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आने वाले 20 सालों में दुनियाभर के एविएशन सेक्टर में होगी इतने लाख लोगों की जरूरत
बोइंग की ये रिपोर्ट बताती है कि आने वाले 20 सालों में पूरी दुनिया में विमानों की संख्या दोगुनी हो जाएगी. इसके चलते बड़ी संख्या में लोगों की जरूरत पैदा होने वाली है.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 2 years ago
पिछले कुछ समय में जिस तरह से भारत की दो एविएशन कंपनियों ने बड़े ऑर्डर प्लेस किए हैं, उसके बाद इस बाजार में तेजी से आ गई है. एविएशन बाजार में विमानों का ऑर्डर कितनी तेजी से दिया जा रहा है इसका अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि स्पॉइस जेट को विमानों की आपूर्ति 2030 से होगी. ऐसे में बोइंग की रिपोर्ट कहती है कि आने वाले समय में इस सेक्टर में 23 लाख लोगों की जरूरत होने जा रही है.
क्या कहती है बोइंग की ये रिपोर्ट
मीडिया रिपोर्ट में बोइंग की इस रिपोर्ट के हवाले से कहा गया है कि अगर कमर्शियल बेड़े और यात्रा में बढ़ोतरी करनी है तो ऐसे में अंतर्राष्ट्रीय विमानन कंपनियों को 2042 तक 2.3 मिलियन नए कर्मचारियों की आवश्यकता होगी.
अमेरिकी विमान कंपनी की रिपोर्ट ये भी कहती है कि जब वाणिज्यिक विमान बेड़े 20 वर्षों में दोगुना हो जाएंगे तो उस वक्त 649,000 पायलटों, 690,000 तकनीशियनों और 938,000 केबिन क्रू सदस्यों की आवश्यकता होगी. रिपोर्ट ये भी कहती है कि इंटरनेशनल लेवल पर फैली कोविड महामारी की समस्या के कम होने और घरेलू यात्रा के अपने पूर्व के स्तर पर आने के बाद उनकी मांग में तेजी बनी हुई है.
क्या बोले बोइंग के ट्रेनर हेड
बोइंग ग्लोबल सर्विसेज के वाणिज्यिक प्रशिक्षण समाधान के उपाध्यक्ष क्रिस ब्रूम ने कहा, हमारी योग्यता-आधारित ट्रेनिंग और असेसमेंट भविष्य और वर्तमान विमानन पेशेवरों के लिए उच्च गुणवत्ता वाली ट्रेनिंग को सुनिश्चित करने में मदद करेगी और वर्चुअल प्रशिक्षण समाधानों के माध्यम से विमानन सुरक्षा को बढ़ाना जारी रखेगी.
विमानों की संख्या बढ़ने के बाद अगर दक्षिण एशिया में उड़ान संचालन के लिए अगले 20 वर्षों में स्टॉफ की जरूरत देखें तो 37,000 नए पायलट, 38,000 तकनीशियन और 45,000 केबिन क्रू सदस्यों की आवश्यकता होगी. दक्षिण पूर्व एशिया में 58,000 नए पायलट, 73,000 तकनीशियन और 89,000 केबिन क्रू सदस्यों की मांग होगी. चीन को 134,000 नए पायलट, 138,000 तकनीशियन और 161,000 केबिन क्रू सदस्यों की आवश्यकता होगी.
यात्रियों की संख्या में कितना हुआ है इजाफा
वहीं अगर नागरिक उड्डयन महानिदेशालय के आंकड़ों पर नजर डालें तो भारत में घरेलू एयरलाइनों ने 33 प्रतिशत वार्षिक यात्री वृद्धि दर्ज की है. गौरतलब ये भी है कि उन्होंने 2023 की पहली छमाही में पिछले वर्ष की समान अवधि में 57.2 मिलियन की तुलना में इस वर्ष 76 मिलियन लोगों को यात्रा कराई है. भारतीय एयरलाइंस ने बोइंग और एयरबस जैसे निर्माताओं से नए विमानों के ऑर्डर भी दिए हैं. एयर इंडिया ने बोइंग और एयरबस को 470 विमानों का ऑर्डर दिया है. इंडिगो ने एयरबस को 500 विमानों का ऑर्डर दिया है.
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