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Apple ने लगाया दम, इतने हजार करोड़ के पार पहुंचा भारत का Smartphone एक्सपोर्ट
केंद्रीय संचार, इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने इसे पीएम मोदी के 'मेक इन इंडिया' कार्यक्रम की बड़ी जीत करार दिया है.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 3 years ago
ग्लोबल मोबाइल डिवाइस मार्केट में भारत लीडर बनने की राह पर तेजी से दौड़ रहा है. भारत से स्मार्टफोन का बढ़ता निर्यात (Export) इसका सबूत है. इंडिया सेल्युलर एंड इलेक्ट्रॉनिक्स एसोसिएशन (ICEA) के आंकड़े बताते हैं कि भारत का स्मार्टफोन निर्यात पिछले वर्ष के 5.48 बिलियन डॉलर (45,000 करोड़ रुपए) से बढ़कर वित्तवर्ष 2022-23 में 11.1 बिलियन डॉलर (लगभग 91,000 करोड़ रुपए) हो गया है. देश के कुल निर्यात में आधी हिस्सेदारी आइफोन (iPhone) बनाने वाली कंपनी एपल (Apple) की है.
'मेक इन इंडिया' की बड़ी जीत
केंद्रीय संचार, इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने इस पर खुशी जताते हुए कहा कि पीएम मोदी के 'मेक इन इंडिया' कार्यक्रम के लिए यह एक बड़ी जीत है. उन्होंने कहा कि लगभग 91,000 करोड़ रुपए का निर्यात दर्शाता है कि भारत वैश्विक मोबाइल डिवाइस बाजार में लीडर बनने की राह पर है. वहीं इस दौरान, इलेक्ट्रॉनिक्स निर्यात भी 58 प्रतिशत बढ़कर 1,85,000 करोड़ रुपए हो गया है.
Apple के बाद सैमसंग
भारत के इस स्मार्टफोन एक्सपोर्ट में एपल का सबसे बड़ा योगदान है. अनुमान है कि 'मेड इन इंडिया' आइफोन के निर्यात के साथ Apple की कुल निर्यात में 50 प्रतिशत हिस्सेदारी है. जबकि सैमसंग इस मामले में दूसरे नंबर पर है. सैमसंग फोन की 36,000 करोड़ रुपए के फोन निर्यात के साथ लगभग 40 प्रतिशत हिस्सेदारी है. कुल निर्यात में अन्य कंपनियों के मोबाइल फोन की हिस्सेदारी लगभग 1.1 अरब डॉलर रही है. दूसरी ओर, सरकार द्वारा चीनी कंपनियों को अधिक निर्यात के लिए प्रोत्साहित करने के बावजूद, वित्त वर्ष 2023 में स्मार्टफोन की बिक्री में 26 प्रतिशत की गिरावट आई.
चीनी कंपनियों की हिस्सेदारी
एक रिपोर्ट के मुताबिक, वित्त वर्ष 23 में कुल स्मार्टफोन शिपमेंट में चीनी कंपनियों की हिस्सेदारी महज 1.35 फीसदी थी. हालांकि, जब घरेलू बाजार की आती है, तो चीनी कंपनियों का बाजार पर दबदबा है. संयुक्त रूप से चीनी कंपनियों के खाते में 70 प्रतिशत से ज्यादा मार्केट है और वह भारतीय बिक्री से 20 बिलियन डॉलर सेज्यादा का वार्षिक राजस्व इकट्ठा करती हैं.
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