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कभी किचन में था टपरवेयर का राज, अब दिवालिया होने की कगार पर, जानिए क्यों?

टपरवेयर ने अमेरिका के डेलावेयर डिस्ट्रिक्ट के बैंकरप्सी कोर्ट में दिवालिया घोषित करने के लिए आवेदन किया है.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 2 years ago

टपरवेयर (Tupperware), ये एक ऐसा ब्रांड है, जिसके प्रोडक्ट कभी हर घर के किचन में हुआ करते थे. बच्चों से लेकर बड़ों तक के टिफिन, पानी की बोतल और तमाम चीजें रखने के कंटेनर, हर चीज बहुत से लोग टपरवेयर की खरीदा करते थे. वहीं अब इस कंपनी का हालत इतनी खराब हो चुकी है कि यह दिवालिया होने के कगार पर पहुंच गई है. अमेरिकी कंपनी टपरवेयर ब्रांड्स (Tupperware Brands) का कहना है कि उसकी सेल तेजी से गिर रही है और अब बिजनेस को बचाना मुश्किल हो गया है इसलिए उसने अमेरिका के डेलावेयर के बैंकरप्सी कोर्ट में अर्जी लगाई है.

कोविड में कंपनी की बिगड़ी हालत

कंपनी के चेयरमैन और CEO लॉरी एन गोल्डमैन ने कहा कि पिछले कई सालों में चुनौतीपूर्ण व्यापक आर्थिक समस्याओं के कारण कंपनी की वित्तीय स्थिति पर गंभीर असर पड़ा है. खासकर कोविड के दौरान इस कंपनी की हालत बेहद खराब हुई है, जिससे अभी तक ये उबर नहीं पाई है. कोविड के बाद कंपनी के प्रोडक्ट बिक्री में भारी गिरावट देखने को मिली थी. कंपनी का घाटा तब और बढ़ गया, जब ज्यादातर लोग घर पर ही खाना बनाने लगे और बचे हुए खाने को स्टोर करने के लिए एयरटाइट बॉक्सेस का इस्तेमाल करने लगे.

महामारी के बाद ऐसे बिगड़ी हालत

महामारी के बाद प्लास्टिक रेजिन जैसे महत्वपूर्ण कच्चे माल की लागत में उछाल के साथ-साथ श्रम और माल ढुलाई के बढ़ने से कंपनी के मार्जिन में और ज्यादा गिरावट आई, जिससे कंपनी के बैलेंसशीट पर असर दिखा और वित्तीय हालत और खराब होती चली गई. अगस्त में टपरवेयर ने नवंबर 2022 के बाद से चौथी बार कंपनी के संचालन को लेकर अपनी क्षमता पर चिंता जाहिर की थी. कंपनी ने कहा था कि उसे तरलता की कमी का सामना करना पड़ रहा है.

कंपनी पर भारी कर्ज

अमेरिकी कंपनी टपवेयर पर भारी कर्ज भी है. इस कंपनी की अनुमानित परिसंपत्तियां 500 मिलियन डॉलर से 1 अरब डॉलर तक हैं. ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के मुताबिक, लोन की शर्तों का उल्लंघन करने और कानूनी और वित्तीय सलाहकारों को नियुक्त करने के बाद दिवालियापन के लिए आवेदन करने की योजना बना रही है. रिपोर्ट में कहा गया है कि 700 मिलियन डॉलर से अधिक के लोन पर कर्जदाताओं के साथ लंबी बातचीत के बाद दिवालियापन की तैयारी शुरू हो सकती है.

77 साल पुरानी कंपनी है टपवेयर

अमेरिकी टिफिन बॉक्स बनाने वाली कंपनी की शुरुआत साल 1946 में हुई थी. जब केमिस्ट एस टपर ने देखा कि खाने के प्रोडक्ट सही से स्टोर नहीं हो पाने के कारण खराब होते जा रहे हैं. ऐसे में उन्होंने लोगों के पैसे बचाने के लिए और फूड की समस्या को कम करने के लिए टिफिन बॉक्स बनाने के बारे में सोचा और देखते ही देखते एक बड़ी कंपनी खड़ी कर दी. इस कंपनी ने समय, धन, स्थान, भोजन और ऊर्जा बचाने में क्रांतिकारी बदलाव किया, जिससे इसकी पॉपुलर्टी बढ़ती चली गई और कंपनी दुनिया भर में पॉपुलर हो गई. इसका दुनियाभर के 70 देशों तक कारोबार फैला हुआ था.
 

 


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