होम / बिजनेस / इन कंपनियों की खुली लॉटरी, सरकार लौटाने जा रही है 6500 करोड़ रुपये
इन कंपनियों की खुली लॉटरी, सरकार लौटाने जा रही है 6500 करोड़ रुपये
कंपनियों पर ये सेस इसलिए लगाया गया था क्योंकि वो बिना ब्रैंड के प्री पैकेज्ड आईटम की डिलीवरी कर रही थी.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 1 year ago
बजट से पहले केन्द्र सरकार ने अनाज के पैकेट सप्लाई करने वाली कंपनियों को बड़ा तोहफा दिया है. सरकार ने सामान को आयात करने पर दिए गए कंपनसेशन सेस को इन कंपनियों को वापस करने का फैसला किया है. सरकार ने इन कंपनियों से सामान आयात करने पर 5 प्रतिशत तक जीएसटी टैक्स वसूला है. अब सरकार इन कंपनियों को उसे वापस करने की तैयारी कर रही है. सरकार की ओर लौटाया जाने वाला ये आंकड़ा 6500 करोड़ तक हो सकता है.
CBIC ने जारी किया निर्देश
इस कंपनसेशन टैक्स को लेकर सीबीआईसी(सेंट्रल बोर्ड ऑफ इनडॉयरेक्ट टैक्स एंड कस्टम) की ओर से जारी किए गए निर्देश के अनुसार, एसईजेड (स्पेशल इकोनॉमिक जोन) में काम करने वाले वाली कंपनियों से सामान आयात करने पर वसूले गए कंपनसेशन टैक्स को वापस किया जाएगा. सरकार की ओर से निर्णय लिया गया है कि ये कंपनियों को ये फायदा 2017 से मिलेगा. मीडिया रिपोर्ट के अनुसार ये आंकड़ा 6500 करोड़ रुपये तक हो सकता है.
ये भी पढ़ें: यूपी बिहार में लगातार बढ़ रहा है कर्ज का जंजाल, चिंता में आया रिजर्व बैंक
जीएसटी काउंसिल की बैठक के बाद लिया गया निर्णय
सीबीआईसी की ओर से जारी किया गया ये निर्देश जीएसटी काउंसिल की बैठक के बाद सामने आया है. जीएसटी काउंसिल ने इन कंपनियों को वसूले गए उस सेस को वापस करने का निर्देश दिया गया है. सीबीआईसी ने ये भी कहा है कि इस रिफंड को अगले 6 महीने में लौटा दिया जाएगा.
इसलिए लगाया गया था ये सेस
दरअसल सरकार की ओर से 2022 में जब 47वीं बैठक हुई थी उसके बाद गेहूं और मोटे अनाज आदि के प्री पैकेज्ड पैकेटों पर 5 फीसदी कंपनसेशन टैक्स लगाने का निर्देश दिया था. दरअसल कई कंपनियां ऐसी थी जो बिना ब्रैंड के प्री पैकेज्ड फूड की डिलीवरी कर रही थी. उनके इस कदम से कंफ्यूजन पैदा हो गया था. कई मामलों में दाल, चावल, गेहूं, आटा आदि के मामलों में नोटिस भी जारी किए गए थे.
टैग्स