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तेजी से फैल रहा एच. पाइलोरी बैक्टीरिया, हो सकता है कैंसर; जानें कारण-लक्षण और बचाव के उपाय

कई बार बाहर का खाना खाने के कुछ देर बाद या दो-तीन दिन बाद पेट में दर्द शुरू होता है तो हो सकता है कि आप एच. पाइलेरी बैक्टीरिया की चपेट में आ जाएं.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 3 years ago

नई दिल्ली: क्या आपको भी बाहर का खाना बहुत पसंद आता है? तो जरा अब सावधान हो जाइए, क्योंकि एच. पाइलोरी नामक बैक्टीरिया तेजी से लोगों को अपना शिकार बना रहा है. यह इतना खतरनाक है कि आपको पेट का कैंसर भी हो सकता है. आप अल्सर के भी शिकार होते हैं.

पेट में लंबे समय तक रह सकता है
एच. पाइलोरी का पूरा नाम हेलिकोबैक्टर पाइलोरी है. यह एक ऐसा बैक्टीरिया है, जो पेट में आसानी से लंबे समय तक रह सकता है और अंदर ही अंदर डेवलप भी कर सकता है. यदि काफी दिनों तक पेट के अंदर बना रहा तो आप पेट के कैंसर के शिकार हो सकते हैं. यह ज्यादातर अशुद्ध खाना, खासकर बाहर का खाना खाने से होता है.

70 फीसदी लोग इसके शिकार
कई बार बाहर का खाना खाने के कुछ देर बाद या दो-तीन दिन बाद पेट में दर्द शुरू होता है तो हो सकता है कि आप एच. पाइलेरी बैक्टीरिया की चपेट में आ जाएं. इसके कारण कई बार पेट में सूजन भी हो सकता है. पेट के अंदर एसिड के कारण कई बैक्टीरिया तो मर जाते हैं, पर यह इतना खतरनाक होता है कि इसपर कोई असर नहीं होता. एक्सपर्ट्स के अनुसार, भारत में करीब 70 फीसदी लोग एच. पाइलोरी के शिकार हैं.

इन्हें ज्यादा सावधान रहने की जरूरत
यदि आपके परिवार में पेट के कैंसर की हिस्ट्री तो आपको ज्यादा सावधान रहने की जरूरत है. स्ट्रीट फूड या फिर रेस्टोरेंट का खाना डेली खाने पर आप इसके आसानी से शिकार बन जाएंगे और जब आपको इसका पता चलेगा, तब तक काफी देर हो जाएगी. 

11 प्रतिशत लोग फूड डिलीवरी ऐप से मंगाते हैं खाना
फूड सर्विसेज रिपोर्ट के अनुसार, भारत में 3 प्रतिशत लोग डेली बाहर का खाना खाते हैं. 44 फीसदी लोग महीने में तीन बार बाहर का खाना खाते हैं. भारत में 27 प्रतिशत ऐसे लोग हैं, जो सप्ताह में एक बार बाहर का खाना जरूर खाते हैं. 11 प्रतिशत लोग तो फूड डिलीवरी ऐप के जरिए खाना मंगाना पसंद करते हैं. एक्सपर्ट के अनुसार फूड डिलीवरी ऐप आने के बाद लोगों का बाहर का खाना खाने की प्रवृत्ति में तेजी से इजाफा हुआ है.

एच. पाइलोरी के क्या हैं लक्षण
एच. पाइलोरी के साथ समस्या ये है कि इसके लक्षण जल्दी सामने नहीं आते. डॉक्टर की सलाह पर ब्लड टेस्ट, स्टूल टेस्ट, एंडोस्कोपी या बायोप्सी करवाकर इसका पता लगाया जा सकता है, लेकिन कुछ ऐसे सामन्य लक्षण जरूर हैं, जिससे एच. पाइलोरी की संभावना हो सकती है. जैसे- लगातार डकार आना, जी मिचलाना, उल्टी, पेट दर्द, सांस से बदबू आना, हार्टबर्न, भूख कम लगना, थकान, स्टूल के कलर में बदलाव.

एच. पाइलोरी के कारण क्या-क्या बीमारियां हो सकती हैं
यदि आप एच. पाइलोरी की चपेट में बुरी तरह घिर चुके हैं तो आप अल्सर, पेट में सूजन, पेट के कैंसर जैसी जानलेवा बीमारियों से भी पीड़ित हो सकते हैं. पेट दर्द और एसिडिटी की समस्या, पेट फूलने जैसी परेशानियों से हमेशा पीड़ित रह सकते हैं.

बचाव के क्या हैं उपाय
- हमेशा खाने से पहले और खाने के बाद हाथ को अच्छी तरह धोएं.
- बाहर का खाना खाना तुरंत बंद करें.
- बाहर का पानी पीने से भी आप इस बैक्टीरिया की चपेट में आ सकते हैं, इसलिए बाहर का पानी न पिएं.
- सब्जियों को बनाने से पहले अच्छी तरह धो लें.
- तेल-मिर्च, मसाला, जितना हो सके, उतना कम खाएं. 
- रिफाइंड का प्रयोग तो बिल्कुल न करें.

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