✕

होम / बिजनेस / अब सैटेलाइट तकनीक से होगा टोल कलेक्‍शन, NHAI ने शुरू की तैयारी 

अब सैटेलाइट तकनीक से होगा टोल कलेक्‍शन, NHAI ने शुरू की तैयारी 

भारत के तेजी से बढ़ते इंफ्रास्‍ट्रक्‍चर में लगातार नेशनल हाईवे का विकास हो रहा है. ,ऐसे में अगर कंपनियों को इस टेंडर प्रक्रिया में भाग लेना है तो उसके लिए उन्‍हें 22 जुलाई तक आवेदन करना होगा.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 2 years ago

पहले जहां नेशनल हाईवे के टोल पर मैनुअल तरीके से टोल जमा होता था तो उसके कारण लंबी लाइनें लगती थी. लेकिन उसके बाद तकनीक बदली और फास्‍टैग सिस्‍टम  आ गया.इस सिस्‍टम ने पहले के सिस्‍टम से काफी बदलाव कर दिया. लेकिन अब सरकार ने उससे भी बेहतर तरीके को लेकर पूरी दुनिया भर की कंपनियों के लिए निविदाएं जारी की हैं. अगर सबकुछ ठीक रहा तो जल्‍द ही भारत के टोल पर भी निर्बाध तरीके से टोल टैक्‍स जमा हो जाएगा और आपको रूकना भी नहीं पड़ेगा. 

आखिर क्‍या है ये सिस्‍टम ? 
नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया की ओर से सैटेलाइट बेस जीएनएसस आधारित इलेक्‍ट्रॉनिक टोल कलेक्‍शन सिस्‍टम विकसित करने और उसे लगाए जाने के लिए ग्‍लोबल टेंडर जारी किया गया है. एनएसएआई की योजना है कि मौजूदा फास्‍टैग सिस्‍टम के अंदर इस जीएनएसस सिस्‍टम को लॉन्‍च किया जाए. जिन कारों से लेकर दूसरे वाहनों में ये सिस्‍टम लग जाएगा उन्‍हें एक डेडीकेटेड लेन मुहैया कराया जाएगा. जिन कारों में ये सिस्‍टम इंस्‍टाल किया जाएगा उन्‍हें उन जगहों पर रूकना नहीं पड़ेगा. एनएचएआई का कहना है कि जैसे-जैसे इस सिस्‍टम को लगाने वाले वाहनों की संख्‍या बढ़ेगी वैसे वैसे लेन भी बढ़ाए जाएंगे. 

ये भी पढ़ें: NEET परीक्षा में शिकायतों की हाई पावर्ड समिति करेगी जांच, इतने छात्रों से जुड़ा है मामला

22 जुलाई तक कंपनियां कर सकेंगी आवेदन 
भारत के तेजी से बढ़ते इंफ्रास्‍ट्रक्‍चर में लगातार नेशनल हाईवे का विकास हो रहा है. ,ऐसे में अगर कंपनियों को इस टेंडर प्रक्रिया में भाग लेना है तो उसके लिए उन्‍हें 22 जुलाई तक आवेदन करना होगा. ये टेक्‍नोलॉजी पूरी दुनिया में उन्‍नत किस्‍म की लेटेस्‍ट तकनीक है. इस तकनीक के इंस्‍टाल होने के बाद टोल टैक्‍स को लेकर होने वाली चोरी को पूरी तरह से खत्‍म किया जा सकेगा. इससे जहां लोगों को तय दूरी का चार्ज देना होगा वहीं मंत्रालय का मानना है कि इससे टोल कलेक्‍शन में भी इजाफा होगा. 

दुनिया के कई देशों में काम कर रहा है ये सिस्‍टम 
ये अपनी तरीके का एक आधुनिक टोल कलेक्‍शन सिस्‍टम है जो दुनिया के कई देशों में चल रहा है. इस सिस्‍टम के लॉन्‍च होने के बाद टोल टैक्‍स पर अभी लगने वाली लाइन पूरी तरह से खत्‍म हो जाएगी. अभी फास्‍टैग के आने के बाद पहले के मुकाबले लाइनों का कतार काफी कम हो गई है लेकिन इस सिस्‍टम के आने के बाद लगभग पूरी तरह से खत्‍म हो जाएगी.   


टैग्स
सम्बंधित खबरें

भारत में 49.6 करोड़ लोग गरीबी से बाहर निकले, अब घटेगी रफ्तार! रोजगार और कम कमाई बनी चुनौती

विश्व बैंक की रिपोर्ट के मुताबिक, 2011 से 2023 के बीच भारत में करीब 49.6 करोड़ लोग गरीबी से बाहर निकले. इसके बावजूद ग्रामीण इलाकों में गरीबी की दर शहरी क्षेत्रों से दोगुने से ज्यादा है.

1 minute ago

रुपये को सहारा देने वाले RBI के नए नियमों पर बैंकों को राहत की मांग, 20% कैश जमा की जगह शुल्क लगाने का प्रस्ताव

विदेशी मुद्रा डेरिवेटिव सौदों पर 20% नकद जमा की अनिवार्यता और 20 लाख डॉलर की सीमा को लेकर बैंकों ने RBI से नियमों में बदलाव की मांग की है.

3 hours ago

IMF ने बढ़ाया भारत की GDP ग्रोथ का अनुमान, FY27 और FY28 में 7% वृद्धि की उम्मीद

घरेलू मांग और सेवा क्षेत्र की मजबूती से भारत की अर्थव्यवस्था को सहारा मिलने का अनुमान है. IMF ने वित्त वर्ष 2027 के लिए ग्रोथ का अनुमान 6.4% से बढ़ाकर 7% किया, जबकि वैश्विक स्तर पर पश्चिम एशिया संघर्ष और महंगाई का जोखिम बरकरार है.

3 hours ago

सेंसेक्स में 547 अंक की गिरावट के बाद आज कैसी रहेगी बाजार की चाल? इन शेयरों में दिखेगी हलचल

भारतीय शेयर बाजार में सोमवार को भारी बिकवाली देखने को मिली. सेंसेक्स 547 अंक टूटकर बंद हुआ, जबकि निफ्टी में भी 157 अंकों की गिरावट दर्ज की गई.

4 hours ago

भारत का असली बॉस, JIO ने IPO का आकार घटाकर ₹30,000 करोड़ किया

JIO के इश्यू का आकार करीब ₹37,000 करोड़ से घटकर ₹30,000 करोड़ रह गया है, वैल्यूएशन ₹10.3 लाख करोड़ और ग्रे-मार्केट प्रीमियम ₹50 पर आ गया है. मस्क के चार दिनों तक चले हमले में रिलायंस ग्रुप के प्रमुख को ‘प्रधानमंत्री अंबानी’ कहे जाने के बाद, भारत का अब तक का सबसे बड़ा आईपीओ बनने की तैयारी में लगा यह इश्यू हुंडई से आगे निकलने के लिए संघर्ष कर रहा है.

14 hours ago


बड़ी खबरें

भारत में 49.6 करोड़ लोग गरीबी से बाहर निकले, अब घटेगी रफ्तार! रोजगार और कम कमाई बनी चुनौती

विश्व बैंक की रिपोर्ट के मुताबिक, 2011 से 2023 के बीच भारत में करीब 49.6 करोड़ लोग गरीबी से बाहर निकले. इसके बावजूद ग्रामीण इलाकों में गरीबी की दर शहरी क्षेत्रों से दोगुने से ज्यादा है.

1 minute ago

रुपये को सहारा देने वाले RBI के नए नियमों पर बैंकों को राहत की मांग, 20% कैश जमा की जगह शुल्क लगाने का प्रस्ताव

विदेशी मुद्रा डेरिवेटिव सौदों पर 20% नकद जमा की अनिवार्यता और 20 लाख डॉलर की सीमा को लेकर बैंकों ने RBI से नियमों में बदलाव की मांग की है.

3 hours ago

IMF ने बढ़ाया भारत की GDP ग्रोथ का अनुमान, FY27 और FY28 में 7% वृद्धि की उम्मीद

घरेलू मांग और सेवा क्षेत्र की मजबूती से भारत की अर्थव्यवस्था को सहारा मिलने का अनुमान है. IMF ने वित्त वर्ष 2027 के लिए ग्रोथ का अनुमान 6.4% से बढ़ाकर 7% किया, जबकि वैश्विक स्तर पर पश्चिम एशिया संघर्ष और महंगाई का जोखिम बरकरार है.

3 hours ago

भारत का असली बॉस, JIO ने IPO का आकार घटाकर ₹30,000 करोड़ किया

JIO के इश्यू का आकार करीब ₹37,000 करोड़ से घटकर ₹30,000 करोड़ रह गया है, वैल्यूएशन ₹10.3 लाख करोड़ और ग्रे-मार्केट प्रीमियम ₹50 पर आ गया है. मस्क के चार दिनों तक चले हमले में रिलायंस ग्रुप के प्रमुख को ‘प्रधानमंत्री अंबानी’ कहे जाने के बाद, भारत का अब तक का सबसे बड़ा आईपीओ बनने की तैयारी में लगा यह इश्यू हुंडई से आगे निकलने के लिए संघर्ष कर रहा है.

14 hours ago

महंगाई 7% तक पहुंचने का खतरा, RBI रेपो रेट में फिर कर सकता है 150 बेसिस पॉइंट तक की बढ़ोतरी

रिपोर्ट के अनुसार, महंगाई को ध्यान में रखते हुए वास्तविक ब्याज दर कम से कम 1 फीसदी बनाए रखने के लिए रेपो रेट को बढ़ाकर 6.5-7 फीसदी तक करना पड़ सकता है.

19 hours ago