✕

होम / बिजनेस / लोकपाल ने पूर्व सेबी चीफ माधबी पुरी को दी क्लीन चिट, भ्रष्टाचार के आरोप खारिज

लोकपाल ने पूर्व सेबी चीफ माधबी पुरी को दी क्लीन चिट, भ्रष्टाचार के आरोप खारिज

लोकपाल ने माधबी पुरी बुच के खिलाफ हिंडनबर्ग रिपोर्ट से जुड़े भ्रष्टाचार के सभी आरोपों को निराधार, तुच्छ और अटकलों पर आधारित मानते हुए खारिज कर दिया है.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 1 year ago

लोकपाल ने भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (सेबी) की पूर्व चेयरपर्सन माधबी पुरी बुच के खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोपों को खारिज करते हुए उन्हें क्लीन चिट दे दी है. लोकपाल ने इन शिकायतों को "अस्थिर, निराधार और तुच्छता की सीमा तक" करार दिया है.

हिंडनबर्ग रिसर्च की रिपोर्ट के बाद उठे इन आरोपों की जांच करते हुए लोकपाल ने कहा कि बुच के सेबी प्रमुख के कार्यकाल के दौरान किसी भी प्रकार के कदाचार का कोई ठोस साक्ष्य नहीं मिला है. अमेरिका स्थित शॉर्ट-सेलर हिंडनबर्ग रिसर्च ने अदाणी समूह पर शेयरों की हेराफेरी और लेखा धोखाधड़ी का आरोप लगाया था, जिसके बाद सेबी की भूमिका पर सवाल उठे थे और बुच के खिलाफ कई शिकायतें दर्ज की गईं थीं.

लोकपाल द्वारा जांच किए गए प्रमुख पांच आरोपों में शामिल थे:

1. अदाणी समूह से जुड़ी एक फंड में बुच और उनके पति द्वारा किए गए निवेश
2. महिंद्रा एंड महिंद्रा और ब्लैकस्टोन से परामर्श शुल्क के बदले कथित लाभ
3. वॉकहार्ट से संदेहास्पद परिस्थितियों में किराये की आय प्राप्त करने का आरोप
4. 2017 से 2024 के बीच आईसीआईसीआई बैंक के ईएसओपी्स की बिक्री में अनुचित लाभ का दावा
5. कुछ मामलों से बुच द्वारा की गई असली नहीं बल्कि दिखावटी दूरी

लोकपाल ने इन सभी आरोपों की जांच के बाद कहा कि इनमें कोई भी विश्वसनीय दस्तावेज या ठोस प्रमाण नहीं है. अपने आदेश में लोकपाल ने कहा, "शिकायतकर्ता द्वारा इस प्रकार के अप्रमाणित और कमजोर आरोप लगाकर लोकपाल की प्रक्रिया को तुच्छ बना दिया गया है. यह अनुच्छेद 46 के तहत कार्रवाई योग्य परेशान करने वाली कार्यवाही है. इससे अधिक कुछ कहने की आवश्यकता नहीं है."

लोकपाल ने अपने निष्कर्ष में कहा कि आरोप केवल अटकलों पर आधारित थे और किसी विश्वसनीय दस्तावेज़ी समर्थन से रहित थे, इसलिए आगे की जांच की कोई आवश्यकता नहीं है.

माधबी पुरी बुच और उनके पति धवल बुच पहले ही इन आरोपों को खारिज कर चुके हैं. उन्होंने एक संयुक्त बयान में इन आरोपों को "बेबुनियाद" और "चरित्र हनन" बताया था. दंपति ने यह भी स्पष्ट किया था कि उनकी वित्तीय गतिविधियां पूरी तरह पारदर्शी और नियमों के अनुरूप हैं.


टैग्स
सम्बंधित खबरें

UPI चार्ज पर सुप्रीम कोर्ट की तत्काल रोक से इनकार, केंद्र-NPCI से 4 हफ्ते में मांगा जवाब

सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले का मतलब है कि फिलहाल 15 अक्टूबर से लागू होने वाली प्रस्तावित चार्ज व्यवस्था पर कोई अंतरिम रोक नहीं है. इस मामले में अदालत ने 2,000 रुपये से अधिक के चुनिंदा व्यापारी यूपीआई भुगतानों पर लगाए जाने वाले शुल्क की वैधता को चुनौती देने वाली याचिका पर सुनवाई की.

2 hours ago

पर्यटन के लिए राष्ट्रीय डिजिटल ढांचा शुरू, 2028 तक 23 हजार अनुभव और होमस्टे डिजिटल नेटवर्क से जुड़ेंगे

राष्ट्रीय डिजिटल पर्यटन ढांचा पर्यटन मंत्रालय और ONDC मिलकर विकसित कर रहे हैं. इसके जरिए अलग-अलग जगहों पर बिखरी पर्यटन सेवाओं को साझा डिजिटल बुनियादी ढांचे से जोड़ा जाएगा.

4 hours ago

तेलंगाना-आंध्र प्रदेश में बढ़ा MF निवेश, AUM 2.95 लाख करोड़ रुपये पहुंचा; 25% निवेशक महिलाएं

देश के कुल म्युचुअल फंड एसेट्स में तेलंगाना की हिस्सेदारी करीब 2.5 फीसदी रही. राज्य में कुल फोलियो की संख्या 82.24 लाख रही, जो देशभर के कुल म्युचुअल फंड फोलियो का करीब 2.9 फीसदी है.

4 hours ago

कंज्यूमर ड्यूरेबल्स बाजार में आएगी तेजी, 2030 तक ₹3.25 लाख करोड़ तक पहुंचने का अनुमान: रिपोर्ट

रिपोर्ट के अनुसार, भारत का कंज्यूमर ड्यूरेबल्स बाजार 2030 तक सालाना 8-10 फीसदी की दर से बढ़कर 30-35 अरब डॉलर तक पहुंच सकता है. रूम एयर कंडीशनर (RAC) इस वृद्धि में अहम भूमिका निभा सकता है.

7 hours ago

बैंक हड़ताल टली, आज सामान्य रहेगा कामकाज; 5 दिन कामकाज पर बनेगी हाईलेवल कमेटी

बैंक कर्मचारियों की तीन दिन की देशव्यापी हड़ताल अब नहीं होगी. UFBU ने रविवार को हड़ताल स्थगित करने की घोषणा की. यह हड़ताल सोमवार से शुरू होनी थी और बैंकों की छमाही क्लोजिंग के समय प्रस्तावित थी.

8 hours ago


बड़ी खबरें

टैक्सपेयर्स को बड़ी राहत, CBDT ने बढ़ाई ITR और टैक्स ऑडिट की डेडलाइन

CBDT के फैसले के बाद असेसमेंट ईयर 2026-27 के लिए टैक्स ऑडिट रिपोर्ट दाखिल करने की अंतिम तारीख 30 सितंबर 2026 से बढ़ाकर 21 अक्टूबर 2026 कर दी गई है.

2 minutes ago

UPI चार्ज पर सुप्रीम कोर्ट की तत्काल रोक से इनकार, केंद्र-NPCI से 4 हफ्ते में मांगा जवाब

सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले का मतलब है कि फिलहाल 15 अक्टूबर से लागू होने वाली प्रस्तावित चार्ज व्यवस्था पर कोई अंतरिम रोक नहीं है. इस मामले में अदालत ने 2,000 रुपये से अधिक के चुनिंदा व्यापारी यूपीआई भुगतानों पर लगाए जाने वाले शुल्क की वैधता को चुनौती देने वाली याचिका पर सुनवाई की.

2 hours ago

नॉर्थ स्टार रिन्यूएबल एनर्जी ने शिवानंद निम्बार्गी को एमडी और सीईओ नियुक्त किया

शिवानंद निम्बार्गी को ऊर्जा, परिवहन और बुनियादी ढांचा क्षेत्रों में तीन दशक से अधिक का अनुभव है. वह इससे पहले अयाना रिन्यूएबल पावर के प्रबंध निदेशक और सीईओ रह चुके हैं.

2 hours ago

बीमा बेचने के तरीके में बड़ा बदलाव! एजेंटों के कमीशन से लेकर मिस-सेलिंग तक IRDAI का नया प्लान

IRDAI ने सार्वजनिक बीमा रजिस्ट्री बनाने का प्रस्ताव भी रखा है. इसके जरिए ग्राहक बीमा उत्पाद, बीमा कंपनी और वितरक से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी एक जगह देख सकेंगे.

5 hours ago

MRUCI ने काकोन सेठी को बनाया CEO, 8 अक्टूबर से संभालेंगी पद

काकोन सेठी को मीडिया, मनोरंजन, खेल, सामग्री और विपणन क्षेत्र में 35 वर्षों से अधिक का नेतृत्व अनुभव है. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत प्रमुख एजेंसियों के साथ मीडिया योजना और खरीद के क्षेत्र में की थी.

3 hours ago