होम / बिजनेस / कच्चे माल की बढ़ती लागत से मारुति सुजुकी पर दबाव, कीमतें बढ़ाने की आशंका : HSBC

कच्चे माल की बढ़ती लागत से मारुति सुजुकी पर दबाव, कीमतें बढ़ाने की आशंका : HSBC

रिपोर्ट के मुताबिक वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला में बाधाएं, कच्चे माल की अस्थिर कीमतें और भू-राजनीतिक अनिश्चितताएं निकट अवधि में लागत दबाव को बढ़ाए रख सकती हैं.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 3 months ago

देश की सबसे बड़ी कार निर्माता कंपनी मारुति सुजुकी (Maruti Suzuki India) के शेयरों पर निवेशकों की नजर बनी रह सकती है. वैश्विक ब्रोकरेज फर्म HSBC ने चेतावनी दी है कि कच्चे माल की बढ़ती लागत के कारण कंपनी को जल्द ही वाहनों की कीमतें बढ़ानी पड़ सकती हैं.

कच्चे माल की कीमतों में तेज बढ़ोतरी

एचएसबीसी की ताजा शोध रिपोर्ट के अनुसार कमोडिटी यानी कच्चे माल की कीमतों में तेज उछाल के कारण कंपनी के लाभ मार्जिन पर दबाव बढ़ रहा है. रिपोर्ट में कहा गया है कि कमोडिटी लागत सूचकांक दिसंबर तिमाही के स्तर की तुलना में लगभग 20 प्रतिशत बढ़ चुका है. इससे वाहन निर्माता कंपनी की लाभप्रदता पर उल्लेखनीय असर पड़ सकता है.

मार्जिन पर पड़ सकता है असर

ब्रोकरेज का अनुमान है कि कमोडिटी लागत सूचकांक में 20 प्रतिशत की वृद्धि से परिचालन मार्जिन पर करीब 200 आधार अंकों का प्रभाव पड़ सकता है. यदि कच्चे माल की कीमतों में मौजूदा तेजी जारी रहती है और निकट भविष्य में इसमें कमी नहीं आती, तो मारुति सुजुकी के लिए लागत का पूरा बोझ खुद वहन करना मुश्किल हो सकता है. ऐसी स्थिति में कंपनी को कीमतें बढ़ाकर कुछ बोझ उपभोक्ताओं पर डालना पड़ सकता है.

कीमत बढ़ने से मांग पर पड़ सकता है असर

एचएसबीसी ने यह भी कहा कि यदि वाहनों की कीमतों में बढ़ोतरी होती है तो इसका असर मांग पर पड़ सकता है. खासकर यात्री वाहन खंड में, जहां कीमत को लेकर ग्राहक अधिक संवेदनशील होते हैं और मारुति सुजुकी की मजबूत मौजूदगी है. हालांकि रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि उत्पादन क्षमता से जुड़ी चुनौतियों के बावजूद कंपनी भारतीय वाहन बाजार में अपनी बाजार हिस्सेदारी बनाए रखने में काफी हद तक सफल रही है.

वैश्विक कारणों से भी बढ़ा दबाव

रिपोर्ट के मुताबिक वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला में बाधाएं, कच्चे माल की अस्थिर कीमतें और भू-राजनीतिक अनिश्चितताएं निकट अवधि में लागत दबाव को बढ़ाए रख सकती हैं. इन कारणों से मार्च तिमाही और उसके बाद भी कंपनी के मार्जिन पर असर पड़ने की आशंका जताई गई है.

लक्ष्य मूल्य घटाया, लेकिन खरीद की सलाह बरकरार

इन चिंताओं के बावजूद एचएसबीसी ने इस शेयर पर अपनी ‘खरीद’ रेटिंग बरकरार रखी है. हालांकि ब्रोकरेज ने लक्ष्य मूल्य घटाकर 18,000 रुपये कर दिया है. यह संशोधित लक्ष्य मूल्य कंपनी के पिछले बंद भाव 14,471 रुपये की तुलना में करीब 20 प्रतिशत की संभावित बढ़त का संकेत देता है.

विश्लेषकों का रुख अब भी सकारात्मक

रिपोर्ट में दिए गए Bloomberg के आंकड़ों के अनुसार मारुति सुजुकी को कवर करने वाले अधिकांश विश्लेषक कंपनी की संभावनाओं को लेकर सकारात्मक बने हुए हैं. कुल 51 विश्लेषकों में से 37 ने शेयर खरीदने की सलाह दी है, 12 ने इसे होल्ड रखने को कहा है, जबकि केवल दो विश्लेषकों ने इसे बेचने की सलाह दी है.
 


टैग्स
सम्बंधित खबरें

₹860 करोड़ का कोहिनूर सौदा, राज ठाकरे की चुप्पी

एक राजनेता एक रियल एस्टेट सौदे में प्रवेश करता है. एक सरकारी संस्था से जुड़ी वित्तीय कंपनी ₹225 करोड़ का निवेश करती है. फिर वही संस्था ₹135 करोड़ के नुकसान के साथ उस सौदे से बाहर निकलती है.

3 hours ago

Truhome Finance को 3,000 करोड़ रुपये के आईपीओ के लिए सेबी की मंजूरी

कंपनी के कुल एयूएम में 57.37 प्रतिशत हिस्सा हाउसिंग लोन का है, जबकि 39.22 प्रतिशत हिस्सा लोन अगेंस्ट प्रॉपर्टी का है. अन्य ऋण उत्पादों की हिस्सेदारी 3.41 प्रतिशत है.

4 hours ago

सीएम विजय का बड़ा दांव, ₹1 लाख करोड़ के निवेश से तमिलनाडु में 93 हजार नौकरियां

विजय सरकार ने वर्ष 2035 तक तमिलनाडु को 1.5 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने का लक्ष्य रखा है. इसी दिशा में शुरुआती महीनों में कई बड़े निवेश समझौते किए गए हैं.

5 hours ago

देश और अर्थव्यवस्था को लेकर आश्वस्त हैं शहरी भारतीय, इप्सोस रिपोर्ट में सामने आई सकारात्मक तस्वीर

रिपोर्ट के अनुसार, भारत में लोगों की प्रमुख चिंताओं में बेरोजगारी, वित्तीय और राजनीतिक भ्रष्टाचार, अपराध और हिंसा, शिक्षा, गरीबी तथा सामाजिक असमानता शामिल हैं.

6 hours ago

ऋषिकेश में शुरू होगा पहला कॉन्ट्रास्ट थेरेपी सर्किट

यह ऋषिकेश का पहला समर्पित कॉन्ट्रास्ट थेरेपी सर्किट होगा, जिसमें सॉना, आइस बाथ और गर्म पानी के पूल का अनुभव एक क्रमबद्ध थर्मल यात्रा के रूप में दिया जाएगा.

7 hours ago


बड़ी खबरें

₹860 करोड़ का कोहिनूर सौदा, राज ठाकरे की चुप्पी

एक राजनेता एक रियल एस्टेट सौदे में प्रवेश करता है. एक सरकारी संस्था से जुड़ी वित्तीय कंपनी ₹225 करोड़ का निवेश करती है. फिर वही संस्था ₹135 करोड़ के नुकसान के साथ उस सौदे से बाहर निकलती है.

3 hours ago

मिडिल ईस्ट प्रैक्टिस के लिए प्राइमस पार्टनर्स ने मोहन दोईफोडे को बनाया MD

पूर्व डेलॉइट कंसल्टिंग लीडर GCC क्षेत्र में कंपनी के विस्तार और क्लाइंट संबंधों को देंगे नई दिशा

3 hours ago

GDP से आगे: क्यों भारत की प्रगति का पैमाना सिर्फ आर्थिक वृद्धि नहीं, बल्कि खुशहाली और जीवन गुणवत्ता भी होना चाहिए

पूर्व उत्तर प्रदेश मुख्य सचिव और लेखक आलोक रंजन का मानना है कि भारत की विकास यात्रा को केवल आर्थिक उत्पादन तक सीमित नहीं रहना चाहिए. उनके अनुसार, खुशहाली, जीवन की गुणवत्ता, शिक्षा, स्वास्थ्य और समावेशी विकास को भी प्रगति का महत्वपूर्ण पैमाना बनाया जाना चाहिए.

8 hours ago

Truhome Finance को 3,000 करोड़ रुपये के आईपीओ के लिए सेबी की मंजूरी

कंपनी के कुल एयूएम में 57.37 प्रतिशत हिस्सा हाउसिंग लोन का है, जबकि 39.22 प्रतिशत हिस्सा लोन अगेंस्ट प्रॉपर्टी का है. अन्य ऋण उत्पादों की हिस्सेदारी 3.41 प्रतिशत है.

4 hours ago

दुनिया ने बनाया युवा संस्कृति का संग्रहालय, भारत को चाहिए ऐसे दर्जनों संग्रहालय

इस संग्रहालय को अलग बनाने वाली बात इसकी वस्तुओं को संग्रहित करने की सोच है. टीम अपने दृष्टिकोण को "बॉटम-अप क्यूरेशन" कहती है, जिसे जानबूझकर हस्तनिर्मित रखा गया है.

4 hours ago