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टाटा ग्रुप में LIC की हिस्सेदारी ₹1 लाख करोड़ के पार, चंद्रशेखरन के दूसरे कार्यकाल में इन शेयरों में बढ़ा निवेश
प्राइम डेटाबेस के आंकड़ों के मुताबिक, जून 2022 के बाद टाटा ग्रुप की 14 लिस्टेड कंपनियों में से 10 में LIC की हिस्सेदारी बढ़ी है.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 3 hours ago
टाटा सन्स के चेयरमैन एन चंद्रशेखरन के दूसरे कार्यकाल के दौरान टाटा ग्रुप (Tata Group) की कई लिस्टेड कंपनियों में भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) की हिस्सेदारी बढ़ी है. प्राइम डेटाबेस के आंकड़ों के मुताबिक, जून 2022 के बाद टाटा ग्रुप की 14 लिस्टेड कंपनियों में से 10 में LIC की हिस्सेदारी बढ़ी है. इसके साथ ही टाटा ग्रुप की लिस्टेड कंपनियों में LIC के निवेश का कुल मूल्य ₹1 लाख करोड़ के पार पहुंच गया है. यह आंकड़ा ऐसे समय सामने आया है जब चंद्रशेखरन के दोबारा पांच साल के कार्यकाल को लेकर टाटा ग्रुप में मतभेद की खबरें हैं.
TCS में LIC की सबसे बड़ी हिस्सेदारी
टाटा ग्रुप की कंपनियों में LIC की सबसे बड़ी हिस्सेदारी TCS में है. कंपनी में LIC की हिस्सेदारी करीब 5.22% है, जिसकी मौजूदा वैल्यू करीब ₹41,960 करोड़ बताई गई है. टाटा ग्रुप में LIC के कुल निवेश का करीब 40% हिस्सा अकेले TCS में है. इसके बाद टाटा स्टील में LIC की करीब 6.3% हिस्सेदारी है, जिसकी वैल्यू ₹14,000 करोड़ से अधिक है.
Tata Elxsi में सबसे तेज बढ़ी हिस्सेदारी
जून 2022 के बाद LIC की हिस्सेदारी सबसे तेजी से Tata Elxsi में बढ़ी है. जून 2022 में कंपनी में LIC की हिस्सेदारी 1.04% थी, जो अब बढ़कर 6.59% हो गई है. हालांकि, इसी अवधि में Tata Elxsi के शेयर में काफी उतार-चढ़ाव देखने को मिला. अप्रैल 2020 से अगस्त 2022 के बीच शेयर करीब 10 गुना से ज्यादा चढ़ा था. जून 2022 के बाद इसमें गिरावट भी आई. अगस्त 2022 में शेयर करीब ₹10,238 के स्तर तक पहुंचा था, जबकि 18 सितंबर को यह करीब ₹3,333 पर था.
Trent में जीरो से 3% से ज्यादा हिस्सेदारी
LIC ने टाटा ग्रुप की रिटेल कंपनी Trent में भी अपनी हिस्सेदारी बढ़ाई है. जून 2022 में कंपनी में LIC की हिस्सेदारी शून्य थी, जो अब बढ़कर 3% से कुछ अधिक हो गई है. Trent के शेयर में भी पिछले कुछ वर्षों में बड़ी तेजी और उसके बाद गिरावट देखने को मिली. शेयर अगस्त 2020 से अक्टूबर 2024 के बीच तेजी से बढ़ा और करीब ₹5,200 के रिकॉर्ड हाई तक पहुंचा था. इसके बाद इसमें गिरावट आई और 18 सितंबर तक यह करीब ₹2,806 पर आ गया.
Tata Consumer और Tata Chemicals में भी बढ़ी हिस्सेदारी
Tata Consumer Products में LIC की हिस्सेदारी जून 2022 के मुकाबले 3 प्रतिशत अंक बढ़कर अब 8.23% हो गई है. वहीं, Tata Chemicals में LIC की हिस्सेदारी जून 2022 के 6.79% से बढ़कर 9.24% हो गई है. एक संस्थागत निवेशक के तौर पर LIC किसी कंपनी में अधिकतम 10% हिस्सेदारी रख सकती है. ऐसे में Tata Chemicals में LIC की हिस्सेदारी इस सीमा के काफी करीब पहुंच चुकी है.
इन टाटा कंपनियों में घटी LIC की हिस्सेदारी
हालांकि, सभी टाटा कंपनियों में LIC की हिस्सेदारी नहीं बढ़ी है. Tata Communications में LIC की हिस्सेदारी जून 2022 के 3.37% से घटकर 1% से भी कम रह गई है. Titan में भी LIC की हिस्सेदारी 1.09 प्रतिशत अंक घटकर 2.17% रह गई है. Tata Motors और Tata Motors Passenger Vehicles में भी हिस्सेदारी में बदलाव हुआ है. हालांकि, जून 2022 में ये दोनों कंपनियां एक ही इकाई थीं और 2025 में हुए डीमर्जर के बाद अलग हुईं.
चंद्रशेखरन के री-अपॉइंटमेंट को लेकर मतभेद
LIC की टाटा ग्रुप की कंपनियों में बढ़ती हिस्सेदारी की चर्चा ऐसे समय हो रही है जब Tata Sons के चेयरमैन एन चंद्रशेखरन के दोबारा नियुक्ति को लेकर मतभेद सामने आए हैं. Tata Sons के बोर्ड ने चंद्रशेखरन को पांच साल का एक और कार्यकाल देने का समर्थन किया है. हालांकि, Tata Trusts के चेयरमैन नोएल टाटा ने इसका विरोध किया है. Tata Trusts के पास Tata Sons में करीब 66% हिस्सेदारी है, इसलिए चंद्रशेखरन की दोबारा नियुक्ति के लिए Tata Trusts का रुख महत्वपूर्ण माना जा रहा है. LIC की टाटा ग्रुप की लिस्टेड कंपनियों में बढ़ती हिस्सेदारी ऐसे समय में सामने आई है जब Tata Sons की संभावित लिस्टिंग और उसके कॉरपोरेट गवर्नेंस से जुड़े मुद्दे भी चर्चा में हैं.
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