होम / बिजनेस / Sensex में आई लगभग 1600 अंकों की गिरावट, 4 लाख करोड़ हुए स्वाहा; अब आगे क्या?

Sensex में आई लगभग 1600 अंकों की गिरावट, 4 लाख करोड़ हुए स्वाहा; अब आगे क्या?

बुधवार को सेंसेक्स (Sensex) में 796 अंकों की गिरावट देखने को मिली और गुरुवार के दिन भी सेंसेक्स में यह गिरावट जारी रही.

पवन कुमार मिश्रा 2 years ago

भारत के प्रमुख सूचकांकों में से एक BSE (Bombay Stock Exchange) के सेंसेक्स (Sensex) में आज लगातार तीसरे दिन गिरावट देखने को मिली है. आपको बता दें कि पिछले कुछ समय से सेंसेक्स में लगातार वृद्धि देखने को मिल रही थी लेकिन पिछले 3 दिनों के दौरान इसमें 1600 अंकों जितनी गिरावट देखने को मिली है. अगर आप समझना चाहते हैं कि ये नुकसान कितना बड़ा है तो आपको बता दें कि सेंसेक्स में जारी इस गिरावट की बदौलत अभी तक इन्वेस्टर्स के लगभग 4 लाख करोड़ रुपए स्वाहा हो चुके हैं. 

Sensex के गिरने से कितना हुआ नुक्सान?
जहां सोमवार को सेंसेक्स (Sensex) में 242 अंकों की गिरावट देखने को मिली थी, वहीं बुधवार को सेंसेक्स में 796 अंकों की गिरावट देखने को मिली और गुरुवार के दिन भी सेंसेक्स में यह गिरावट जारी रही. मंगलवार को गणेश चतुर्थी के अवसर पर बाजार बंद था और इसीलिए मंगलवार की गिनती यहां कारोबारी दिनों में नहीं की गई है. आपको बता दें कि खबर लिखे जाने तक सेंसेक्स में लगभग 600 अतिरिक्त अंकों की गिरावट देखने को मिली है. BSE पर लिस्टेड सभी कंपनियों की मार्केट कैपिटल यानी mcap में भी जबरदस्त गिरावट देखने को मिली है और एक्सचेंज पर लिस्टेड कंपनियों ने अभी तक अपनी मार्किट कैपिटल के तौर पर 319.5 लाख करोड़ रुपयों का नुक्सान उठाया है. दूसरी तरफ इन्वेस्टर्स की बात करें तो इन्वेस्टर्स की संपत्ति में अभी तक लगभग 3.9 लाख करोड़ रुपयों का नुकसान देखने को मिला है. 

क्या है Sensex में गिरावट का कारण? 
हाल ही में अमेरिका के केंद्रीय बैंक फेडरल रिजर्व (Federal Reserve) की बैठक का आयोजन हुआ था. एक्सपर्ट्स का मानना है कि फेडरल रिजर्व की बैठक के मद्देनजर ही सेंसेक्स (Sensex) में यह गिरावट दर्ज हुई है. कल रात अमेरिका के केंद्रीय बैंक फेडरल रिजर्व (Federal Reserve) की बैठक हुई और दुनिया की सबसे शक्तिशाली इकॉनमी के केंद्रीय बैंक ने फिलहाल ब्याज दरों में बढ़ोत्तरी न करने का फैसला लिया है. लेकिन इस कहानी में एक ट्विस्ट और भी है. फेडरल रिजर्व ने यह भी कहा है कि इस साल बैंक के द्वारा एक बार और बेसिस पॉइंट (BPS) रेट में बढ़ोत्तरी की जाएगी. इसके साथ ही 2024 में बैंक द्वारा ब्याज दरों में 50 BPS की कटौती भी की जाएगी. 

क्या है एक्सपर्ट्स की राय?
एक्सपर्ट्स का मानना है कि फिलहाल भारतीय बाजारों यानी निफ्टी (Nifty) और सेंसेक्स (Sensex) को फेडरल रिजर्व द्वारा लिए गए इस फैसले को पचाने में काफी समय लगेगा. इस विषय पर बात करते हुए इकोनॉमिस्ट आकाश जिंदल कहते हैं कि मार्केट अक्सर परिवर्तनशील ही होता है. फेड द्वारा आने वाले भविष्य में ब्याज दरें बढाने की जो घोषणा की गई है उसकी वजह से मार्केट में यह बदलाव देखने को मिल रहा है. साथ ही आकाश ने यह भी बताया कि फेडरल द्वारा लिए गए फैसलों से अक्सर मार्किट प्रभावित होता है. आकाश कहते हैं कि भारतीय इकॉनमी बहुत ही अच्छी रफ्तार से विकास कर रही है लेकिन हमें ग्लोबल फैसलों का भी ध्यान रखना पड़ता है. यदि फेडरल द्वारा भविष्य में रेट में बढ़ोत्तरी की जाती है तो इसका नकारात्मक प्रभाव हमारी इकॉनमी पर भी पड़ेगा. 

इन्वेस्टर्स को क्या होनी चाहिए उम्मीद?
पिछले तीन दिनों से सेंसेक्स (Sensex) में गिरावट जारी है. ऐसे में एक महत्त्वपूर्ण सवाल ये भी है कि आने वाले समय में अगर आप सेंसेक्स में पैसे लगाने के बारे में सोच रहे हैं तो आपको क्या करना चाहिए? इस विषय पर बात करते हुए आकाश जिंदल कहते हैं कि अगर आप 3-5 सालों यानी लॉन्ग टर्म में इन्वेस्ट करने के बारे में सोच रहे हैं तो आपको निफ्टी (Nifty) में इन्वेस्ट करना चाहिए आपको लॉन्ग टर्म में अच्छे रिटर्न्स प्राप्त होंगे क्योंकि भारतीय इकॉनमी काफी अच्छी गति से विकास कर रही है. दूसरी तरफ वैल्यू रिसर्च में पर्सनल फाइनेंस के प्रमुख आकार रस्तोगी भी लॉन्ग टर्म इन्वेस्टमेंट के ही पक्ष में हैं और वह कहते हैं कि यदि कोई व्यक्ति 5 साल या फिर उससे ज्यादा समय के लिए इन्वेस्टमेंट करने के बारे में विचार कर रहा है तो उसे SIP के माध्यम से इन्वेस्टमेंट को जारी रखना चाहिए.
 

यह भी पढ़ें: Zomato ने अपने गैरजिम्‍मेदाराना पोस्‍ट के लिए मांगी माफी, कहा ये जरुरी नहीं था

 


टैग्स
सम्बंधित खबरें

IPO बाजार में हलचल: AGS Health समेत 4 कंपनियों को SEBI की मंजूरी

AGS Health और PGP Glass मिलकर करीब ₹8,600 करोड़ जुटाने की तैयारी में हैं. वहीं, Jio Platforms के संभावित मेगा IPO ने भी बाजार की उत्सुकता बढ़ा दी है.

11 hours ago

IPL सट्टेबाजी से Nasdaq तक: महादेव के पैसे का वैश्विक सफर

महादेव के काले अरबों रुपये वैश्विक वित्तीय प्रणाली के हर प्रहरी को चकमा देने में सफल रहे.

11 hours ago

Gen Z और छोटे शहरों ने बदली ब्यूटी मार्केट की तस्वीर, फ्लिपकार्ट की बिक्री 50% बढ़ी

रिपोर्ट के अनुसार भारतीय उपभोक्ता अब वैज्ञानिक रूप से विकसित स्किनकेयर उत्पादों, प्रीमियम ब्यूटी ब्रांड्स और वैश्विक ट्रेंड्स से प्रेरित उत्पादों पर अधिक खर्च कर रहे हैं.

14 hours ago

RBI के विदेशी मुद्रा भंडार में बड़ी कमी, एक हफ्ते में निकले 10 अरब डॉलर

एक सप्ताह में करीब 10 अरब डॉलर घटा भारत का फॉरेक्स रिजर्व, गोल्ड रिजर्व की वैल्यू में 10.75 अरब डॉलर की कमी; विदेशी मुद्रा आस्तियों में हालांकि बढ़ोतरी दर्ज

14 hours ago

BRICS देशों में यूपी का जलवा, ₹50,000 करोड़ के निर्यात से बनाया नया रिकॉर्ड

BRICS और सहयोगी देशों को उत्तर प्रदेश से 5.36 अरब डॉलर का निर्यात, राज्य के MSME, हस्तशिल्प और चमड़ा उद्योग ने बनाया नया रिकॉर्ड

15 hours ago


बड़ी खबरें

IPO बाजार में हलचल: AGS Health समेत 4 कंपनियों को SEBI की मंजूरी

AGS Health और PGP Glass मिलकर करीब ₹8,600 करोड़ जुटाने की तैयारी में हैं. वहीं, Jio Platforms के संभावित मेगा IPO ने भी बाजार की उत्सुकता बढ़ा दी है.

11 hours ago

IPL सट्टेबाजी से Nasdaq तक: महादेव के पैसे का वैश्विक सफर

महादेव के काले अरबों रुपये वैश्विक वित्तीय प्रणाली के हर प्रहरी को चकमा देने में सफल रहे.

11 hours ago

RBI के विदेशी मुद्रा भंडार में बड़ी कमी, एक हफ्ते में निकले 10 अरब डॉलर

एक सप्ताह में करीब 10 अरब डॉलर घटा भारत का फॉरेक्स रिजर्व, गोल्ड रिजर्व की वैल्यू में 10.75 अरब डॉलर की कमी; विदेशी मुद्रा आस्तियों में हालांकि बढ़ोतरी दर्ज

14 hours ago

इनोवेशन का मूल्यांकन उसके प्रभाव से होना चाहिए, वैल्यूएशन से नहीं: डॉ. प्रफुल आर. नाइक

आविष्कारक, उद्यमी और प्रौद्योगिकी विशेषज्ञ डॉ. प्रफुल रामचंद्र नाइक ने BW Businessworld से विशेष बातचीत में पेटेंट, भारत के नवाचार पारिस्थितिकी तंत्र, स्वच्छ प्रौद्योगिकी और भविष्य में स्थिरता व मानव कल्याण की बढ़ती भूमिका पर अपने विचार साझा किए.

12 hours ago

Gen Z और छोटे शहरों ने बदली ब्यूटी मार्केट की तस्वीर, फ्लिपकार्ट की बिक्री 50% बढ़ी

रिपोर्ट के अनुसार भारतीय उपभोक्ता अब वैज्ञानिक रूप से विकसित स्किनकेयर उत्पादों, प्रीमियम ब्यूटी ब्रांड्स और वैश्विक ट्रेंड्स से प्रेरित उत्पादों पर अधिक खर्च कर रहे हैं.

14 hours ago