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आपका मुंह मीठा करने वालीं चॉकलेट कंपनियों का बिगड़ा जायका, टैक्स के फेर में फंसी
टैक्स के फेर में कई चॉकलेट कंपनियां फंस गई हैं. उन पर कम GST भरने का आरोप है. इन कंपनियों को नोटिस भी जारी किए गए हैं.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 1 year ago
कई बेकरी और चॉकलेट निर्माता कंपनियां मुश्किल में पड़ गई हैं. इन पर कम GST यानी गुड्स एवं सर्विस टैक्स भरने का आरोप है. एक मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, वस्तु सेवा कर खुफिया महानिदेशालय (DGGI) ने करीब एक दर्जन ऐसी कंपनियों को नोटिस जारी किया है, जिन्होंने 18% के बजाए 5 प्रतिशत की दर से टैक्स का भुगतान किया है.
12 कंपनियों को नोटिस
रिपोर्ट में बताया गया है कि करीब 12 कंपनियों को निर्धारित टैक्स से कम का भुगतान करने के लिए नोटिस भेजे गए हैं. DGGI का कहना है कि 5 प्रतिशत GST रेस्टोरेंट्स क लिए है, चॉकलेट मेकर या बेकरी के लिए नहीं. उन्हें 18 प्रतिशत की दर से टैक्स का भुगतान करना होता है. DGGI मुंबई और अहमदाबाद ने कुछ फेमस कंपनियों को लंबित जीएसटी बकाया के लिए नोटिस भेजे गए हैं.
1000 करोड़ की देनदारी
रिपोर्ट के अनुसार, जांच के दायरे में आने वाली कंपनियों पर बेशक व्यक्तिगत टैक्स बकाया बहुत ज्यादा न हो, लेकिन संभावित जुर्माना और ब्याज को छोड़कर, उद्योग की कुल देनदारी 1000 करोड़ रुपए से अधिक हो सकती है. कुछ वक्त पहले भी इसी तरह का एक मामला सामने आया था, जब DGGI ने आइसक्रीम पार्लरों को नोटिस जारी करते हुए 18% की दर से कर का भुगतान करने को कहा था.
यहां कब होगी प्रगति?
अब जब GST की बात निकली है, तो यह भी बता देते हैं कि पेट्रोल-डीजल को इसके दायरे में लाने को लेकर अब तक कोई अपडेट नहीं आया है. इसी साल जून में पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने कहा था कि सरकार का प्रयास होगा कि पेट्रोल-डीजल और नेचुरल गैस जैसे ईंधन को वस्तु एवं सेवा कर (GST) के दायरे में लाया जाए. वैसे यह पहली बार नहीं था जब पुरी ने पेट्रोल और डीजल को जीएसटी के दायरे में लाने की बात कही. उन्होंने पहले भी इस पर जोर दिया था और यह भी कहा था कि पेट्रोल और डीजल को GST के तहत लाने के लिए राज्यों को सहमत होना होगा. क्योंकि ईंधन और शराब उनके राजस्व का प्रमुख सोर्स हैं. वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने भी पिछले साल नवंबर में कहा था कि पेट्रोल-डीजल को GST के दायरे में लाने से लोगों को फायदा होगा. हालांकि, बयानों के अलावा सरकार इस दिशा में कुछ करती नज़र नहीं आ रही है.
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