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खत्म होने वाला है इंतजार, निवेशक रहें तैयार, अगस्त में आ सकता है Ola का आईपीओ
आईपीओ को लाकर ओला देश की पहली लिस्टेड इलेक्ट्रिक वेहिकल कंपनी बनने जा रही है. उसे एथर एनर्जी, बजाज और टीवीएस मोटर कंपनी से तगड़ी चुनौती मिल रही है.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 1 year ago
ओला इलेक्ट्रिक (Ola Electric) के आईपीओ का बहुत दिनों से बेसब्री से इंतजार किया जा रहा था. अब भविष अग्रवाल के नेतृत्व वाली इस कंपनी के IPO की डेट सामने आई हैं. मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, ओला इलेक्ट्रिक के IPO की एंकर बुक 1 अगस्त को खुलेगी. साथ ही इस इश्यू का सब्सक्रिप्शन 2 अगस्त से 6 अगस्त तक खुला रहेगा. सॉफ्टबैंक (SoftBank) समर्थित कंपनी इस IPO के जरिए लगभग 4.5 अरब डॉलर की वैल्यूएशन हासिल करने की कोशिश में है. IPO की लिस्टिंग 9 अगस्त को हो सकती है.
लगभग 5,500 करोड़ रुपये का IPO
पिछले महीने जून में ही ओला इलेक्ट्रिक के 5,500 करोड़ रुपये के IPO को मार्केट रेगुलेटर SEBI से हरी झंडी मिली थी. इस IPO से कंपनी के लिए अपने सेल मैन्युफैक्चरिंग प्लांट की क्षमता विस्तार के लिए पैसों का इंतजाम हो जाएगा. कंपनी रिसर्च एंड डेवलपमेंट पर अपना काम तेजी से आगे बढ़ा सकेगी. ओला इलेक्ट्रिक ने अपना प्री IPO पेपर दिसंबर 2023 में दाखिल किया था, जून 2024 में कंपनी को IPO लाने की मंजूरी मिल गई थी.
20 जून को IPO लाने की मिली थी मंजूरी
ओला इलेक्ट्रिक को एथर एनर्जी (Ather Energy), बजाज (Bajaj) और टीवीएस मोटर कंपनी (TVS Motor Company) से कड़ी प्रतिस्पर्धा मिल रही है. आईपीओ की तारीखों पर फिलहाल ओला इलेक्ट्रिक ने पुष्टि नहीं की है. कंपनी ने मार्केट रेगुलेटर सेबी (SEBI) के पार आईपीओ के दस्तावेज (DRHP) 22 दिसंबर, 2023 को जमा कराए थे. सेबी ने इसी साल 20 जून को आईपीओ लाने की मंजूरी दे दी थी. इस आईपीओ के जरिए भविष अग्रवाल लगभग 4.7 करोड़ शेयर मार्केट में उतारेंगे. इसके अलावा कई बड़े शेयरहोल्डर्स भी अपने शेयर इसमें बेचेंगे.
कहां होगा पैसों का इस्तेमाल?
ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (DRHP) के मुताबिक, ओला इलेक्ट्रिक के 5,500 करोड़ रुपये के IPO में नए शेयर भी जारी होंगे और ऑफर फॉर सेल (OFS) भी होगा. DRHP के मुताबिक ओला इलेक्ट्रिक 1,226.43 करोड़ रुपये का इस्तेमाल अपने सेल मैन्युफैक्चरिंग प्लांट की क्षमता को 5GW से 6.4GW तक बढ़ाने पर करेगी. जबकि 1,600 करोड़ रुपये का इस्तेमाल रिसर्च एंड डेवलपमेंट पर करने पर भी विचार कर रही है, जबकि अन्य 800 करोड़ रुपये कर्ज चुकाने के लिए लगाए जाएंगे.
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