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नवंबर में GST कलेक्शन में मामूली बढ़त : सरकार को मिले ₹1.70 लाख करोड़, रेट कटौती का दिखा असर
नवंबर 2025 का GST कलेक्शन भले ही मामूली बढ़ोतरी दिखाता हो, लेकिन घरेलू रेवेन्यू में आई गिरावट यह संकेत देती है कि GST 2.0 के नए स्लैब्स का असर अभी और स्पष्ट होगा.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 6 months ago
नवंबर 2025 में देश के GST (Goods and Services Tax) कलेक्शन में हल्की बढ़त दर्ज की गई है. हालांकि कुल टैक्स कलेक्शन में वृद्धि हुई है, लेकिन हाल ही में लागू किए गए GST 2.0 रेट स्ट्रक्चर और स्लैब कटौती का असर घरेलू रेवेन्यू पर साफ नजर आया है. ताजा सरकारी आंकड़ों के अनुसार, नवंबर महीने में ग्रॉस GST कलेक्शन 0.7% की बढ़त के साथ ₹1.70 लाख करोड़ पर पहुंच गया.
नवंबर में GST कलेक्शन पहुंचा ₹1.70 लाख करोड़
सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, नवंबर 2025 में देश का ग्रॉस GST कलेक्शन साल-दर-साल 0.7% बढ़कर ₹1.70 लाख करोड़ रहा. पिछले साल इसी महीने यह आंकड़ा ₹1.69 लाख करोड़ से थोड़ा अधिक था. अक्टूबर 2025 में ग्रॉस GST कलेक्शन ₹1.96 लाख करोड़ रहा था, जिसमें सालाना आधार पर 4.6% की बढ़त दर्ज की गई थी.
घरेलू रेवेन्यू में 2.3% की गिरावट
हालांकि कुल GST कलेक्शन में हल्की वृद्धि हुई, लेकिन नवंबर में घरेलू रेवेन्यू 2.3% गिरकर ₹1.24 लाख करोड़ से थोड़ा ऊपर रहा. विशेषज्ञ मानते हैं कि यह गिरावट GST 2.0 के तहत टैक्स स्लैब में कटौती के बाद देखने को मिली है. दूसरी ओर, इंपोर्टेड सामानों से टैक्स रेवेन्यू बढ़ा है, जो नवंबर में 10.2% उछलकर ₹45,976 करोड़ पर पहुंच गया.
GST 2.0: केवल दो टैक्स स्लैब लागू
22 सितंबर 2025 से लागू किए गए नए GST स्ट्रक्चर के तहत देश में अब केवल दो मुख्य GST दरें हैं 5% और 18% प्रतिशत, पुराने 12% और 28% स्लैब समाप्त कर दिए गए हैं. गुड्स और लग्जरी आइटम्स पर 40% की विशेष दर लागू रहती है. यह व्यापक बदलाव प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा 15 अगस्त के भाषण में किए गए घोषणा के बाद लागू किए गए थे, जिनका उद्देश्य दिवाली से पहले टैक्स सिस्टम को सरल और उपभोक्ता-हितैषी बनाना था.
375 उत्पादों पर नई GST दरें लागू
रसोई के सामान, इलेक्ट्रॉनिक्स, मोबाइल, कपड़े, ऑटोमोबाइल एक्सेसरीज़ समेत कुल **375 वस्तुओं पर नई GST दरें** लागू की गईं, जिनका प्रभाव नवंबर में कलेक्शन के आंकड़ों में दिखना शुरू हो गया है.
तंबाकू और पान मसाला पर नया सेस प्रस्तावित
सरकार ने लोकसभा में दो नए विधेयक पेश किए हैं, जिनका उद्देश्य GST कंपेनसेशन सेस खत्म होने के बाद भी तंबाकू और पान मसाला उत्पादों पर टैक्स का भार समान बनाए रखना है. प्रस्तावित बदलावों में शामिल हैं-
1. केंद्रीय उत्पाद शुल्क संशोधन विधेयक 2025 : सिगरेट और विभिन्न तंबाकू उत्पादों पर नया उत्पाद शुल्क लगाया जाएगा.
2. स्वास्थ्य सुरक्षा से राष्ट्रीय सुरक्षा उपकर विधेयक 2025 : पान मसाला के निर्माण प्रक्रिया पर विशेष उपकर लगाया जाएगा.
वर्तमान में इन उत्पादों पर 28% GST के साथ अलग-अलग दरों पर कंपेनसेशन सेस भी वसूला जाता है.
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