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Reliance AGM 2023: रिलायंस रिटेल के IPO पर आखिर क्या बोले अंबानी? 

रिलायंस इंडस्ट्रीज की AGM में मुकेश अंबानी के कई घोषणाएं कीं, लेकिन रिटेल आईपीओ को लेकर कुछ नहीं कहा.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 3 years ago

रिलायंस इंडस्ट्रीज की 46वीं वार्षिक आम बैठक (AGM) में कई महत्वपूर्ण ऐलान लिए गए. इसमें रिलायंस के बोर्ड से नीता अंबानी की विदाई, ईशा अंबानी, आकाश अंबानी और अनंत अंबानी की एंट्री से लेकर जियो फाइनेंशियल सर्विसेज लिमिटेड (JFSL) की भविष्य की रणनीति और Jio एयर फाइबर  की लॉन्च डेट की घोषणा शामिल हैं. हालांकि, रिलायंस के आईपीओ को लेकर मुकेश अंबानी ने कोई ऐलान नहीं किया.

पहले कही थी ये बात 
माना जा रहा था कि रिलायंस इंडस्ट्रीज की 46वीं वार्षिक आम बैठक (AGM) में रिलायंस रिटेल वेंचर्स (RRVL) के आईपीओ को लेकर इस बैठक में कोई घोषणा हो सकती है. क्योंकि अंबानी ने 2019 की वार्षिक आम बैठक में कहा था कि रिटेल कारोबार अगले 5 वर्षों के भीतर स्टॉक मार्केट में सूचीबद्ध होगा. हालांकि, AGM में ऐसी कोई घोषणा नहीं की गई. लिहाजा, कंपनी के आईपीओ का लंबे समय से इंतजार निवेशकों को एक बार फिर झटका लगा है.

वैल्यूएशन में हुआ इजाफा
AGM में मुकेश अंबानी ने बताया कि रिलायंस रिटेल का वैल्यूएशन बढ़कर 8.28 लाख करोड़ रुपए हो गया है, जो वर्ष 2020 में 4.28 लाख करोड़ था. उन्होंने कहा कि कई जाने-वाले ग्लोबल रणनीतिक और फाइनेंशियल इन्वेस्टर्स ने रिलायंस रिटेल में निवेश को लेकर दिलचस्पी दिखाई है. यदि इस मुद्दे पर कोई प्रगति होती है, तो उचित समय पर जानकारी दी जाएगी. अंबानी ने कहा कि पिछले कुछ सालों में रिलायंस रिटेल ने अपनी मजबूत बुनियाद और आकर्षक वैल्यूएशन से सबको प्रभावित किया है. 

इस बारे में कुछ नहीं कहा    
हाल ही में यह खबर आई थी कि मुकेश अंबानी रिलायंस रिटेल वेंचर्स में 8 से 10% हिस्सेदारी बेच सकते हैं. इस प्रक्रिया को संभवतः 12-15 महीनों में किश्तों में पूरा किया जाएगा. दरअसल, अंबानी की कोशिश RRVL के वैल्यूएशन को बढ़ाने और उसे सही साइज में रखने की है, ताकि आईपीओ की सफलता सुनिश्चित की जा सके. रिपोर्ट्स में एक अधिकारी के हवाले से कहा गया है कि यदि रिलायंस रिटेल को आईपीओ लाना है, तो उसे करीब 1.15 लाख करोड़ वैल्यू की लगभग 14% हिस्सेदारी को कम करना होगा. IPO से पहले हिस्सेदारी की बिक्री से जो रकम मिलेगी, उसे रिलायंस रिटेल के स्टोर्स बढ़ाने और कर्ज चुकाने पर खर्च किया जा सकता है. इससे कंपनी की स्थिति और मजबूत नजर आएगी. इस बारे में भी अंबानी ने कोई जानकारी नहीं दी.
 


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