होम / यूटिलिटी / दुनिया का सबसे बड़ा 'भारतीय लग्जरी रिवर क्रूज': 50 दिन, 4000 किमी. का सफर
दुनिया का सबसे बड़ा 'भारतीय लग्जरी रिवर क्रूज': 50 दिन, 4000 किमी. का सफर
यह शानदार यात्रा 50 दिनों की होगी. यह लग्जरी क्रूज 10 जनवरी को उत्तर प्रदेश के वाराणसी से रवाना होगा और पटना, कोलकाता, बांग्लादेश की राजधानी ढाका से गुजरेगा.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 3 years ago
(फाइल फोटो)
नई दिल्ली: भारत में अंतर्देशीय जलमार्ग के विकास को बढ़ावा देने के लिए सरकार एक बड़ा काम करने जा रही है. सरकार ने दुनिया के सबसे बड़े लग्जरी रिवर क्रूज चलाने का फैसला किया है, जो वाराणसी से बांग्लादेश के रास्ते असम के डिब्रूगढ़ तक जाएगा. इस लग्जरी क्रूज का नाम 'गंगा विलास क्रूज' है, जिसमें यात्रियों की सुख-सुविधाओं के लिए सभी आधुनिक चीजें होंगी.
50 दिन में 4000 किमी. की यात्रा
यह शानदार यात्रा 50 दिनों की होगी. यह लग्जरी क्रूज 10 जनवरी को उत्तर प्रदेश के वाराणसी से रवाना होगा और पटना, कोलकाता, बांग्लादेश की राजधानी ढाका से गुजरते हुए 1 मार्च को असम के डिब्रूगढ़ जिले के बोगीबील पहुंचेगा. 50 दिनों की यात्रा में यह क्रूज 4000 किमी. की दूरी तय करेगा.
50 से अधिक पर्यटक स्थलों का दौरा करेगा यह क्रूज
केंद्रीय बंदरगाह व जल परिवहन मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने 'लाइवमिंट' को दिए एक इंटरव्यू में इस क्रूज यात्रा के बारे में जानकारी देते हुए बताया, "गंगा विलास क्रूज 50 दिनों की सबसे लंबी नदी यात्रा के दौरान वाराणसी से डिब्रूगढ़ तक 27 रिवर सिस्टम को कवर करेगा और विश्व धरोहर स्थलों सहित 50 से अधिक पर्यटक स्थलों का दौरा करेगा." उन्होंने कहा, "क्रूज सेवाओं सहित कोस्टल और रिवर शिपिंग का विकास सरकार की प्रमुख प्राथमिकताओं में से एक है. नदियों पर यात्री यातायात को बढ़ावा दिया जाएगा. अंतर्देशीय जलमार्ग प्रणालियों का विकास किया जाएगा, जिससे व्यापार और कार्गो सेवाओं की सुविधा बढ़ेगी. इस प्रयास से इस मार्ग के आसपास के क्षेत्रों में पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा, जिससे रोजगार में भी वृद्धि होगी."
कितना होगा किराया?
इस स्पेशल लग्जरी क्रूज यात्रा का किराया कितना होगा, ये तय नहीं है, लेकिन इसमें सरकार कोई हस्तक्षेप नहीं करने वाली. इस यात्रा के लिए किराये का निर्धारण ऑपरेटर लागत के आधार पर तय करेंगे. टिकट का दाम तय करने में सरकार की कोई भूमिका नहीं रहेगी.
सर्बानंद सोनोवाल ने कहा, "लग्जरी क्रूज पर पर्यटक अलग-अलग प्लानिंग के साथ आते हैं. कुछ पर्यटक एक नियत दूरी तय करते हैं, जबकि कुछ पर्यटक पूरी यात्रा करना पसंद करते हैं. इस लग्जरी क्रूज सेवा में सभी प्रकार के पर्यटकों को सुविधा होगी." यानी यदि आप इस क्रूज से वाराणसी से पटना तक जाना चाहते हैं, तो आपको इसकी अनुमति होगी और आपसे उतनी दूरी का ही किराया लिया जाएगा.
यह क्रूज कितने दिन बाद पहुंचेगा पटना, कोलकाता और बोगीबील?
'गंगा विलास क्रूज' बांग्लादेश में 1100 किलोमीटर की दूरी तय करेगा. भारत और बांग्लादेश के बीच इसे लेकर समझौता हो चुका है, जिसके अंतर्गत दोनों देशों के बीच व्यापार और पारगमन चैनल खोल दिया है, जो गंगा और ब्रह्मपुत्र नदियों को जोड़ता है. 'गंगा विलास क्रूज' 10 जनवरी को वाराणसी से अपनी यात्रा शुरू करेगा और बक्सर, रामनगर और गाजीपुर से गुजरते हुए 8वें दिन पटना पहुंचेगा और 20वें दिन कोलकाता पहुंचेगा. उसके अगले दिन यह बांग्लादेश के बाली में प्रवेश कर जाएगा और 15 दिन तक पड़ोसी देश में चलता रहेगा. कोलकाता से चलने के 31 दिन बाद यह बोगीबील (डिब्रूगढ़) पहुंचेगा.
VIDEO : अब से साधारण बसों में भी मिलेगी ट्रेन जैसी सुविधा
टैग्स World’s Longest River Cruise