होम / पर्सनल फाइनेंस / PGIM इंडिया का नया मल्टी एसेट फंड लॉन्च: इक्विटी, डेट और गोल्ड-चांदी में संतुलित निवेश का अवसर

PGIM इंडिया का नया मल्टी एसेट फंड लॉन्च: इक्विटी, डेट और गोल्ड-चांदी में संतुलित निवेश का अवसर

पीजीआईएम इंडिया का यह नया मल्टी एसेट एलोकेशन फंड उन निवेशकों के लिए उपयुक्त है जो लॉन्ग टर्म ग्रोथ के साथ रिस्क कंट्रोल चाहते हैं. विभिन्न एसेट क्लास में संतुलित निवेश का यह अवसर निवेशकों को स्थिरता, टैक्स लाभ और बेहतर रिटर्न की दिशा में ले जा सकता है.

रितु राणा 10 months ago

म्युचुअल फंड्स (MF) मे निवेश करने वाले निवेशकों के लिए अच्छी खबर है. पीजीआईएम इंडिया एसेट मैनेजमेंट प्राइवेट लिमिटेड (PGIM India Asset Management Pvt Ltd) ने अपना नया फंड ऑफर (NFO) पीजीआईएम इंडिया मल्टी एसेट एलोकेशन फंड (MAAF) लॉन्च कर दिया है. यह एक ओपन-एंडेड योजना है, जिसका उद्देश्य लंबे समय में निवेशकों की संपत्ति में स्थिर वृद्धि सुनिश्चित करना है. यह एनएफओ 11 नवंबर से 25 नवंबर 2025 तक सब्सक्रिप्शन के लिए खुला रहेगा. इसके बाद यह 3 दिसंबर 2025 से दोबारा निवेश के लिए उपलब्ध होगा. तो आइए इसके बारे में विस्तार से जानते हैं?

निवेश की विविधता: एक फंड, कई अवसर

इस फंड के जरिए निवेशकों को इक्विटी (Equity), डेट (Debt), गोल्ड ETF, सिल्वर ETF, REITs और InvITs जैसे कई एसेट क्लास में निवेश करने का मौका मिलेगा. फंड का पोर्टफोलियो बाजार के उतार-चढ़ाव के हिसाब से इन एसेट क्लास के बीच संतुलन बनाए रखेगा. कंपनी के सीईओ अभिषेक तिवारी ने कहा, “यह फंड निवेशकों को बाजार की अनिश्चितता से बाहर निकलने में मदद करेगा और साथ ही अलग-अलग एसेट क्लास में मौजूद अवसरों का फायदा उठाने देगा. डाइवर्सिफिकेशन यानी अलग-अलग जगह निवेश करना ही निवेश की असली सुरक्षा है.”

उतार-चढ़ाव भरे बाजार में स्थिरता की रणनीति

कंपनी के सीआईओ विनय पहारिया ने कहा, “आज की अनिश्चित दुनिया में मल्टी एसेट एलोकेशन फंड निवेशकों को स्पष्टता, विविधता और लचीलापन देता है. डाइवर्सिफिकेशन अब सिर्फ एक रणनीति नहीं, बल्कि निवेश की जरूरत बन चुका है.” वहीं, सीनियर फंड मैनेजर विवेक शर्मा ने बताया कि यह फंड बाजार में गिरावट के दौर में भी संतुलित प्रदर्शन देने का लक्ष्य रखता है. “इक्विटी, डेट और कमोडिटीज जैसे सोना-चांदी को मिलाकर यह फंड लंबी अवधि में ग्रोथ और सुरक्षा दोनों देने की कोशिश करता है.”

क्यों जरूरी है मल्टी एसेट अप्रोच?

कई निवेशक अक्सर हालिया रिटर्न देखकर फैसले लेते हैं, यानी जहां रिटर्न अच्छा दिखे, वहीं पैसा लगाते हैं. लेकिन यह तरीका लंबे समय में नुकसानदायक साबित हो सकता है. मल्टी एसेट फंड इस समस्या का समाधान देता है. यह बाजार के उतार-चढ़ाव में निवेश को संतुलित रखता है और लॉन्ग टर्म स्ट्रेटजी अपनाने में मदद करता है.

मल्टी एसेट फंड के प्रमुख फायदे

1. विविध प्रदर्शन – अलग-अलग आर्थिक स्थितियों में अलग-अलग एसेट क्लास बेहतर रिटर्न दे सकते हैं.
2. रिस्क बैलेंसिंग – इक्विटी और डेट का मिश्रण पोर्टफोलियो को स्थिर रखता है.
3. सुरक्षा के लिए कीमती धातुएं – सोना-चांदी बाजार में गिरावट के दौरान सुरक्षा कवच का काम करते हैं.
4. रिस्क एडजस्टेड रिटर्न – संतुलित पोर्टफोलियो से स्थिर और बेहतर दीर्घकालिक रिटर्न की संभावना.
5. टैक्स लाभ – यदि इक्विटी में 65% या अधिक निवेश है, तो टैक्स के लिहाज से लाभदायक.
6. भावनात्मक नियंत्रण – प्रोफेशनल फंड मैनेजमेंट के कारण निवेश में जल्दबाजी या भावनात्मक फैसले से बचाव.
7. रणनीतिक निवेश – कीमती धातुओं में निवेश से पोर्टफोलियो की मजबूती बढ़ती है.

फंड की प्रमुख जानकारी

1. बेंचमार्क – निफ्टी 500 TRI (60%), क्रिसिल शॉर्ट टर्म बॉन्ड इंडेक्स (20%), सोना (10%), चांदी (10%).
2. न्यूनतम निवेश – पहली बार: ₹5,000, फिर ₹1 के मल्टीपल में. अतिरिक्त निवेश: ₹1,000 से शुरू.
3. एग्जिट लोड – 90 दिनों के भीतर बेचने पर 0.50%, उसके बाद कोई शुल्क नहीं.
4. विकल्प – IDCW (इनकम डिस्ट्रीब्यूशन/कैपिटल विद्ड्रॉल) और ग्रोथ ऑप्शन.

 


टैग्स
सम्बंधित खबरें

EPFO में बड़ा बदलाव: ₹15,000 से बढ़कर ₹25,000 हुई वेतन सीमा, 51 लाख से ज्यादा नए कर्मचारी जुड़ेंगे

12 साल बाद बढ़ाई गई EPFO की अनिवार्य कवरेज सीमा, 15,000 से 25,000 रुपये तक वेतन पाने वाले कर्मचारियों को मिलेगा सामाजिक सुरक्षा का लाभ

23 hours ago

JioBlackRock का नया Balanced Advantage Fund लॉन्च, इक्विटी-डेट में बदलेगा निवेश आवंटन

नया फंड इक्विटी और डेट के बीच बाजार की परिस्थितियों के अनुसार निवेश का आवंटन बदलेगा. NFO 11 सितंबर को खुला है और 25 सितंबर 2026 को बंद होगा.

1 day ago

60 साल से पहले रिटायरमेंट की चाह बढ़ी, लेकिन लक्ष्य का सिर्फ 28% रिटायरमेंट कॉर्पस तैयार: रिपोर्ट

एक्सिस मैक्स लाइफ की IRIS 6.0 स्टडी के मुताबिक, शहरी भारतीयों ने अपने लक्ष्य रिटायरमेंट कॉर्पस का औसतन सिर्फ 28% जमा किया है.

1 day ago

म्यूचुअल फंड निवेशकों के लिए इस हफ्ते 5 नए NFO, डिफेंस से रियल एस्टेट तक निवेश के विकल्प

15 सितंबर से एचडीएफसी म्यूचुअल फंड, इनवेस्को म्यूचुअल फंड, कोटक म्यूचुअल फंड और टाटा म्यूचुअल फंड के पांच नए फंड ऑफर (NFO) खुलेंगे.

3 days ago

बदलते बाजार में सेक्टर चुनने की टेंशन खत्म! कोटक का नया फंड लॉन्च, 1,000 रुपये से निवेश

नई योजना में अलग-अलग सेक्टर आधारित इक्विटी म्यूचुअल फंड योजनाओं में निवेश किया जाएगा, जरूरत के अनुसार किया जा सकेगा पोर्टफोलियो में बदलाव

6 days ago


बड़ी खबरें

मोदी @76: वडनगर से दिल्ली तक, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संघर्ष, संगठन और नेतृत्व के 25 साल का सफर

17 सितंबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 76 वर्ष के हो गए हैं. उनके जन्मदिन के मौके पर BJP देशभर में महीने भर चलने वाला ‘सेवा संकल्प अभियान’ शुरू करेगी.

1 day ago

मोदी के जन्मदिन पर पुतिन और ट्रंप की शुभकामनाएं, रूस-अमेरिका के साथ रिश्तों के बीच भारत का संतुलन

रूस और अमेरिका से आए जन्मदिन संदेश ऐसे समय में आए हैं, जब बदलते वैश्विक आर्थिक संबंधों के बीच भारत रणनीतिक रिश्तों, व्यापार हितों और ऊर्जा सुरक्षा के बीच संतुलन साध रहा है.

14 hours ago

मोदी @76: भारत की विकास गाथा के केंद्र में उद्योग और उद्यमिता

इस लेख में इंडियन चैंबर ऑफ कॉमर्स के महानिदेशक डॉ. राजीव सिंह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आर्थिक विजन और भारत को एक मजबूत विनिर्माण, नवाचार और निर्यात अर्थव्यवस्था में बदलने पर विचार रखें हैं.

14 hours ago

टाटा संस में चंद्रशेखरन की री-अपॉइंटमेंट पर नोएल टाटा की आपत्ति, बोले- ‘अब आगे बढ़ने का समय’

टाटा ट्रस्ट्स के चेयरमैन ने कहा- चंद्रशेखरन का दूसरा कार्यकाल नहीं लेने का फैसला पहले ही स्वीकार किया जा चुका था.

14 hours ago

PM मोदी @76: ड्रोन विजन से इनोवेशन से इम्पैक्ट की ओर बढ़ता भारत

कृषि, रक्षा और इंफ्रास्ट्रक्चर से लेकर सर्वे और आपदा प्रबंधन तक बढ़ रहा ड्रोन का इस्तेमाल, नीति सुधार, मैन्युफैक्चरिंग, स्किलिंग और उद्यमिता से सेक्टर को मिल रही रफ्तार

15 hours ago