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Dabur करने जा रहा है बड़ा निवेश, लगेगा मैन्युफैक्चरिंग प्लांट, मिलेंगी हजारो नौकरियां
डाबर इंडिया ने बयान में कहा कि समझौता ज्ञापन में प्रथम चरण के लिए 135 करोड़ रुपये के स्वीकृत निवेश की रूपरेखा दी गई है, जिसे पांच वर्षों में बढ़ाकर 400 करोड़ रुपये किया जाएगा.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 1 year ago
FMCG सेक्टर की दिग्गज कंपनी, डाबर इंडिया (Dabur India) दक्षिण भारत में अपना पहला मैन्युफैक्चरिंग प्लांट लगाने जा रही है. इसके लिए कंपनी अगले 5 सालों में तमिलनाडु में 400 करोड़ रुपये का बड़ा निवेश करेगी. Dabur ने इस प्रोजेक्ट के लिए तमिलनाडु सरकार के साथ एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किया है. कंपनी पहले चरण में 135 करोड़ रुपये का निवेश करेगी और अगले 5 सालों में इसे 400 करोड़ रुपये तक बढ़ाया जाएगा. यह नया मैन्युफैक्चरिंग प्लांट तमिलनाडु के SIPCOT तिंदिवनम में लगाया जाएगा. इस फैक्ट्री से लगभग 250 लोगों को सीधा रोजगार मिलेगा. वहीं हजारों अप्रत्यक्ष नौकरियों भी पैदा होंगी.
400 करोड़ का होगा निवेश
डाबर इंडिया ने बयान में कहा कि समझौता ज्ञापन में प्रथम चरण के लिए 135 करोड़ रुपये के स्वीकृत निवेश की रूपरेखा दी गई है, जिसे पांच वर्षों में बढ़ाकर 400 करोड़ रुपये किया जाएगा.तमिलनाडु के विलुप्पुरम जिले में SIPCOT तिंडीवनम में स्थापित नए संयंत्र से डाबर को दक्षिण भारत से अपने कारोबार को और बढ़ाने में मदद मिलेगी, जिसकी वर्तमान में उसके घरेलू कारोबार में करीब 18-20 प्रतिशत हिस्सेदारी है. मुख्यमंत्री एम के स्टालिन, उद्योग मंत्री टी.आर.बी. राजा, मुख्य सचिव एन मुरुगनंदम की उपस्थिति में राज्य की निवेश प्रोत्साहन एजेंसी गाइडेंस तमिलनाडु के प्रबंध निदेशक विष्णु और डाबर इंडिया के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (CEO) मोहित मल्होत्रा ने समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए.
हजारों नौकरियों का अवसर
उद्योग मंत्री टी.आर.बी. राजा ने सोशल मीडिया एक्स पर लिखा, डाबर इंडिया तमिलनाडु में आपका स्वागत है. बल्कि दक्षिण भारत में आपका स्वागत है. राज्य के मुख्यमंत्री एम. के. स्टालिन की उपस्थिति में आज गाइडेंस तमिलनाडु ने विल्लुपुरम जिले के तिंडीवनम में एसआईपीसीओटी फूड पार्क में डाबर के साथ दक्षिण भारत में उसका पहला विश्व स्तरीय विनिर्माण संयंत्र स्थापित करने के लिए एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए गए. उन्होंने कहा कि कंपनी इस सुविधा में 400 करोड़ रुपये का निवेश करेगी, जिससे 250 से अधिक डायरेक्ट नौकरियों का सृजन होगा. वहीं, हजारों इनडायरेक्ट नौकरियों के अवसर भी खुलेंगे.
प्रोडक्ट्स की डिमांड में मिलेगी मदद
टी.आर.बी. राजा ने कहा, इससे भी महत्वपूर्ण बात यह है कि इससे आस-पास के डेल्टा क्षेत्र के किसानों के लिए कृषि उत्पाद बेचने के नए अवसर खुलेंगे…डाबर इंडिया के सीईओ मोहित मल्होत्रा ने कहा, इस निवेश से हम दक्षिण भारत में अपने उत्पादों की बढ़ती मांग को बेहतर ढंग से पूरा कर सकेंगे. इस क्षेत्र में अपनी बाजार उपस्थिति को मजबूत कर सकेंगे. हम नौकरियां सृजन कर और स्थानीय विक्रेताओं तथा आपूर्तिकर्ता भागीदारों के साथ मिलकर काम कर तमिलनाडु के आर्थिक विकास में योगदान देने के लिए तत्पर हैं.डाबर इंडिया के निदेशक मंडल ने दक्षिण भारत में एक नई सुविधा स्थापित करने के लिए 135 करोड़ रुपये के निवेश को 31 जनवरी को मंजूरी दी थी.
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