होम / बिजनेस / GST कलेक्शन में 8.3% की बढ़ोतरी, FY26 में कुल कलेक्शन 22.27 लाख करोड़ रुपये

GST कलेक्शन में 8.3% की बढ़ोतरी, FY26 में कुल कलेक्शन 22.27 लाख करोड़ रुपये

मार्च 2026 में GST कलेक्शन 2,00,064 करोड़ रुपये दर्ज किया गया. इसमें सेंट्रल GST (CGST) 40,549 करोड़ रुपये, स्टेट GST (SGST) 53,268 करोड़ रुपये और इंटीग्रेटेड GST (IGST) 1,06,246 करोड़ रुपये रहा.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 2 months ago

सरकार ने FY26 के लिए गुड्स एंड सर्विसेज टैक्स (GST) कलेक्शन का डेटा जारी कर दिया है. वित्त वर्ष 2026 में देश का कुल GST कलेक्शन 22.27 लाख करोड़ रुपये रहा, जो पिछले साल की तुलना में 8.3 प्रतिशत अधिक है. 1 अप्रैल को जारी आंकड़ों के अनुसार, सितंबर 2025 में GST कलेक्शन 1.89 लाख करोड़ रुपये रहा, जबकि अगस्त 2025 में यह 1.86 लाख करोड़ रुपये दर्ज किया गया था. इस डेटा से स्पष्ट है कि पूरे FY26 में GST संग्रह लगातार बढ़ता रहा.

मार्च 2026 में जीएसटी कलेक्शन

मार्च 2026 में GST कलेक्शन 2,00,064 करोड़ रुपये दर्ज किया गया. इसमें सेंट्रल GST (CGST) 40,549 करोड़ रुपये, स्टेट GST (SGST) 53,268 करोड़ रुपये और इंटीग्रेटेड GST (IGST) 1,06,246 करोड़ रुपये रहा. साल-दर-साल तुलना करें तो मार्च 2025 में GST कलेक्शन 1.83 लाख करोड़ रुपये था, जिससे मार्च 2026 में 8.8 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई.

मासिक और सालाना ट्रेंड

वित्त वर्ष 2026 की शुरुआत अप्रैल में रिकॉर्ड 2.37 लाख करोड़ रुपये के जीएसटी कलेक्शन के साथ हुई, जो सालाना आधार पर 12.6 प्रतिशत की वृद्धि दर्शाता है, इसके बाद मई में 16.4 प्रतिशत की तेज ग्रोथ के साथ 2.01 लाख करोड़ रुपये का संग्रह हुआ. जून 2025 में 1.85 लाख करोड़, जुलाई में 1.95 लाख करोड़, अगस्त में 1.86 लाख करोड़, सितंबर में 1.89 लाख करोड़ और अक्टूबर में 1.96 लाख करोड़ रुपये का कलेक्शन दर्ज किया गया, जबकि नवंबर में यह घटकर 1.70 लाख करोड़ और दिसंबर में 1.75 लाख करोड़ रुपये रहा. इसके बाद जनवरी में 1.93 लाख करोड़ और फरवरी में 1.84 लाख करोड़ रुपये का जीएसटी संग्रह हुआ, और फिर मार्च 2026 में एक बार फिर कलेक्शन 2 लाख करोड़ रुपये के स्तर को पार कर गया. नवंबर में गिरावट की एक वजह सितंबर में कई वस्तुओं पर जीएसटी दरों में कमी भी रही. पूरे वित्त वर्ष 2026 में कुल ग्रॉस जीएसटी रेवेन्यू 22.27 लाख करोड़ रुपये रहा, जो सालाना आधार पर 8.3 प्रतिशत की वृद्धि को दर्शाता है.  

कितना आया रिफंड

मार्च में सरकार के कुल जीएसटी कलेक्शन में 2 लाख करोड़ रुपये से अधिक की वसूली हुई, जिसमें 1.46 लाख करोड़ रुपये घरेलू रेवेन्यू और 53,861 करोड़ रुपये आयात से प्राप्त रेवेन्यू शामिल रहा. घरेलू रेवेन्यू में सालाना आधार पर 5.9 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई, जबकि आयात से मिलने वाले रेवेन्यू में 17.8 प्रतिशत की तेज उछाल देखने को मिली, जिससे साफ है कि मार्च के कुल जीएसटी कलेक्शन में आयात से जुड़े रेवेन्यू की भूमिका ज्यादा अहम रही. हालांकि इस दौरान रिफंड का आंकड़ा भी बढ़ा और यह सालाना आधार पर 13.8 प्रतिशत बढ़कर 22,074 करोड़ रुपये तक पहुंच गया, जिसके बाद नेट जीएसटी रेवेन्यू 8.2 प्रतिशत की वृद्धि के साथ 1.78 लाख करोड़ रुपये रहा.

जीएसटी कलेक्शन में राज्यों का योगदान
राज्यों के आधार पर जीएसटी कलेक्शन की तस्वीर मिश्रित रही. सेटलमेंट के बाद के आंकड़ों में औद्योगिक राज्यों ने बेहतर प्रदर्शन किया, जबकि कई अन्य राज्यों में गिरावट दर्ज की गई. महाराष्ट्र ने टैक्स कलेक्शन में सबसे अधिक योगदान दिया, जहां सेटलमेंट से पहले करीब 0.13 लाख करोड़ रुपये का संग्रह हुआ, इसके बाद कर्नाटक और गुजरात का स्थान रहा. वहीं SGST के सेटलमेंट के बाद के आंकड़ों के अनुसार हिमाचल प्रदेश, पंजाब, उत्तराखंड, हरियाणा, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, बिहार, गुजरात, महाराष्ट्र, कर्नाटक, केरल, तमिलनाडु, तेलंगाना और आंध्र प्रदेश जैसे राज्यों में राजस्व बढ़ा, जबकि जम्मू और कश्मीर, चंडीगढ़, दिल्ली, अरुणाचल प्रदेश, मेघालय, असम, पश्चिम बंगाल, झारखंड, ओडिशा, छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश में जीएसटी रेवेन्यू में गिरावट देखने को मिली. 

अर्थव्यवस्था पर असर

विशेषज्ञों का मानना है कि GST कलेक्शन में बढ़ोतरी अर्थव्यवस्था की मजबूती और कारोबारी गतिविधियों में वृद्धि को दर्शाती है. यह रुझान इंडस्ट्री और व्यापारी वर्ग के लिए सकारात्मक संकेत है और सरकार की वित्तीय नीतियों की सफलता को भी दर्शाता है. सरकार की तरफ से यह डेटा आर्थिक योजनाओं और बजट तैयारियों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा. बढ़ते GST संग्रह से कर राजस्व में स्थिरता और विकास परियोजनाओं के लिए बेहतर संसाधन उपलब्ध होंगे.


टैग्स
सम्बंधित खबरें

IPO बाजार में हलचल: AGS Health समेत 4 कंपनियों को SEBI की मंजूरी

AGS Health और PGP Glass मिलकर करीब ₹8,600 करोड़ जुटाने की तैयारी में हैं. वहीं, Jio Platforms के संभावित मेगा IPO ने भी बाजार की उत्सुकता बढ़ा दी है.

23 hours ago

IPL सट्टेबाजी से Nasdaq तक: महादेव के पैसे का वैश्विक सफर

महादेव के काले अरबों रुपये वैश्विक वित्तीय प्रणाली के हर प्रहरी को चकमा देने में सफल रहे.

1 day ago

Gen Z और छोटे शहरों ने बदली ब्यूटी मार्केट की तस्वीर, फ्लिपकार्ट की बिक्री 50% बढ़ी

रिपोर्ट के अनुसार भारतीय उपभोक्ता अब वैज्ञानिक रूप से विकसित स्किनकेयर उत्पादों, प्रीमियम ब्यूटी ब्रांड्स और वैश्विक ट्रेंड्स से प्रेरित उत्पादों पर अधिक खर्च कर रहे हैं.

1 day ago

RBI के विदेशी मुद्रा भंडार में बड़ी कमी, एक हफ्ते में निकले 10 अरब डॉलर

एक सप्ताह में करीब 10 अरब डॉलर घटा भारत का फॉरेक्स रिजर्व, गोल्ड रिजर्व की वैल्यू में 10.75 अरब डॉलर की कमी; विदेशी मुद्रा आस्तियों में हालांकि बढ़ोतरी दर्ज

1 day ago

BRICS देशों में यूपी का जलवा, ₹50,000 करोड़ के निर्यात से बनाया नया रिकॉर्ड

BRICS और सहयोगी देशों को उत्तर प्रदेश से 5.36 अरब डॉलर का निर्यात, राज्य के MSME, हस्तशिल्प और चमड़ा उद्योग ने बनाया नया रिकॉर्ड

1 day ago


बड़ी खबरें

दिल्ली HC के अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल के रूप में चेतन शर्मा की पुनर्नियुक्ति

कैबिनेट की नियुक्ति समिति द्वारा जारी अधिसूचना में कहा गया है कि दिल्ली हाईकोर्ट के लिए भारत सरकार के अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल के रूप में चेतन शर्मा की पुनर्नियुक्ति को मंजूरी दी गई है.

2 hours ago

IPO बाजार में हलचल: AGS Health समेत 4 कंपनियों को SEBI की मंजूरी

AGS Health और PGP Glass मिलकर करीब ₹8,600 करोड़ जुटाने की तैयारी में हैं. वहीं, Jio Platforms के संभावित मेगा IPO ने भी बाजार की उत्सुकता बढ़ा दी है.

23 hours ago

IPL सट्टेबाजी से Nasdaq तक: महादेव के पैसे का वैश्विक सफर

महादेव के काले अरबों रुपये वैश्विक वित्तीय प्रणाली के हर प्रहरी को चकमा देने में सफल रहे.

1 day ago

RBI के विदेशी मुद्रा भंडार में बड़ी कमी, एक हफ्ते में निकले 10 अरब डॉलर

एक सप्ताह में करीब 10 अरब डॉलर घटा भारत का फॉरेक्स रिजर्व, गोल्ड रिजर्व की वैल्यू में 10.75 अरब डॉलर की कमी; विदेशी मुद्रा आस्तियों में हालांकि बढ़ोतरी दर्ज

1 day ago

इनोवेशन का मूल्यांकन उसके प्रभाव से होना चाहिए, वैल्यूएशन से नहीं: डॉ. प्रफुल आर. नाइक

आविष्कारक, उद्यमी और प्रौद्योगिकी विशेषज्ञ डॉ. प्रफुल रामचंद्र नाइक ने BW Businessworld से विशेष बातचीत में पेटेंट, भारत के नवाचार पारिस्थितिकी तंत्र, स्वच्छ प्रौद्योगिकी और भविष्य में स्थिरता व मानव कल्याण की बढ़ती भूमिका पर अपने विचार साझा किए.

1 day ago