होम / बिजनेस / डेडलाइन के पार पहुंचे 65% दिवालिया मामले, क्यों नहीं हो पा रहे सॉल्व?

डेडलाइन के पार पहुंचे 65% दिवालिया मामले, क्यों नहीं हो पा रहे सॉल्व?

IBBI द्वारा लगातार किए जा रहे प्रयत्नों के बावजूद कॉर्पोरेट दिवालिया मामलों को सुलझाने की डेडलाइन अब छोटी पड़ने लगी है.

पवन कुमार मिश्रा 2 years ago

भारत में पिछले कुछ सालों के दौरान बिजनेस की संख्या में तेजी से वृद्धि देखने को मिली है. जहां एक तरफ बिजनेस की संख्या बढ़ रही है, वहीं दूसरी तरफ बैंकों एवं संस्थाओं द्वारा कानून एवं नियमों को भी सख्त बनाया जा रहा है जिससे कि देश में व्यापार के लिए सकारात्मक स्थिति बनी रहे. लेकिन कानूनों एवं नियमों में सख्ती के बावजूद भी दिवालियापन के मामले सुलझते हुए नहीं दिख रहे हैं. 

डेडलाइन के पार दिवालिया मामले
भारत सरकार एवं IBBI (Insolvency and Bankruptcy Board of India) द्वारा लगातार किए जा रहे प्रयत्नों के बावजूद कॉर्पोरेट दिवालिया मामलों को सुलझाने की 270 दिनों की डेडलाइन अब छोटी पड़ने लगी है. इस वक्त एक दिवालिया मामले को सुलझाने के लिए लगभग 521 दिनों का एवरेज समय लग रहा है. IBBI द्वारा जारी किए गए डेटा को देखें तो हमें पता चलता है कि जून 2023 के अंत में 270 दिनों से ज्यादा का समय लेने वाले दिवालिया मामलों की संख्या 65% पहुंच गई है. 

IBBI कर रहा है प्रयत्न
अगर इसकी तुलना एक साल पहले से करें तो एक साल पहले 270 दिनों की डेडलाइन को पार करने वाले दिवालिया मामलों की संख्या 61% हुआ करती थी, वहीं जून 2021 में 75% दिवालिया मामले ऐसे थे जो बोर्ड द्वारा तय की गई डेडलाइन में सुलझ नहीं पाए थे. IBBI का कहना है कि वह विभिन्न प्रक्रियाओं को खत्म करने का प्रयत्न कर रहा है और साथ ही कोड (दिवालिया कोड) के कुल परिणाम में भी सुधार लाने की कोशिश की जा रही है. ज्यादातर स्टेकहोल्डर्स के लिए मामलों को सुलझाने में हो रही ये देरी अब चिंता का विषय बनता जा रहा है. 

क्यों हो रही है देरी?
दिवालिया मामलों में हो रही देरी के पीछे एक प्रमुख कारण ये भी है कि यी मामले अनेकों फोरम में जाते हैं और इन फोरम में विभिन्न प्रकार के सवाल इन मामलों में खड़े किए जाते हैं जिसकी वजह से दिवालिया मामलों को सुलझाने की प्रक्रिया में देरी देखने को मिल रही है. लेकिन इसके बाद एक प्रमुख सवाल ये है कि आखिर इस समस्या को किस तरह सॉल्व किया जाए?
 

यह भी पढ़ें: India Post Payments Bank के खाते में आया मुनाफा, इनकम भी बढ़ी 


टैग्स
सम्बंधित खबरें

मुथूट फिनकॉर्प के IPO की राह आसान, सेबी ने 6 फैमिली ट्रस्टों को ओपन ऑफर नियम से दी छूट

सेबी ने यह भी स्पष्ट किया कि यह राहत केवल ओपन ऑफर नियमों तक सीमित है. अधिग्रहण करने वाले पक्षों को अन्य सभी लागू नियामकीय प्रावधानों का पालन करना होगा.

14 hours ago

अडानी इंफ्रा ने अडानी ग्रीन एनर्जी में 2,380 करोड़ रुपये में खरीदी 1.03% हिस्सेदारी

अडानी ग्रीन एनर्जी भारत के नवीकरणीय ऊर्जा क्षेत्र की प्रमुख कंपनियों में बनी हुई है और स्वच्छ ऊर्जा की बढ़ती मांग तथा ग्रीन इंफ्रास्ट्रक्चर में निवेश के बीच कंपनी लगातार अपनी उत्पादन क्षमता का विस्तार कर रही है.

14 hours ago

मिडिल ईस्ट संकट का भारत को बड़ा फायदा! 1 साल के सबसे ऊंचे स्तर पर पहुंचा फ्यूल एक्सपोर्ट

बेहतर रिफाइनिंग मार्जिन और वैश्विक बाजार में सप्लाई गैप का फायदा उठाते हुए भारतीय रिफाइनिंग कंपनियों ने अंतरराष्ट्रीय बाजार में अपनी पकड़ और मजबूत कर ली.

15 hours ago

महंगाई और वैश्विक चुनौतियों के बीच इमामी का दमदार प्रदर्शन, Q1 में राजस्व 15% बढ़ा

इमामी लिमिटेड के निदेशक मंडल ने 30 जून 2026 को समाप्त पहली तिमाही के गैर-ऑडिटेड वित्तीय नतीजों को मंजूरी दे दी है. कंपनी ने बताया कि Q1 FY27 में समेकित परिचालन राजस्व 15 फीसदी बढ़कर 1,039 करोड़ रुपये रहा.

16 hours ago

'100% Pure' का दावा पड़ा भारी! FSSAI ने डाबर के कई प्रोडक्ट्स की बिक्री पर लगाई रोक

FSSAI के आदेश के मुताबिक, जिन उत्पादों पर कार्रवाई की गई है उनमें शहद, एप्पल साइडर विनेगर, वर्जिन कोकोनट ऑयल, तिल का तेल, गाय का घी, नारियल पानी, नारियल का दूध और अन्य खाद्य उत्पाद शामिल हैं.

18 hours ago


बड़ी खबरें

मिडिल ईस्ट संकट का भारत को बड़ा फायदा! 1 साल के सबसे ऊंचे स्तर पर पहुंचा फ्यूल एक्सपोर्ट

बेहतर रिफाइनिंग मार्जिन और वैश्विक बाजार में सप्लाई गैप का फायदा उठाते हुए भारतीय रिफाइनिंग कंपनियों ने अंतरराष्ट्रीय बाजार में अपनी पकड़ और मजबूत कर ली.

15 hours ago

मुथूट फिनकॉर्प के IPO की राह आसान, सेबी ने 6 फैमिली ट्रस्टों को ओपन ऑफर नियम से दी छूट

सेबी ने यह भी स्पष्ट किया कि यह राहत केवल ओपन ऑफर नियमों तक सीमित है. अधिग्रहण करने वाले पक्षों को अन्य सभी लागू नियामकीय प्रावधानों का पालन करना होगा.

14 hours ago

अडानी इंफ्रा ने अडानी ग्रीन एनर्जी में 2,380 करोड़ रुपये में खरीदी 1.03% हिस्सेदारी

अडानी ग्रीन एनर्जी भारत के नवीकरणीय ऊर्जा क्षेत्र की प्रमुख कंपनियों में बनी हुई है और स्वच्छ ऊर्जा की बढ़ती मांग तथा ग्रीन इंफ्रास्ट्रक्चर में निवेश के बीच कंपनी लगातार अपनी उत्पादन क्षमता का विस्तार कर रही है.

14 hours ago

नोएडा-गुरुग्राम बने रियल एस्टेट निवेश के सबसे बड़े हॉटस्पॉट, 7 साल में घरों की कीमतें 125% तक बढ़ीं: रिपोर्ट

ANAROCK रिसर्च एंड एडवाइजरी के विश्लेषण के अनुसार, देश के 11 प्रमुख आवासीय बाजारों में 2019 से Q2 2026 के बीच पूंजीगत मूल्य और रेंटल यील्ड, दोनों में लगभग समान गति से वृद्धि हुई है.

17 hours ago

महंगाई और वैश्विक चुनौतियों के बीच इमामी का दमदार प्रदर्शन, Q1 में राजस्व 15% बढ़ा

इमामी लिमिटेड के निदेशक मंडल ने 30 जून 2026 को समाप्त पहली तिमाही के गैर-ऑडिटेड वित्तीय नतीजों को मंजूरी दे दी है. कंपनी ने बताया कि Q1 FY27 में समेकित परिचालन राजस्व 15 फीसदी बढ़कर 1,039 करोड़ रुपये रहा.

16 hours ago