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कांग्रेस के चुनावी खर्चे का हुआ खुलासा, जानें राहुल गांधी समेत किसने किया कितना खर्च
कांग्रेस पार्टी ने चुनाव आयोग को लोकसभा चुनाव 2024 में हुए खर्चों की जानकारी दे दी है. सबसे ज्यादा राशि उस कैंडीडेट को मिली, जो चुनाव हार गए.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 1 year ago
कांग्रेस ने हाल ही में गुजरे लोकसभा चुनाव-2024 में किस लोकसभा प्रत्याशी पर कितनी रकम खर्च की थी. इसका ब्यौरा पार्टी ने चुनाव आयोग को दिया है. कांग्रेस ने चुनाव आयोग को बताया है कि उसने राहुल गांधी को वायनाड और रायबरेली से चुनाव लड़ने के लिए 70-70 लाख रुपए दिए. बता दें कि राहुल गांधी दोनों सीटों से जीत गए थे. हालांकि, उन्होंने अंत में रायबरेली की सीट कायम रखते हुए वायनाड की सीट छोड़ दी. पार्टी ने संसदीय चुनावों में 99 सीटें जीती थीं, जिसमें से दो सीटों से राहुल जीते थे.
किन नेताओं को मिले कितने रुपये
कांग्रेस ने हाल में संपन्न आम चुनाव के खर्च का ब्यौरा चुनाव आयोग को सौंपा था. वेबसाइट पर अपलोड किए गए ‘खर्च का विवरण’ के अनुसार कांग्रेस ने लगभग सभी नेताओं को चुनाव लड़ने के लिए 70 लाख रुपये दिए थे. कांग्रेस के जिन नेताओं को 70 लाख से अधिक रुपये दिए थे, उनमें मंडी लोकसभा क्षेत्र से चुनाव लड़ने वाले नेता विक्रमादित्य सिंह शामिल हैं. सिंह को 87 लाख रुपए मिले और वे चुनाव हार गए थे. वहीं, असम के धुबरी से जीते रकीबुल हुसैन पार्टी ने 75 लाख रुपए दिए थे. वहीं, वरिष्ठ कांग्रेस नेता आनंद शर्मा और दिग्विजय सिंह, जो दोनों चुनाव हार गए, को क्रमशः 46 लाख रुपए और 50 लाख रुपए मिले.
अन्य पार्टी कितना खर्च किए
चुनाव आयोग की वेबसाइट को देखें तो पता चलता है कि ममता बनर्जी की पार्टी तृणमूल कांग्रेस अपने 48 उम्मीदवारों को 75-75 लाख रुपए दिए थे. जबकि तामिलनाडु में डीएमके पार्टी ने अपने 22 उम्मीदवारों को चुनाव के लिए 70-70 लाख रुपए दिए थे. वहीं, समाजवादी पार्टी ने अपने प्रमुख अखिलेश यादव को 60 लाख रुपए दिए, जबकि उनकी पत्नी और मैनपुरी से सांसद डिंपल यादव को 72.15 लाख रुपए मिले. अयोध्या से जीत हासिल करने वाले सपा नेता को अवधेश प्रसाद को 20 लाख रुपए मिले. भारतीय जनता पार्टी का विवरण अभी तक अपलोड नहीं किया गया है.
इलेक्शन कमीशन की सिफारिश पर बढ़ी खर्च सीमा
बता दें, लोकसभा चुनाव 2024 में कांग्रेस पार्टी ने 99 सीटें जीती थीं, जिसमें से दो सीटों पर गांधी ने जीत दर्ज की थी. वैसे तो चुनाव प्रचार में उम्मीदवार के खर्च की एक सीमा होती है, लेकिन राजनीतिक दलों के लिए ऐसी कोई सीमा नहीं होती. जनवरी 2022 में चुनाव आयोग की सिफारिश पर सरकार ने लोकसभा चुनाव के लिए उम्मीदवारों के लिए चुनाव खर्च की सीमा 70 लाख रुपये से बढ़ाकर 95 लाख रुपये और विधानसभा चुनाव के लिए 28 लाख रुपये से बढ़ाकर 40 लाख रुपये कर दी थी.
बड़े और छोटे राज्यों के लिए अलग है लिमिट
लोकसभा चुनावों के लिए संशोधित व्यय सीमा अब बड़े राज्यों के लिए 90 लाख रुपये और छोटे राज्यों के लिए 75 लाख रुपये है. 2024 के लोकसभा चुनाव सात चरणों में हुए और नतीजे 4 जून को घोषित किए गए. कांग्रेस ने पिछले महीने लोकसभा चुनाव और अरुणाचल प्रदेश, सिक्किम, ओडिशा और आंध्र प्रदेश विधानसभा चुनावों के लिए अपना टआंशिक चुनाव व्यय विवरणट चुनाव आयोग को सौंपा था. यह विवरण चुनाव लड़ने के लिए पार्टी द्वारा उम्मीदवारों को दी गई टएकमुश्त राशिट से संबंधित था.
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