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डिजिटल पेमेंट ने कैसे बदल दिया पूरा खेल जो बन गया एक रिकॉर्ड, समझिए

मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार, 2013 से अब तक 24.8 लाख करोड़ रुपये डीबीटी के जरिए ट्रांसफर किए जा चुके हैं, जबकि वर्ष 2021-22 में डेली लगभग 90 लाख डीबीटी पेमेंट की जा रही है.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 4 years ago

नई दिल्ली: भारत में डिजिटल ट्रांजेक्शन की रफ्तार तेजी से बढ़ती जा रही है. आज बाजार में सब्जी लेने से लेकर किराने का सामान हो या कोई बड़ी शॉपिंग, हर जगह अलग-अलग कंपनियों के डिजिटल ट्रांजेक्शन होने के कारण हर कोई बिना कैश के आसानी से पेमेंट कर पा रहा है. इसी का यह नतीजा है कि देश के डिजिटल ट्रांजेक्शन के आंकड़ो ने एक नया रिकार्ड बनाया है.

क्या कहते हैं आंकड़े
इलेक्ट्रॉनिक मंत्रालय की ओर से जारी आंकड़ों के अनुसार भारत में डेली 284 मिलियन ट्रांजेक्शन हो रहे हैं. इलेक्ट्रॉनिक्स, सूचना तकनीक और स्किल डेवलपमेंट मंत्री राजीव चंद्रशेखर ने कहा कि पीएम नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में आज डिजिटल पेमेंट देश के करोड़ों लोगों को लाभ पहुंचा रहा है.

कब से शुरू हुआ डिजिटल पेमेंट का सफर
2013 से शुरू हुआ डिजिटल पेमेंट का ये सफर हर बीतते साल के साथ तेजी से आगे बढ़ रहा है. मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार, 2013 से अब तक 24.8 लाख करोड़ रुपये डीबीटी के जरिए ट्रांसफर किए जा चुके हैं, जबकि वर्ष 2021-22 में डेली लगभग 90 लाख डीबीटी पेमेंट की जा रही है.

एक क्लिक में ट्रांजेक्शन
इन पेमेंट्स का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि अकेले किसान सम्मान निधि की 11 वीं किश्त में 20 हजार करोड़ रुपये 10 करोड़ लाभार्थियों के खातों में ट्रांसफर किए गए हैं, जिसमें 10 करोड़ से ज्यादा ट्रांजेक्शन एक क्लिक में किए गए हैं.

डेली 28.4 करोड़ रुपये डिजिटल पेमेंट
सबसे दिलचस्प बात ये है कि वर्ष 2021-22 में 8840 करोड़ डिजिटल ट्रांजेक्शन किए गए हैं, जबकि 2022-23 में अब तक 3300 करोड़ डिजिटल ट्रांजेक्शन किए गए हैं. इन ट्रांजेक्शन को यदि प्रतिदिन के औसत में बांटें तो देश में डेली 28.4 करोड़ रुपये डिजिटल पेमेंट किए जा रहे हैं.

भारत में कितना होता है डिजिटल ट्रांजेक्शन
भारत में अगर डिजिटल ट्रांजेक्शन की क्रोनोलॉजी को देखें तो समझ में आता है कि कैसे पिछले कुछ सालों में डिजिटल ट्रांजेक्शन हर साल बढ़ते जा रहे हैं. एक आंकड़े के अनुसार, 2017-18 में जहां भारत में 2071 करोड़ रुपये का ट्रांजेक्शन होता था, वहीं 2018-19 में ये ट्रांजेक्शन 3134 करोड़ रुपये तक पहुंच गया.

भीम यूपीआई लोगों की पहली पसंद
ठीक उसी तरह 2019-20 में ये आंकड़ा 4572 करोड़ रुपये तक जा पहुंचा और 2020-21 में ये आंकड़ा 5554 करोड़ रुपये तक जा पहुंचा. सबसे दिलचस्प बात ये है कि इन सभी डिजिटल पेमेंट में लोगों की पहली पसंद भीम यूपीआई बना हुआ है. भीम यूपीआई से अकेले 452 करोड़ रुपये डिजिटल पेमेंट हुई है, जिसकी कीमत 8.27 लाख करोड़ रुपये है.

FY Digital Payment 2017-18 2071 करोड़ 2018-19 3134 करोड़ 2019-20 4572 करोड़ 2020-21 5554 करोड़

भारत में सिर्फ यूपीआई पेमेंट की क्रोनोलॉजी

FY यूपीआई बेस्ड पेमेंट 2017-18 9 लाख करोड़ 2018-19 21 लाख करोड़ 2019-20 41 लाख करोड़ 2020-21 81 लाख करोड़

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