड-पार्टी यूपीआई ऐप्स को पीपीआई से लिंक करने का प्रस्ताव दिया गया है. यूपीआई ट्रांजैक्शन के बारे में तो सब जानते लेकिन PPI के बारे में काफी कम लोगों को जानकारी होती है.

06-April-2024


बड़ी खबरें

ग्रोसरी बाजार में बड़ी एंट्री, मीशो ने 202 करोड़ रुपये में खरीदा किराना क्लब

कंपनी का मानना है कि यह सौदा उसे विभिन्न रिटेल सेगमेंट्स में अपने B2B कारोबार का विस्तार करने में मदद करेगा.

4 hours ago

अब UPI और ATM से निकाल सकेंगे PF का पैसा, जून के अंत तक शुरू हो सकती है नई सुविधा

नई व्यवस्था लागू होने के बाद सदस्य क्लेम की स्वीकृत राशि सीधे अपने बैंक खाते में प्राप्त कर सकेंगे और फिर जरूरत पड़ने पर ATM से नकदी निकाल सकेंगे.

2 hours ago

सरकारी खजाना हुआ मालामाल, डायरेक्ट टैक्स कलेक्शन 5.21 लाख करोड़ रुपये के पार

सरकार ने इस अवधि के दौरान करदाताओं को 89,026 करोड़ रुपये का टैक्स रिफंड जारी किया, जो पिछले वर्ष की तुलना में 1.19 प्रतिशत अधिक है. इसके बावजूद शुद्ध कर संग्रह में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई.

3 hours ago

NEET-UG री-एग्जाम से पहले टेलीग्राम पर रोक बरकरार, दिल्ली हाईकोर्ट ने केंद्र सरकार के फैसले को दी मंजूरी

NEET-UG 2026 की पुनर्परीक्षा 21 जून को प्रस्तावित है. ऐसे में सरकार ने किसी भी संभावित पेपर लीक या परीक्षा संबंधी अनियमितता को रोकने के लिए टेलीग्राम पर अस्थायी रोक लगाने का फैसला किया था. यह प्रतिबंध 22 जून तक लागू रहेगा.

4 hours ago

भारत फोर्ज की अमेरिकी रक्षा कंपनी से बड़ी डील, मिलकर बनाएंगी 155mm मोबाइल तोप

फ्रांस की राजधानी पेरिस में आयोजित यूरोसैटरी डिफेंस एक्सपो के दौरान इस साझेदारी पर मुहर लगी. समझौते का उद्देश्य दुनियाभर की सेनाओं के लिए अत्याधुनिक 155mm मोबाइल आर्टिलरी प्लेटफॉर्म उपलब्ध कराना है.

6 hours ago