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PIB फैक्टचेकः 500 रुपये के इस नोट को न करें स्वीकार, हो सकती है बड़ी परेशानी की सच्चाई
हालत ये है कि नोटबंदी के बाद जारी हुए 500 और 2000 रुपये की नकली करेंसी भी आ गई है, जिसने एक बार फिर से भारतीय रिजर्व बैंक की चिंता को काफी बढ़ा दिया है.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 3 years ago
नई दिल्लीः आजकल बाजार में नकली और असली नोटों की भरमार है. हालत ये है कि नोटबंदी के बाद जारी हुए 500 और 2000 रुपये की नकली करेंसी भी आ गई है, जिसने एक बार फिर से भारतीय रिजर्व बैंक की चिंता को काफी बढ़ा दिया है. अब एक पोस्ट में दावा किया जा रहा है कि " ₹500के वो नोट मत लिजिए, जिसमें हरी पट्टी गांधी जी के नजदीक बनी है, क्योंकि ये नकली है. 500 रुपये के सिर्फ वही नोटें लीजिए, जिनमें हरी पट्टी RBI गवर्नर के सिग्नेचर के पास है. इस मेसेज को अपने परिवार और दोस्तों तक पहुंचाएं."
वायरल मैसेज का फैक्ट चेक
अगर आपके पास भी इस तरह का मैसेज का आया है तो ये पूरी तरह से भ्रमित करने वाला है. सेंट्रल बैंक ने कहा है कि यह पोस्ट में किया गया दावा पूरी तरह से गलत है. RBI के अनुसार दोनों ही तरह के नोट मान्य होते हैं. इसके बारे में PIB Fact Check ने ट्वीट कर लोगों को आगाह किया है.
पीआईबी ने पोस्ट किया था वीडियो
अपने इंस्टाग्राम और ट्विटर अकाउंट पर सोशल मीडिया के दावे की फैक्ट-चेकिंग करते हुए, पीआईबी ने एक वीडियो पोस्ट किया जिसमें स्पष्ट रूप से बताया गया कि 500 रुपये के दोनों प्रकार के नोट, हरे रंग की पट्टी के साथ या तो आरबीआई गवर्नर के हस्ताक्षर के पास या महात्मा गांधी की तस्वीर, दोनों वैध मुद्रा करेंसी हैं.
वीडियो के साथ, पीआईबी ने लिखा, “एक वीडियो चेतावनी दे रहा है कि 500 रुपये का कोई भी ऐसा नोट नहीं लिया जाना चाहिए जिसमें आरबीआई गवर्नर के हस्ताक्षर के बजाय गांधीजी की तस्वीर के पास हरी पट्टी हो. #PIBFactCheck: यह वीडियो फर्जी है. आरबीआई के मुताबिक, दोनों नोट वैध हैं.
पीआईबी ने जारी किया पीडीएफ दस्तावेज
पीआईबी ने इस मुद्दे को समझाते हुए एक पीडीएफ दस्तावेज का लिंक भी साझा किया. पीआईबी ने जोर देकर कहा कि दोनों नोटों के मूल्य में कोई अंतर नहीं है और सरकार द्वारा उन्हें नेत्रहीन रूप से अलग दिखाने का कोई जानबूझकर प्रयास नहीं किया गया था. इसलिए, व्यापारियों और उपभोक्ताओं दोनों को सलाह दी जाती है कि 500 रुपये के नोटों से जुड़े लेनदेन के साथ आगे बढ़ते हुए पीआईबी की तथ्य जांच की जानकारी को ध्यान में रखें.
हालांकि यह दावा झूठा निकला है, लेकिन जरूरी है कि लोग इस तरह की अफवाहों से सतर्क रहें.
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