होम / बिजनेस / अब भारत को जल्‍द मिल सकेगी विदेशी Real State निवेश की जानकारी, इस फोरम पर हुआ समझौता 

अब भारत को जल्‍द मिल सकेगी विदेशी Real State निवेश की जानकारी, इस फोरम पर हुआ समझौता 

OECD एक ऐसा संगठन है जिसके सदस्‍य देश अपनी आर्थिक नीतियों को सुधारने में एक दूसरे की मदद पा सकते हैं. ये डेटा संग्रहण से लेकर कई अन्‍य मामलों पर काम करता है.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 2 years ago

इस साल हुई जी 20 देशों की मीटिंग के बाद अब भारत के लिए एक और बड़ी खबर निकलकर सामने आ रही है. विदेशी धन जिसे लोगों ने स्विस बैंक में छिपाकर रखा है उसकी जानकारी तो भारत सरकार को मिल ही रही थी लेकिन अब देश के बाहर बिना जानकारी के रियल स्‍टेट में निवेश करने वालों का डेटा भी सरकार को मिल जल्‍द मिल सकेगा. इसके अतिरिक्‍त जी 20 देशों के बीच फाइनेंशियल जानकारी का भी आदान प्रदान जल्‍द शुरू होने की उम्‍मीद है. 

आखिर क्‍या है ये फैसला? 
दरअसल जी 20 देशों के बीच एक फोरम बना है उस फोरम का नाम है ओएनसीडी (आर्गेनाइजेशन फॉर इकोनॉमिक को-ऑपरेशन एंड डेवलपमेंट). सूत्रों से मिली जानकारी कहती है कि अब जी 20 देशों के बीच समझौता हुआ है कि वो अपने वहां एक दूसरे के नागरिकों के द्वारा खरीदी गई जमीनों के ब्‍यौरे को भी मुहैया कराएंगे. अब तक कई बार ऐसा होता था कि भारत में रहने वाला वहां के बैंक में तो पैसा जमा नहीं करता था लेकिन वो वहां के रियल स्‍टेट बाजार में निवेश कर देता था.  उसकी जानकारी सरकार को नहीं मिल पाती थी जिसके कारण ऐसे लोगों पर कार्रवाई नहीं हो पाती थी. 

फाइनेंशियल डेटा का भी हो सकेगा आदान प्रदान 
ओएनसीडी (आर्गेनाइजेशन फॉर इकोनॉमिक को-ऑपरेशन एंड डेवलपमेंट) देशों के बीच फाइनेंशियल डेटा के आदान प्रदान को लेकर भी समझौता हुआ है. इस समझौते के तहत सभी देश एक दूसरे को उनके वहां होने वाले फाइनेंशियल डेटा का भी ब्‍यौरा शेयर कर सकेंगे. यही नहीं ये डेटा रियल टाइम बेस पर करना होगा. 

आखिर क्‍या है ओएनसीडी? 
OECD का मतलब है ‘आर्गेनाइजेशन फॉर इकोनॉमिक को-ऑपरेशन एंड डेवलपमेंट’. यह एक अंतरराष्ट्रीय संगठन है जो 1961 में स्थापित हुआ था और उसका मुख्य कार्य आर्थिक सहयोग और विकास के क्षेत्र में सदस्य देशों के बीच सहयोग करना है. OECD के सदस्य देश विकसित और आर्थिक रूप से मजबूत देश होते हैं और इसका उद्देश्य विभिन्न आर्थिक मुद्दों पर विचारणा और सहयोग करना है, जैसे कि आर्थिक विकास, वित्तीय स्थिरता, और सार्वभौमिक विकास जैसे विषय शामिल हैं. OECD के कामकाज में आर्थिक डेटा संग्रहण, विश्लेषण, और साझा करना शामिल होता है, जिससे सदस्य देश अपनी आर्थिक नीतियों को सुधारने में मदद प्राप्त कर सकते हैं. OECD विशेष ध्यान देता है कि आर्थिक सुधार और विकास सामाजिक संरचना, आर्थिक न्याय, और पर्यावरण के प्रति सावधानी से किया जाए, और उन्हें अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर अध्ययन और विमर्श के लिए डेटा और अनुसंधान प्रदान करता है. 
 


टैग्स
सम्बंधित खबरें

जुलाई में GST कलेक्शन ने दिखाई अर्थव्यवस्था की मजबूती, 15.4% बढ़कर 2.11 लाख करोड़ रुपये पहुंचा

वित्त वर्ष 2026-27 के पहले चार महीनों (अप्रैल-जुलाई) में सकल GST कलेक्शन 8.43 लाख करोड़ रुपये रहा, जो पिछले वर्ष की समान अवधि के 7.66 लाख करोड़ रुपये की तुलना में 10.1% अधिक है.

21 hours ago

यील्ड के दिग्गज: कोटक-रॉबी की जंग

10 साल की अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड: 4.70%. लगातार बढ़ती हुई. 30 साल की यील्ड: 5.20%. और फेडरल रिजर्व अभी ब्याज दरों में बदलाव भी नहीं कर रहा था.

1 day ago

RBL बैंक को पहली बार मिली मूडीज की इन्वेस्टमेंट ग्रेड रेटिंग, आउटलुक स्थिर

वैश्विक रेटिंग एजेंसी ने बैंक को Baa2/P-2 रेटिंग दी, मजबूत पूंजी स्थिति और कारोबार में वृद्धि की उम्मीद को बताया आधार

1 day ago

कमर्शियल LPG सिलेंडर 209 रुपये तक सस्ता, होटल-रेस्टोरेंट और कारोबारियों को राहत

1 अगस्त से लागू हुई नई कीमतें, लगातार दूसरे महीने कम हुए व्यावसायिक गैस सिलेंडर के दाम; घरेलू LPG की कीमतों में कोई बदलाव नहीं

1 day ago

अजंता फार्मा का Q1 मुनाफा 31% बढ़कर 334 करोड़ रुपये पहुंचा, आय में 25% की बढ़ोतरी

US जेनरिक और अफ्रीका कारोबार ने कंपनी की ग्रोथ को दी मजबूती, एडजस्टेड EBITDA बढ़कर 454 करोड़ रुपये हुआ.

1 day ago


बड़ी खबरें

जुलाई में GST कलेक्शन ने दिखाई अर्थव्यवस्था की मजबूती, 15.4% बढ़कर 2.11 लाख करोड़ रुपये पहुंचा

वित्त वर्ष 2026-27 के पहले चार महीनों (अप्रैल-जुलाई) में सकल GST कलेक्शन 8.43 लाख करोड़ रुपये रहा, जो पिछले वर्ष की समान अवधि के 7.66 लाख करोड़ रुपये की तुलना में 10.1% अधिक है.

21 hours ago

पहली तिमाही में 22 राज्यों की कैपेक्स रफ्तार सुस्त, यूपी-बंगाल समेत कई बड़े राज्य पिछड़े: CAG

अप्रैल-जून तिमाही के दौरान 22 राज्यों ने संयुक्त रूप से पूंजीगत व्यय के लिए निर्धारित 10.45 लाख करोड़ रुपये के बजट में से 1.11 लाख करोड़ रुपये खर्च किए.

1 day ago

यील्ड के दिग्गज: कोटक-रॉबी की जंग

10 साल की अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड: 4.70%. लगातार बढ़ती हुई. 30 साल की यील्ड: 5.20%. और फेडरल रिजर्व अभी ब्याज दरों में बदलाव भी नहीं कर रहा था.

1 day ago

RBL बैंक को पहली बार मिली मूडीज की इन्वेस्टमेंट ग्रेड रेटिंग, आउटलुक स्थिर

वैश्विक रेटिंग एजेंसी ने बैंक को Baa2/P-2 रेटिंग दी, मजबूत पूंजी स्थिति और कारोबार में वृद्धि की उम्मीद को बताया आधार

1 day ago

कमर्शियल LPG सिलेंडर 209 रुपये तक सस्ता, होटल-रेस्टोरेंट और कारोबारियों को राहत

1 अगस्त से लागू हुई नई कीमतें, लगातार दूसरे महीने कम हुए व्यावसायिक गैस सिलेंडर के दाम; घरेलू LPG की कीमतों में कोई बदलाव नहीं

1 day ago