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गो फर्स्‍ट ने बताया कैसे करेगी रिवाइवल, किन रूटों पर शुरू होगी सर्विस

संचालन बंद होने के बाद अब गो फर्स्‍ट ने DGCA को उन रूटों की जानकारी दे दी है जहां से वो अपनी सेवा शुरू कर सकती है, गो फर्स्‍ट दिल्‍ली श्रीनगर और दिल्‍ली लेह के लिए भी सेवा शुरु करने को तैयार है. 

ललित नारायण कांडपाल 3 years ago

आर्थिक स्थिति खराब होने के बाद दिवालिया होने की कगार पर खड़ी गो फर्स्‍ट अब एक बार फिर अपना संचालन शुरू करने की तैयारी कर रही है. विमानन कंपनी ने इस बाबत सरकार को अपने रिवाइवल प्‍लान की जानकारी दे दी है. खबरों के अनुसार कंपनी दिल्‍ली-श्रीनगर और दिल्‍ली-लेह सहित कई अन्‍य रूटों के जरिए एक बार फिर अपने संचालन को शुरू करने जा रही है. उम्‍मीद है कि गो फर्स्‍ट के संचालन के शुरू होने के बाद एक बार फिर विमानों के फेयर कम हो सकेंगे. 

किन रूटों पर करेगी शुरुआत 
बूरे आर्थिक हालात से जूझ रही गो फर्स्‍ट ने अपनी अगले छह महीने की रिवाइवल योजना का प्‍लॉन नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (डीजीसीए) को सौंप दिया है. मीडिया रिपोर्ट के अनुसार कंपनी ने अंतरिम समाधान पेशेवर (आईआरपी) में डीजीसीए को ये प्‍लॉन सौंपा है. मीडिया रिपोर्ट के अनुसार गो फर्स्ट ने 26 ऑपरेशनल एयरक्राफ्ट और 400 पायलटों के अपने बेड़े के साथ परिचालन फिर से शुरू करने की योजना बनाई है. मीडिया रिपोर्ट ये भी कहती है कि गो फर्स्ट ने पुणे, बागडोगरा और गोवा मार्गों पर परिचालन फिर से शुरू करने की योजना बनाई है. DGCA को अपनी बहाली योजना में, गो फर्स्ट ने दिल्ली-श्रीनगर और दिल्ली-लेह चार्टर्ड उड़ानें तुरंत शुरू करने के लिए दो विमानों को तैनात करने की पेशकश की है.

गो फर्स्‍ट ने मई में संचालन बंद कर दिया था 
तीसरी बड़ी विमानन कंपनी गो फर्स्ट ने 3 मई से सभी उड़ानें रद्द कर दी थी और स्वैच्छिक दिवालिया कार्यवाही शुरू करने के लिए NCLT में एक एक याचिका भी दायर कर दी थी. नेशनल कंपनी लॉ ट्रिब्यूनल (NCLT) ने अभिलाष लाल को अंतरिम समाधान पेशेवर (IRP) नियुक्त कर दिया था, जिन्‍हें कंपनी का प्रबंधन देखने की जिम्‍मेदारी दी थी. 10 मई को, नेशनल कंपनी लॉ ट्रिब्यूनल (NCLT) ने एयरलाइन की स्वैच्छिक दिवाला समाधान याचिका को स्वीकार कर लिया था. 

तेल कंपनियों को लेकर भी दी है जानकारी 
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार गो फर्स्‍ट ने DGCA को ये भी बताया है कि तेल डिस्‍ट्रीब्‍यूटर कंपनियों ने कंपनी की मदद के लिए अपना समर्थन दिया है. एयरलाइन की दिवाला याचिका से पहले, तेल डिस्‍ट्रीब्‍यूसन कंपनियों ने अपना परिचालन कैश एंड कैरी शर्तों पर रखा था, जिसका अर्थ है कि एयरलाइन को अपना बकाया दैनिक रूप से चुकाना होगा. मीडिया रिपोर्ट के अनुसार गो फर्स्ट एयरलाइन ने कहा है कि वह DGCA से मंजूरी मिलने के तुरंत बाद दिल्ली-श्रीनगर और दिल्ली-लेह चार्टर्ड उड़ानें शुरू करने के लिए दो विमानों को तैनात कर सकती है. एयरलाइन की योजना पुणे, बागडोगरा और गोवा मार्गों पर निर्धारित सेवाओं को फिर से शुरू करने की है. एयरलाइन ने यह भी कहा कि वह निर्धारित सेवाओं के लिए आठ से 10 विमान तैनात करने में सक्षम होगी.

गो फर्स्‍ट के संचालन बंद होने से बढ़ गया था किराया 
गो फर्स्‍ट के संचालन के बंद होने के कारण विमानों के किराए में इजाफा हो गया था. हालात ये हो गए थे कि दिल्‍ली से कश्‍मीर और लेह का किराया दोगुने से भी ज्‍यादा दामों तक पहुंच गया था. यही नहीं सबसे दिलचस्‍प बात ये है कि कई अन्‍य रूटों पर भी किराया बहुत बढ़ गया था. लेकिन अब कंपनी के रिवाईवल प्‍लान के सामने आने के बाद उसके संचालन की उम्‍मीद बढ़ गई है. देखना होगा कि कब तक संचालन शुरू होता है.
 


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