होम / बिजनेस / MSCI ग्लोबल इंडेक्स में इन Stocks ने बनाई जगह, अब क्या होगा असर?
MSCI ग्लोबल इंडेक्स में इन Stocks ने बनाई जगह, अब क्या होगा असर?
बड़े निवेशक ऐसे इंडेक्स को फॉलो करते हैं और इंडेक्स में होने वाले बदलावों के अनुसार वे अपने पोर्टफोलियो को मैनेज करते हैं.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 2 years ago
एमएससीआई ग्लोबल स्टैंडर्ड इंडेक्स (MSCI Global Standard Index) में कुछ नए शेयर शामिल हुए हैं, जबकि कुछ को इंडेक्स से बाहर किया गया है. मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, पंजाब नेशनल बैंक, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया, NMDC, BHEL, और JMR एयरपोर्ट इस ग्लोबल स्टैंडर्ड इंडेक्स का हिस्सा बन गए हैं. फरवरी की समीक्षा में इंडेक्स ने 12 स्टॉक्स का वेटेज बढ़ाया है और 2 का कम किया है. MSCI ने इस इंडेक्स में स्माल कैप के 27 शेयर जोड़े हैं. वहीं, 6 को लिस्ट से बाहर भी किया है/
इनका बढ़ाया गया वेटेज
MSCI ने फूड डिलीवरी कंपनी जोमैटो, DLF, MRF, हिन्डाल्को, इंडिगो की पैरेंट कंपनी इंटरग्लोब एविएशन, डॉक्टर रेड्डी लैब, हीरो मोटोकॉर्प, HDFC AMC, ल्यूपिन, ऐस्ट्राल और बंधन बैंक के साथ-साथ पेटीएम का वेटेज बढ़ा दिया है. जबकि Jio फाइनेंशियल सर्विसेज और CCI का वेटेज कम किया गया है. नुवामा अल्टरनेटिव एंड क्ववांटेटिव रिसर्च का मानना है कि 29 फरवरी को होने वाले इन एडजस्टमेंट के बाद भारत में 1.2 अरब डॉलर से अधिक एफआईआई का पैसिव फ्लो देखने को मिल सकता है.
क्या होता है MSCI इंडेक्स?
MSCI इनवेस्टमेंट से जुड़े फैसलों में मदद के लिए कई सपोर्ट टूल्स और सेवाएं प्रदान करती है. इन्वेस्टर्स की सहायता के लिए इसने कई इक्विटी इंडेक्स तैयार किए हैं, जिसमें दुनियाभर के सबसे मजबूत स्टॉक शामिल किए जाते हैं. निवेशक इंडेक्स के आधार पर आसानी से समझ सकते हैं कि सबसे मजबूत स्टॉक्स कौन से हैं. MSCI इन स्टॉक्स के प्रदर्शन के आधार पर इंडेक्स की समीक्षा करती है और इसी आधार पर स्टॉक्स को अपग्रेड या डाउनग्रेड किया जाता है. MSCI इंडेक्स को दुनियाभर के इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर, फंड मैनेजर और रिसर्च एनालिस्ट अपने सुझावों के लिए लगातार ट्रैक करते रहते हैं. इंडेक्स के लिए फ्री फ्लोट मार्केट कैप पद्धति के आधार पर स्टॉक्स का चुनाव किया जाता है.
क्या होता है Stock पर असर?
अमूमन जिन स्टॉक्स को MSCI इंडेक्स में शामिल किया जाता है, उनमें तेजी देखने को मिलती है. दरअसल बड़े निवेशक इंडेक्स को फॉलो करते हैं, ऐसे में इंडेक्स में होने वाले बदलावों के अनुसार वे अपने पोर्टफोलियो को मैनेज करते हैं. उदाहरण के तौर पर मान लीजिये कि यदि कोई बड़ा निवेशक किसी इंडेक्स के आधार पर अपने पोर्टफोलियो को मैनेज करता है, तो समीक्षा में किसी स्टॉक के इंडेक्स में शामिल होने या बाहर निकलने पर उसके इसी आधार पर बिकवाली या खरीदारी की संभावना बढ़ जाएगी. इससे संबंधित स्टॉक की चाल भी प्रभावित होगी. यानी इंडेक्स में शामिल होने वाले शेयरों के खरीदारी की संभावना बढ़ेगी और बाहर आने वाले स्टॉक में बिकवाली हो सकती है.
टैग्स