होम / पर्सनल फाइनेंस / क्या होते हैं Passive Funds और कैसे करते हैं इन्वेस्ट?

क्या होते हैं Passive Funds और कैसे करते हैं इन्वेस्ट?

अमेरिका में Passive Funds बहुत ही ज्यादा प्रचलित हैं और अमेरिकी मार्केट में इसकी 50% से ज्यादा की हिस्सेदारी है.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 2 years ago

मार्केट में कौन सा इंडेक्स कैसा परफॉर्म कर रहा है, कौन सा मार्केट सेगमेंट कैसा परफॉर्म कर रहा है और इन सवालों के आधार पर यह निर्धारित करना कि आपको सबसे अच्छे रिटर्न्स कहां प्राप्त हो सकते हैं? एक Passive Fund आपको यह जानकारी प्रदान करता है.

बढ़ रही है मार्केट में हिस्सेदारी
हाल ही में मोतीलाल ओसवाल एसेट मैनेजमेंट कंपनी द्वारा की गई एक जांच में यह बात सामने आई है कि भारत में पिछले कुछ सालों के दौरान Passive Funds को काफी ज्यादा पसंद किया जा रहा है. 2015 में मार्केट में इनकी हिस्सेदारी जहां 1.4% हुआ करती थी, वहीं अब यह बढ़कर 17% हो गई है. मोतीलाल ओसवाल द्वारा किए गए इस सर्वे में देश भर के 2,000 इन्वेस्टर्स ने हिस्सा लिया था. इन सभी इन्वेस्टर्स ने देश में Passive Funds की स्थिति पर अपने विचार प्रकट किए. 

Passive Funds का भविष्य 
इस स्टडी के बारे में बात करते हुए मोतीलाल ओसवाल एसेट मैनेजमेंट के MD और CEO ने कहा कि पिछले कुछ समय के दौरान Passive इन्वेस्टमेंट की मांग में बहुत ही जबरदस्त तरीके से वृद्धि देखने को मिली है. इनोवेशन और एजुकेशन को लेकर हम भारत के लोगों को ज्यादा स्वे ज्यादा जागरूक करते रहेंगे और भारत में Passive Funds के भविष्य को भी समर्थन देंगे. मोतीलाल ओसवाल एसेट मैनेजमेंट कंपनी में Passive Funds के प्रमुख प्रतीक ओसवाल ने कहा कि अमेरिका में Passive Funds बहुत ही ज्यादा प्रचलित हैं और अमेरिकी मार्केट में इसकी 50% से ज्यादा की हिस्सेदारी है. पिछले कुछ समय से हमें भारत में भी ऐसे ही ट्रेंड्स देखने को मिल रहे हैं. 

सर्वे के प्रमुख तथ्य
इस सर्वे में सामने आए कुछ प्रमुख तथ्यों के बारे में बात करें तो इस सर्वे में सामने आया है कि 61% से ज्यादा लोगों ने कम से कम एक Passive Fund में इन्वेस्ट किया है. Passive Funds में इन्वेस्ट करने के तीन प्रमुख कारणों में कम कीमत, साधारण होना और मार्केट से अच्छे रिटर्न्स देना जैसे कारण शामिल हैं. 80% से ज्यादा लोगों का मानना है कि वह 3 साल या फिर ज्यादा समय के लिए अपनी इन्वेस्टमेंट को जारी रखेंगे. 
यह भी पढ़ें: 18 अगस्‍त को खुलेगा इस इंजीनियरिंग कंपनी का IPO, 75 रुपये तय हुआ रेट]

 


टैग्स
सम्बंधित खबरें

लोन लेने वालों को झटका: HDFC बैंक ने बढ़ाई ब्याज दरें, EMI पर पड़ेगा असर

HDFC बैंक ने तीन साल की मार्जिनल कॉस्ट ऑफ फंड्स बेस्ड लेंडिंग रेट (MCLR) में 0.05% की बढ़ोतरी की है. इसके बाद यह दर 8.55% से बढ़कर 8.60% हो गई है.

1 day ago

HDFC बैंक ने करंट अकाउंट नियमों में किया बदलाव, 1 जून से लागू होंगी नई लिमिट और चार्ज स्ट्रक्चर

छोटे नोट और सिक्कों के कैश डिपॉजिट पर तय हुई मासिक सीमा, लिमिट पार करने पर देना होगा अतिरिक्त शुल्क

2 days ago

सोने में निवेश का डिजिटल दौर शुरू, NSE ने लॉन्च किए EGRs

यह प्लेटफॉर्म ज्वैलर्स, रिफाइनर्स, ट्रेडर्स और बड़े संस्थागत निवेशकों के साथ-साथ रिटेल निवेशकों के लिए भी फायदेमंद है.

5 days ago

क्रेडिट कार्ड यूजर्स को बड़ी राहत, RBI ने दिया 3 दिन का ग्रेस पीरियड

यह बदलाव क्रेडिट कार्ड उपयोगकर्ताओं के लिए राहत भरा कदम माना जा रहा है और आने वाले समय में बैंकिंग अनुभव को और बेहतर बनाने की दिशा में अहम भूमिका निभा सकता है.

1 week ago

AU बैंक की नई दरें लागू, जानें FD, RD और सेविंग्स पर कितना मिलेगा रिटर्न

यह बढ़ोतरी खासतौर पर 12 से 36 महीने की FD और 36 महीने तक की RD पर लागू होगी, जो निवेशकों के बीच सबसे लोकप्रिय अवधि मानी जाती है.

23-April-2026


बड़ी खबरें

सिटी का बड़ा अलर्ट: भारत “अंडरवेट”, निफ्टी में 11.7% अपसाइड का अनुमान

सिटी ने कुछ सेक्टर्स पर सकारात्मक रुख बनाए रखा है, जिनमें बैंकिंग, टेलीकॉम, डिफेंस और फार्मास्युटिकल्स शामिल हैं. वहीं, कंज्यूमर डिस्क्रेशनरी, कंज्यूमर स्टेपल्स और आईटी सर्विसेज पर अंडरवेट रेटिंग दी गई है.

18 hours ago

अनिल अंबानी की कंपनियों पर शिकंजा,सीबीआई ने मुंबई में 17 ठिकानों पर की छापेमारी

सीबीआई ने सार्वजनिक क्षेत्र के विभिन्न बैंकों और LIC की शिकायतों के आधार पर रिलायंस ग्रुप के खिलाफ अब तक सात मामले दर्ज किए हैं. इन मामलों में हजारों करोड़ रुपये की कथित धोखाधड़ी का आरोप है.

15 hours ago

ईडी का बड़ा एक्शन: फर्जी GST बिल मामले में पंजाब सरकार के मंत्री संजीव अरोड़ा गिरफ्तार

सूत्रों के अनुसार यह कार्रवाई कथित फर्जी GST खरीद, मनी लॉन्ड्रिंग और निर्यात से जुड़े वित्तीय लेनदेन की जांच के तहत की गई.

15 hours ago

पश्चिम बंगाल में नया राजनीतिक युग शुरू, शुभेंदु अधिकारी ने ली मुख्यमंत्री पद की शपथ

शुभेंदु अधिकारी के मुख्यमंत्री बनने के साथ पश्चिम बंगाल की राजनीति में एक नया अध्याय शुरू हो गया है.

22 hours ago

बंगाल एक ब्रांड: नवयुग, आत्मविश्वास और नियति का जनादेश

इस लेख में डॉ. अनुराग बत्रा बताते हैं कि कैसे हालिया बंगाल विधानसभा चुनाव केवल राजनीति से परे एक जनादेश था.

20 hours ago