होम / बिजनेस / पीएम मोदी की नीदरलैंड यात्रा: भारत के साथ सेमीकंडक्टर, ग्रीन एनर्जी और रक्षा समेत 17 अहम समझौतों पर मुहर

पीएम मोदी की नीदरलैंड यात्रा: भारत के साथ सेमीकंडक्टर, ग्रीन एनर्जी और रक्षा समेत 17 अहम समझौतों पर मुहर

प्रधानमंत्री मोदी और नीदरलैंड के प्रधानमंत्री रॉब जेटेन के बीच हुई वार्ता में दोनों देशों ने राजनीतिक, आर्थिक, रक्षा और तकनीकी सहयोग को और मजबूत करने पर सहमति जताई.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 4 months ago

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की दो दिवसीय नीदरलैंड यात्रा भारत के लिए तकनीक, व्यापार और रणनीतिक साझेदारी के लिहाज से बेहद अहम साबित हुई है. इस दौरान भारत और नीदरलैंड के बीच सेमीकंडक्टर, हरित ऊर्जा, रक्षा सहयोग, महत्वपूर्ण खनिज, कृषि, डेरी और समुद्री लॉजिस्टिक्स समेत 17 प्रमुख क्षेत्रों में बड़े समझौतों पर सहमति बनी. दोनों देशों ने अपने रिश्तों को “रणनीतिक साझेदारी” के स्तर तक ले जाने का फैसला किया, जिससे आने वाले वर्षों में व्यापार, निवेश और हाईटेक सेक्टर में सहयोग को नई रफ्तार मिलने की उम्मीद है.

भारत-नीदरलैंड रिश्तों को मिला रणनीतिक साझेदारी का दर्जा

प्रधानमंत्री मोदी और नीदरलैंड के प्रधानमंत्री रॉब जेटेन के बीच हुई वार्ता में दोनों देशों ने राजनीतिक, आर्थिक, रक्षा और तकनीकी सहयोग को और मजबूत करने पर सहमति जताई. दोनों पक्षों ने नियमित और योजनाबद्ध सहयोग के जरिए संबंधों को नई ऊंचाई देने के लिए रणनीतिक साझेदारी की कार्य योजना तैयार करने का फैसला किया.

नीदरलैंड यूरोप में भारत का एक बड़ा व्यापारिक साझेदार है. वर्ष 2024-25 में दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार 27.8 अरब डॉलर तक पहुंच गया, जबकि 55.6 अरब डॉलर के प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (FDI) के साथ नीदरलैंड भारत का चौथा सबसे बड़ा निवेशक बना हुआ है.

सेमीकंडक्टर सेक्टर में बड़ा कदम

यात्रा के दौरान सबसे अहम समझौता गुजरात के धोलेरा में भारत के पहले हाईटेक सेमीकंडक्टर फैब को लेकर हुआ. टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स और डच कंपनी ASML के बीच साझेदारी को दोनों प्रधानमंत्रियों ने ऐतिहासिक बताया.

ASML दुनिया की अग्रणी कंपनी है, जो सेमीकंडक्टर चिप निर्माण के लिए जरूरी हाई-प्रिसीजन लिथोग्राफी उपकरण बनाती है. इस साझेदारी से भारत की सेमीकंडक्टर निर्माण क्षमता को बड़ा बढ़ावा मिलने की उम्मीद है.

इसके अलावा इंडो-डच सेमीकंडक्टर ऑनलाइन स्कूल और “ब्रेन ब्रिज” कार्यक्रम के तहत डच विश्वविद्यालयों और भारतीय तकनीकी संस्थानों के बीच सहयोग को भी मंजूरी दी गई. इसमें IISc, IIT दिल्ली, IIT मुंबई, IIT चेन्नई और IIT गांधीनगर जैसे संस्थान शामिल होंगे.

ग्रीन एनर्जी और हरित हाइड्रोजन पर फोकस

भारत और नीदरलैंड ने हरित हाइड्रोजन विकास के लिए साझा रोडमैप लॉन्च किया. इसके तहत स्वच्छ ऊर्जा, ऊर्जा सुरक्षा और ग्रीन ट्रांजिशन में सहयोग बढ़ाया जाएगा. नीदरलैंड नीति आयोग के साथ मिलकर क्षमता निर्माण में सहयोग करेगा, जबकि ग्रोनिंगन यूनिवर्सिटी और भारतीय IIT संस्थानों के बीच शैक्षणिक साझेदारी को भी बढ़ावा दिया जाएगा.

रक्षा और समुद्री सहयोग को बढ़ावा

दोनों देशों ने रक्षा उद्योगों और रिसर्च संस्थानों के बीच सहयोग बढ़ाने के लिए रक्षा औद्योगिक कार्य योजना पर काम करने का फैसला किया. साथ ही संयुक्त त्रि-सेवा वार्ता और रक्षा तकनीक सहयोग के नए रास्ते तलाशने पर भी सहमति बनी.

भारत को रणनीतिक “ग्रीन और डिजिटल मैरीटाइम कॉरिडोर” विकसित करने में भी डच विशेषज्ञता का लाभ मिलेगा. रॉटरडैम बंदरगाह को भारतीय निर्यातकों के लिए यूरोप में प्रवेश का अहम केंद्र माना जा रहा है.

कृषि, डेरी और जल प्रबंधन में भी सहयोग

दोनों देशों ने कृषि, डेरी और जल प्रबंधन के क्षेत्र में भी साझेदारी बढ़ाने का निर्णय लिया. बेंगलुरु में डेरी प्रशिक्षण केंद्र, पश्चिम त्रिपुरा में फ्लोरिकल्चर सेंटर और कृषि उत्कृष्टता केंद्र स्थापित करने की योजना पर सहमति बनी. इसके अलावा गुजरात की कल्पसर परियोजना के लिए जल प्रबंधन में डच विशेषज्ञता हासिल करने पर भी समझौता हुआ.

वैश्विक मुद्दों पर भी हुई चर्चा

प्रधानमंत्री मोदी और रॉब जेटेन ने रूस-यूक्रेन युद्ध, पश्चिम एशिया संकट और वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति पर इसके प्रभावों को लेकर भी चर्चा की. दोनों नेताओं ने हिंद-प्रशांत क्षेत्र में स्वतंत्र नौवहन, क्षेत्रीय अखंडता और शांतिपूर्ण माहौल बनाए रखने पर जोर दिया.

स्वीडन पहुंचेंगे पीएम मोदी

नीदरलैंड दौरे के बाद प्रधानमंत्री मोदी स्वीडन पहुंचे, जहां वह प्रधानमंत्री उल्फ क्रिस्टर्सन से मुलाकात करेंगे और यूरोपीय उद्योग गोलमेज सम्मेलन को संबोधित करेंगे. यह दौरा भारत और यूरोप के बीच रणनीतिक और आर्थिक सहयोग को और मजबूत करने की दिशा में अहम माना जा रहा है.
 


टैग्स
सम्बंधित खबरें

सेबी का कमोडिटी सौदा: विदेशी लाते हैं पैसा, भारतीय ब्रोकर उठाते हैं जोखिम

सेबी भारत के फिजिकली सेटल्ड कमोडिटी कॉन्ट्रैक्ट्स में विदेशी फंड्स चाहता है. वे डिलीवरी नहीं ले सकते. इसलिए अगर कोई फंड समय रहते बाहर निकलने में विफल रहता है, तो उसकी पोजीशन बाजार बंद होने के बाद अपने आप एक भारतीय ब्रोकर की खुद की बुक्स में चली जाती है. फंड "किसी भी आगे के अधिकार, टाइटल, दायित्व या एक्सपोजर" से मुक्त हो जाता है. ब्रोकर यह सब अपने ऊपर ले लेता है. SEBI इसे एक सुरक्षा उपाय कहता है.

1 hour ago

20 वर्षों में भारत की GDP 38 ट्रिलियन डॉलर तक पहुंच सकती है: अजीत डोभाल

राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार ने कहा कि अगले दो दशकों में भारत का आर्थिक विस्तार नई पीढ़ी के स्नातकों के लिए अवसर पैदा कर सकता है.

1 hour ago

सरकारी जमीन और बिल्डिंग्स से जुटाए जाएंगे ₹5,000 करोड़ से ज्यादा, NLMC ने तेज की एसेट मॉनेटाइजेशन प्रक्रिया

NLMC बोर्ड ने 5,000 करोड़ रुपए से अधिक मूल्य की अतिरिक्त जमीन और बिल्डिंग संपत्तियों के मॉनेटाइजेशन की सिफारिश की है.

2 hours ago

बकाया टैक्स पर गिरफ्तारी नहीं, संपत्ति कुर्क कर होगी वसूली; CBDT ने नियमों में किया बदलाव

सीबीडीटी ने 17 सितंबर को जारी अधिसूचना के जरिए आयकर नियम, 2026 के नियम 225 में संशोधन किया है. यह नियम टैक्स बकाया की वसूली की प्रक्रिया से संबंधित है.

3 hours ago

पावर प्लांट्स में सिर्फ 9 दिन का कोयला, 42% घटा स्टॉक; लॉजिस्टिक्स बनी बड़ी चुनौती

बिजली की बढ़ती मांग और परिवहन संबंधी दिक्कतों के चलते थर्मल पावर प्लांट्स में कोयले का दबाव बढ़ा, 190 में से 51 प्लांट्स में स्टॉक गंभीर स्तर पर

4 hours ago


बड़ी खबरें

बकाया टैक्स पर गिरफ्तारी नहीं, संपत्ति कुर्क कर होगी वसूली; CBDT ने नियमों में किया बदलाव

सीबीडीटी ने 17 सितंबर को जारी अधिसूचना के जरिए आयकर नियम, 2026 के नियम 225 में संशोधन किया है. यह नियम टैक्स बकाया की वसूली की प्रक्रिया से संबंधित है.

3 hours ago

सेबी का कमोडिटी सौदा: विदेशी लाते हैं पैसा, भारतीय ब्रोकर उठाते हैं जोखिम

सेबी भारत के फिजिकली सेटल्ड कमोडिटी कॉन्ट्रैक्ट्स में विदेशी फंड्स चाहता है. वे डिलीवरी नहीं ले सकते. इसलिए अगर कोई फंड समय रहते बाहर निकलने में विफल रहता है, तो उसकी पोजीशन बाजार बंद होने के बाद अपने आप एक भारतीय ब्रोकर की खुद की बुक्स में चली जाती है. फंड "किसी भी आगे के अधिकार, टाइटल, दायित्व या एक्सपोजर" से मुक्त हो जाता है. ब्रोकर यह सब अपने ऊपर ले लेता है. SEBI इसे एक सुरक्षा उपाय कहता है.

1 hour ago

20 वर्षों में भारत की GDP 38 ट्रिलियन डॉलर तक पहुंच सकती है: अजीत डोभाल

राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार ने कहा कि अगले दो दशकों में भारत का आर्थिक विस्तार नई पीढ़ी के स्नातकों के लिए अवसर पैदा कर सकता है.

1 hour ago

सरकारी जमीन और बिल्डिंग्स से जुटाए जाएंगे ₹5,000 करोड़ से ज्यादा, NLMC ने तेज की एसेट मॉनेटाइजेशन प्रक्रिया

NLMC बोर्ड ने 5,000 करोड़ रुपए से अधिक मूल्य की अतिरिक्त जमीन और बिल्डिंग संपत्तियों के मॉनेटाइजेशन की सिफारिश की है.

2 hours ago

भारत के फॉरेक्स रिजर्व में 4.924 अरब डॉलर की गिरावट, 10 हफ्तों की बढ़त पर लगा ब्रेक

विदेशी मुद्रा आस्तियां देश के कुल विदेशी मुद्रा भंडार का सबसे बड़ा हिस्सा होती हैं. डॉलर में व्यक्त FCA में यूरो, पाउंड और येन जैसी गैर-अमेरिकी मुद्राओं की विनिमय दरों में होने वाले बदलाव का असर भी शामिल होता है.

9 hours ago