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Neet पर सुप्रीम कोर्ट ने अपनाया सख्त रवैया, कहा 0.0001 प्रतिशत पर भी होना चाहिए सख्त एक्शन
नीट में सामने आई अनियमित्ताओं को लेकर 13 जून को भी सुनवाई हुई थी. इस दिन नीट की ओर से प्रभावित 1563 स्टूडेंट के परीक्षा फिर से करवाने के प्रस्ताव को सुप्रीम कोर्ट ने स्वीकार कर लिया था.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 1 year ago
नीट विवाद पर सुनवाई कर सुप्रीम कोर्ट की वैकेशन बेंच ने मंगलवार को एक बार फिर इस मामले की सुनवाई की. सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में गंभीर टिपपड़ी करते हुए कहा कि अगर 0.01 प्रतिशत की कमी किसी के भी स्तर पर रह जाती है तो उस पर गंभीर कार्रवाई की जानी चाहिए.अब इस मामले पर भी सुनवाई 8 जुलाई को होने की उम्मीद है. इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने काउंसिलिंग पर रोक लगाने से इनकार कर दिया था. उसी सुनवाई में एनटीए की ओर से 1563 छात्रों का फिर से एग्जाम कराने की भी बात कही थी.
मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट में क्या हुआ?
मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट में जब इस मामले की सुनवाई हुई तो उस वक्त दो जजों की बेंच जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस एस वी भाटी की ओर से इस मामले की सुनवाई की गई. इस मामले पर सुनवाई करते हुए इस परीक्षा में काफी गंभीर प्रतिक्रिया देखने को मिली. जजों की ओर से कहा गया कि अगर परीक्षा से जुड़े किसी भी पक्षकार के स्तर पर 0.01 प्रतिशत भी खामी रहती है तो उसका समाधान गंभीरता से किया जाना चाहिए. सुप्रीम कोर्ट अब इस मामले को भी पुराने मामले के साथ 8 जुलाई को सुनवाई कर सकता है. सुप्रीम कोर्ट का ये ऑब्जर्वेशन इस मामले में तब आया है जब इससे पहले एनटीए इस परीक्षा को फिर से कराने की बात कर चुका है.
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वकीलों ने कही ये बात
इस मामले में याचिकाकर्ता विजय की ओर से दायर हुए वकील ने कहा कि अदालत को इस बात को समझना चाहिए कि आखिर स्टूडेंट ने इसके लिए कितनी कोशिश की है. वहीं एनटीए और सरकार की ओर से पेश हुए वकील कानू अग्रवाल ने कहा कि ने कहा कि कोर्ट को इस मामले में कोई ऑब्जर्वेशन तब तक नहीं देना चाहिए जब तक इस मामले में जवाब दाखिल नहीं हो जाता है. वही सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में कहा कि हम इस मामले में समय से एक्शन चाहते हैं. कोर्ट ने आगे कहा कि अगर किसी तरह की गलती होती है तो ऐसे में ये मानना चाहिए और गलती हुई है और हम उसे सुधारने के लिए ये काम कर रहे हैं.
13 जून को भी हुई थी सुनवाई
नीट में सामने आई अनियमित्ताओं को लेकर 13 जून को भी सुनवाई हुई थी. इस दिन नीट की ओर से प्रभावित 1563 स्टूडेंट के परीक्षा फिर से करवाने के प्रस्ताव को सुप्रीम कोर्ट ने स्वीकार कर लिया था. सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के वक्त एनटीए की ओर से कहा गया था कि 23 जून को एग्जाम कराया जाएगा जबकि 30 जून तक उसका रिजल्ट भी दे दिया जाएगा. गौरतलब है कि नीट परीक्षा की काउंसिलिंग 4 जुलाई से शुरू हो रही है.
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