होम / बिजनेस / Adani और Wilmar के जॉइंट वेंचर में होने वाला है बड़ा बदलाव, सामने आई ये खबर!
Adani और Wilmar के जॉइंट वेंचर में होने वाला है बड़ा बदलाव, सामने आई ये खबर!
अडानी विल्मर की स्थापना कुछ साल पहले अडानी समूह और सिंगापुर के विल्मर इंटरनेशनल ने मिलकर की थी.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 1 year ago
अडानी विल्मर (Adani Wilmar) को लेकर बड़ी खबर सामने आ रही है. विल्मर अडानी समूह और विल्मर इंटरनेशनल का जॉइंट वेंचर है. अब दोनों इसमें अपनी हिस्सेदारी घटा रहे हैं. ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के अनुसार, हिस्सेदारी कम करने को लेकर बातचीत अभी शुरुआती स्टेज में हैं. हालांकि, अडानी और विल्मर इंटरनेशनल ने अभी तक इस बारे में कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की है, ना ही इस रिपोर्ट पर उनकी तरफ से कोई टिप्पणी आई है. वैसे, यह खबरें पिछले साल से चल रही हैं कि अडानी समूह अडानी विल्मर लिमिटेड में पूरी हिस्सेदारी बेचना चाहता है.
SEBI का नियम है वजह?
अडानी समूह और सिंगापुर के विल्मर ग्रुप की पार्टनरशिप में अडानी विल्मर (Adani Wilmar) अस्तित्व में आई थी. कंपनी फॉर्च्यून ब्रैंड (Fortune Brand) नाम से खाद्य तेल और पैकेज्ड ग्रोसरी बेचती है. Adani Wilmar में हिस्सेदारी की बात करें, तो अडानी ग्रुप की 43.97% और विल्मर इंटरनेशनल की इसमें 43.97 प्रतिशत हिस्सेदारी है. जबकि कंपनी में पब्लिक शेयरहोल्डिंग 12.06 प्रतिशत है. ब्लूमबर्ग का कहना है कि दोनों विल्मर में अपनी हिस्सेदारी 13 फीसदी तक कम कर सकते हैं. अडानी और विल्मर अपनी हिस्सेदारी क्यों कम कर रहे हैं, इसे लेकर कुछ भी स्पष्ट नहीं है. वैसे इसकी एक वजह सेबी के नियम भी हो सकते हैं. बाजार नियामक SEBI के नियम अनुसार, लिस्टेड कंपनी में प्रमोटर्स की अधिकतम हिस्सेदारी 75% ही हो सकती है. जबकि विल्मर में दोंनों की हिस्सेदारी 85% से भी ज्यादा है.
2022 में हुई थी लिस्टिंग
अडानी विल्मर के शेयरों की लिस्टिंग फरवरी 2022 में हुई थी. इस लिहाज से देखें तो शेयरहोल्डिंग की शर्त को पूरा करने के लिए अडानी विल्मर के पास फरवरी 2025 तक का समय है. बता दें कि अडानी विल्मर ने मौजूदा वित्त वर्ष की पहली तिमाही के कारोबारी अपडेट हाल ही में जारी किए थे. कंपनी ने बताया था कि जून तिमाही में उसकी वॉल्यूम ग्रोथ सालाना आधार पर 13% रही है.कंपनी के अनुसार, उसके अल्टरनेटिव चैनल्स ने भी पहली तिमाही में 19 प्रतिशत की ग्रोथ के साथ अपनी रफ्तार बनाए रखी है. इस चैनल में ई-कॉमर्स और क्विक कॉमर्स शामिल हैं. कंपनी के ब्रांडेड एक्सपोर्ट की वैल्यू में सालाना आधार पर 36 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज हुई है.
ऐसा है Stock का प्रदर्शन
विल्मर सिंगापुर की कंपनी है, जिसकी स्थापना Martua Sitorus और Kuok Khoon Hong ने सन 1991 में की थी. जबकि अडानी एंटरप्राइजेज और विल्मर के बीच साझेदारी 1999 में हुई थी और इससे Adani Wilmar अस्तित्व में आई. Adani Wilmar खाने के तेल से लेकर आटा, चावल, दाल-चीनी तक बेचती है. भारत में इसका मुकाबला ITC और हिंदुस्तान यूनिलीवर से है. इसके स्टॉक मार्केट में प्रदर्शन की बात करें, तो कंपनी के शेयर कल गिरावट के साथ 331.30 रुपए पर बंद हुए थे. इस साल अब तक ये शेयर 9.73% की गिरावट दर्ज कर चुका है और पिछले एक साल में यह आंकड़ा 17.71% रहा है.
टैग्स