✕

होम / रियल एस्टेट / 2026 आउटलुक : भारतीय रियल एस्टेट सेक्टर में स्थिरता, लग्जरी ग्रोथ और नए निवेश गंतव्य उभरने की तैयारी

2026 आउटलुक : भारतीय रियल एस्टेट सेक्टर में स्थिरता, लग्जरी ग्रोथ और नए निवेश गंतव्य उभरने की तैयारी

मजबूत इंफ्रास्ट्रक्चर, बेहतर पॉलिसी सपोर्ट और बदलती उपभोक्ता प्राथमिकताएं 2026 में रियल एस्टेट सेक्टर की दिशा तय करेंगी.

रितु राणा 9 months ago

साल 2026 की दहलीज पर खड़ा भारतीय रियल एस्टेट सेक्टर अब केवल रिकवरी की कहानी नहीं, बल्कि एक अधिक परिपक्व, वैल्यू-ड्रिवन और लॉन्ग-टर्म ग्रोथ मॉडल की ओर बढ़ता हुआ नजर आ रहा है. महामारी के बाद के वर्षों में तेज़ उछाल देखने के बाद अब सेक्टर स्थिरता, क्वालिटी और सस्टेनेबिलिटी पर केंद्रित होता दिख रहा है. वैश्विक स्तर पर जहां ब्याज दरों और महंगाई का दबाव धीरे-धीरे कम होने की उम्मीद है, वहीं भारत में मजबूत घरेलू मांग, इंफ्रास्ट्रक्चर निवेश और शहरीकरण रियल एस्टेट को सहारा दे रहे हैं.

वैश्विक परिदृश्य और भारत की मजबूत स्थिति

युगेन इंफ्रा के मैनेजिंग डायरेक्टर शीशराम यादव के अनुसार, 2025 के अंत तक अंतरराष्ट्रीय और भारतीय रियल एस्टेट बाजारों ने किफायतीपन के दबाव और बदलती उपभोक्ता भावनाओं के बावजूद लचीलापन दिखाया है. अमेरिका में ऊंची मॉर्गेज दरों (6–7 प्रतिशत) के कारण 2025 में मौजूदा घरों की बिक्री ऐतिहासिक निचले स्तर पर रही और सालभर में केवल 2.8 प्रतिशत बिक्री दर्ज की गई. हालांकि, इंडस्ट्री अनुमानों के मुताबिक 2026 में इसमें 1.7 प्रतिशत की रिकवरी संभव है, जबकि कुछ अर्थशास्त्री 14 प्रतिशत तक की संभावित बढ़ोतरी का अनुमान भी जता रहे हैं.

भारत की तस्वीर इससे कहीं अधिक मजबूत दिखाई देती है. बदलती जीवनशैली, न्यूक्लियर फैमिली कल्चर और बढ़ती आय के चलते रेजिडेंशियल डिमांड मजबूत बनी हुई है. 2025 की पहली छमाही में लग्जरी हाउसिंग सेगमेंट में 36 प्रतिशत से अधिक मांग दर्ज की गई, जो प्री-कोविड स्तर से लगभग दोगुनी है. ₹4 करोड़ से ऊपर के घरों की बिक्री में सालाना आधार पर 28 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की गई. अनुमान है कि वित्त वर्ष 2026 में कुल होम सेल्स वैल्यू 74.98 अरब अमेरिकी डॉलर के ऐतिहासिक स्तर पर पहुंच सकती है, जो सालाना आधार पर 19 प्रतिशत की वृद्धि होगी.

गुरुग्राम, लग्जरी और इंफ्रास्ट्रक्चर-लीड ग्रोथ का पोस्टर बॉय

दिल्ली-एनसीआर, खासकर गुरुग्राम, 2026 आउटलुक में सबसे मजबूत रियल एस्टेट माइक्रो-मार्केट के रूप में उभर रहा है. पायनियर अर्बन लैंड एंड इंफ्रास्ट्रक्चर के सीनियर वाइस प्रेसिडेंट ऋषभ पेरीवाल के मुताबिक, गुरुग्राम लग्जरी हाउसिंग उछाल का केंद्र बना हुआ है. द्वारका एक्सप्रेसवे, गोल्फ कोर्स एक्सटेंशन रोड और सदर्न पेरिफेरल रोड (SPR) जैसे हाई-ग्रोथ कॉरिडोर में तेज़ इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट ने नए लग्जरी लॉन्च को मजबूती दी है. उनका मानना है कि 2026 में बाजार वॉल्यूम से वैल्यू की ओर बढ़ेगा और फोकस स्पष्ट रूप से क्वालिटी पर रहेगा.

लैंडमार्क ग्रुप के फाउंडर और चेयरमैन संदीप छिल्लर भी इस रुझान की पुष्टि करते हैं. उनके अनुसार, 2025 में गुरुग्राम ने लग्जरी हाउसिंग और ग्रेड-ए ऑफिस स्पेस में ग्रोथ का नेतृत्व किया. बेहतर कनेक्टिविटी, मेट्रो और एक्सप्रेसवे नेटवर्क तथा ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर्स (GCCs) की बढ़ती मौजूदगी ने कीमतों और लीजिंग गतिविधि दोनों को सहारा दिया है.

होमलैंड ग्रुप के सीईओ उमंग जिंदल का कहना है कि गुरुग्राम को मजबूत लग्जरी डिमांड, वैश्विक कनेक्टिविटी और इंफ्रास्ट्रक्चर प्रगति का दुर्लभ संयोजन मिला है. खरीदार अब केवल कीमत नहीं, बल्कि रहने की गुणवत्ता, पहुंच और कम्युनिटी प्लानिंग को प्राथमिकता दे रहे हैं. 2026 में यह शहर सुनियोजित और स्केलेबल रेजिडेंशियल डेवलपमेंट के लिए बड़े अवसर पेश करेगा.

कमर्शियल रियल एस्टेट, हाइब्रिड वर्क के बावजूद मजबूत

जहां कुछ वर्षों पहले हाइब्रिड वर्क मॉडल को लेकर ऑफिस डिमांड पर सवाल उठे थे, वहीं जमीनी हकीकत इससे अलग दिखती है. वोलनी कमर्शियल रियल एस्टेट एडवाइजरी के फाउंडर रोहन सेठ के अनुसार, ग्लोबल ब्रांड्स, संस्थागत निवेशकों और भारत में नए प्रवेशकों की वजह से कमर्शियल रियल एस्टेट की मांग संरचनात्मक रूप से मजबूत हो रही है. आने वाले दो वर्षों में किराए और पूंजी मूल्य मजबूत बने रहने की संभावना है, क्योंकि कंपनियां सीधे बिक्री के बजाय लॉन्ग-टर्म लीज मॉडल अपना रही हैं.

उनका यह भी कहना है कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, लॉजिस्टिक्स, फिनटेक और इंफ्रास्ट्रक्चर जैसे नए सेक्टर सक्रिय रूप से हाई-क्वालिटी ऑफिस स्पेस ले रहे हैं. ऑक्यूपायर्स का यह विविधीकरण दीर्घकालिक बाजार स्थिरता का मजबूत संकेत माना जा रहा है.

गोवा और टियर-2 शहर, नए निवेश हॉटस्पॉट

2026 के निवेश आउटलुक में गोवा एक सशक्त राज्य के रूप में उभर रहा है. जीएचडी ग्रुप के चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर भारत ठाकरान के मुताबिक, साउथ और नॉर्थ गोवा अब केवल वेकेशन होम डेस्टिनेशन नहीं रहे, बल्कि गंभीर एंड-यूज़र और लॉन्ग-टर्म इन्वेस्टमेंट मार्केट बन चुके हैं. साउथ गोवा में मडगांव और आसपास के क्षेत्र बेहतर प्लानिंग और सोशल इंफ्रास्ट्रक्चर के चलते स्थिर रिटर्न दे रहे हैं, जबकि नॉर्थ गोवा के पोर्वोरिम और थिवीम बेहतर कनेक्टिविटी और इंफ्रास्ट्रक्चर विकास के कारण निवेशकों को आकर्षित कर रहे हैं.

इसी तरह, बूटेस के फाउंडर और मैनेजिंग डायरेक्टर दीपक राय का कहना है कि 2026 तक रियल एस्टेट निवेश भारत के नेट-जीरो विजन के अनुरूप टियर-2 शहरों में ग्रीन डेवलपमेंट की ओर तेजी से बढ़ेगा. लखनऊ, अलवर, कुरुक्षेत्र, वृंदावन और झांसी जैसे शहर सस्टेनेबल हाउसिंग और इको-फ्रेंडली कम्युनिटीज के नए केंद्र बन रहे हैं.

लग्जरी हाउसिंग, बदलती परिभाषा

ट्राइडेंट रियल्टी के सीईओ परविंदर सिंह के अनुसार, 2026 लग्जरी हाउसिंग के लिए सुनहरा अवसर साबित हो सकता है. आज का खरीदार स्मार्ट टेक्नोलॉजी, सस्टेनेबिलिटी, वेलनेस और उत्कृष्ट कारीगरी को प्राथमिकता दे रहा है. लग्जरी अब केवल बड़े साइज या लोकेशन तक सीमित नहीं रही, बल्कि यह एक संपूर्ण जीवनशैली अनुभव बन चुकी है.

M3M इंडिया के प्रेसिडेंटरॉबिन मंगला ने कहा "जैसे ही हम 2026 में प्रवेश कर रहे हैं, M3M इंडिया अपने दूरदर्शी नेतृत्व और मजबूत अनुभव के साथ आगे बढ़ने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है. हमारा उद्देश्य केवल प्रोजेक्ट्स बनाना नहीं है, बल्कि भारत के रियल एस्टेट विकास के अगले अध्याय को आकार देना है. हमारी रणनीति में स्मार्ट कम्युनिटीज का निर्माण शामिल है, जिसमें उन्नत इंफ्रास्ट्रक्चर, सस्टेनेबल डिजाइन, हरित क्षेत्र और उच्चतम सुरक्षा मानक शामिल हैं. 2025 में हमने विशेष रूप से टियर-2 और NCR के आसपास के ग्रोथ कॉरिडोर में 5000 से अधिक रेजिडेंशियल यूनिट्स और 1.2 मिलियन वर्ग फुट कमर्शियल स्पेस की सफलता हासिल की.

2026 में हमारा फोकस इन क्षेत्रों में विस्तार करने, नई टेक्नोलॉजी और ग्रीन बिल्डिंग सॉल्यूशंस को अपनाने और ग्राहकों को लंबी अवधि के लिए बेहतर रिटर्न देने पर रहेगा। इसके अलावा, हम डिजिटल वर्चुअल टूर, स्मार्ट कम्युनिटी मैनेजमेंट और AI आधारित ग्राहक अनुभव जैसे पहलुओं में निवेश कर रहे हैं, ताकि खरीदार और निवेशक दोनों को सहज और भरोसेमंद अनुभव मिले."

 


टैग्स
सम्बंधित खबरें

क्रिसुमी कॉर्पोरेशन गुरुग्राम में 1,300 करोड़ रुपये से ज्यादा का निवेश करेगी, द फॉरेस्ट रिजर्व के नए चरणों पर काम शुरू

द फॉरेस्ट रिजर्व को अल्ट्रा-लक्जरी आवासीय परियोजना के रूप में विकसित किया जा रहा है. इसमें 2, 3 और 4 एलडीके (लिविंग, डाइनिंग और किचन) वाले आवास शामिल होंगे. परियोजना का डिजाइन जापान की आर्किटेक्चर फर्म निकेन सेक्केई ने तैयार किया है.

1 week ago

RBI MPC से पहले रियल्टी की उम्मीदें, 5.25% पर रेपो रेट रहने से होमबायर्स का भरोसा बढ़ने की आस

त्योहारी सीजन में घर खरीदारी के बीच रियल एस्टेट डेवलपर्स की नजर RBI के फैसले पर, स्थिर दरों से EMI, अफोर्डेबिलिटी और हाउसिंग डिमांड को मिल सकता है सहारा

06-October-2026

आवासीय बाजार में लौटी रफ्तार, Q3 में बिक्री 3% बढ़कर 1 लाख यूनिट के पार; त्योहारी सीजन से और तेजी की उम्मीद

रियल एस्टेट विशेषज्ञों का कहना है कि बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर, कनेक्टिविटी, रोजगार के अवसर और बदलती खरीदार प्राथमिकताओं के बीच आगामी त्योहारी सीजन मांग को और गति दे सकता है.

29-September-2026

3BHK और प्रीमियम घरों की बढ़ी मांग, क्या बदल रही है होमबायर्स की पसंद? डेवलपर्स ने बताया नया ट्रेंड

एनारॉक के एक सर्वे के अनुसार, सिर्फ घर का आकार ही नहीं, खरीदारों का बजट भी ऊपर जा रहा है. सर्वे में 90 लाख से 1.5 करोड़ रुपये का प्राइस बैंड सबसे लोकप्रिय रहा. वहीं 1.5 करोड़ रुपये से ज्यादा कीमत वाले घरों की ओर भी खरीदारों का झुकाव बढ़ा है.

24-September-2026

फेस्टिव क्वार्टर में कमर्शियल रियल एस्टेट की बदलती तस्वीर, ऑफिस से रिटेल तक लीजिंग में क्यों आती है तेजी?

त्योहारी सीजन में कंपनियां नए ऑफिस, रिटेल स्टोर और बेहतर कमर्शियल लोकेशन पर तेजी से लेती हैं फैसले, 2025 में ऑफिस और रिटेल दोनों सेगमेंट में मजबूत लीजिंग दर्ज

15-September-2026


बड़ी खबरें

भारत के निजी क्षेत्र की ग्रोथ 4 महीने के उच्च स्तर पर, सर्विस सेक्टर ने पकड़ी रफ्तार

अक्टूबर में HSBC कंपोजिट PMI बढ़कर 56.7 पर पहुंचा, निर्यात ऑर्डर में जून 2025 के बाद सबसे तेज उछाल; मैन्युफैक्चरिंग की रफ्तार थोड़ी धीमी, रोजगार वृद्धि भी सुस्त

2 days ago

समुद्र मंथन का अर्थशास्त्र: समृद्धि के लिए विरोधी शक्तियों की जरूरत क्यों है

लेखिका प्रियंका शर्मा कैंतुरा इस लेख में बताती हैं कि देवताओं, असुरों और लक्ष्मी के प्राकट्य की प्राचीन कथा प्रतिस्पर्धा, सहयोग और धन सृजन के बारे में क्या सीख देती है.

1 day ago

तमिलनाडु में विमान ईंधन पर टैक्स में बड़ी कटौती, चेन्नई एयरपोर्ट पर वैट 29% से घटकर 16% हुआ

नई दरें 1 नवंबर 2026 से लागू होंगी और 31 अक्टूबर 2027 तक प्रभावी रहेंगी. इस फैसले से एयरलाइंस की परिचालन लागत घटाने और क्षेत्रीय हवाई कनेक्टिविटी को बढ़ावा देने में मदद मिल सकती है.

1 day ago

टाटा मोटर्स के कमर्शियल व्हीकल कारोबार को ₹1,254 करोड़ का मुनाफा, रेवेन्यू 36.5% बढ़ा

कंपनी ने दूसरी तिमाही के दौरान अपने प्रोडक्ट पोर्टफोलियो को भी मजबूत किया. Prawaas 5.0 में अगली पीढ़ी के पैसेंजर मोबिलिटी सॉल्यूशन पेश किए गए.

1 day ago

RBI ने बैंकिंग सिस्टम में डाले ₹2.5 लाख करोड़, SBI रिसर्च ने मौद्रिक नीति के रुख पर उठाए सवाल

SBI रिसर्च के मुताबिक, आरबीआई की ओर से नकदी डालने और मौद्रिक सख्ती की रणनीति एक-दूसरे से मेल नहीं खाती. कच्चे तेल की ऊंची कीमतों और वैश्विक अनिश्चितता के बीच सरकारी बॉन्ड पर यील्ड ऊंची बनी रह सकती है.

1 day ago