होम / बिजनेस / ओडिशा में स्टील सेक्टर को बड़ा बूस्ट: JSW और JFE की ₹32,000 करोड़ की जॉइंट वेंचर डील
ओडिशा में स्टील सेक्टर को बड़ा बूस्ट: JSW और JFE की ₹32,000 करोड़ की जॉइंट वेंचर डील
JSW और JFE की यह साझेदारी न सिर्फ ओडिशा बल्कि पूरे भारत के स्टील सेक्टर के लिए गेमचेंजर साबित हो सकती है. इससे उत्पादन क्षमता, तकनीक और रोजगार, तीनों क्षेत्रों में बड़ा बढ़ावा मिलने की उम्मीद है.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 2 hours ago
जेएसडब्ल्यू स्टील (JSW Steel) और जापान की जेएफई स्टील (JFE Steel Corporation) ने ओडिशा में स्टील उत्पादन बढ़ाने के लिए 50:50 की संयुक्त साझेदारी (JV) बनाने का ऐलान किया है. इस प्रोजेक्ट में करीब ₹32,000 करोड़ का निवेश किया जाएगा, जो हाल के वर्षों में इस क्षेत्र का सबसे बड़ा विदेशी समर्थित निवेश माना जा रहा है.
संबलपुर प्लांट की क्षमता 10 MTPA तक बढ़ेगी
इस ब्राउनफील्ड प्रोजेक्ट के तहत ओडिशा के संबलपुर स्थित प्लांट में 6 मिलियन टन प्रति वर्ष (MTPA) की अतिरिक्त क्षमता जोड़ी जाएगी. इससे प्लांट की कुल उत्पादन क्षमता बढ़कर 10 MTPA हो जाएगी. देश में इंफ्रास्ट्रक्चर, ऑटोमोबाइल, इंजीनियरिंग और कंस्ट्रक्शन सेक्टर की बढ़ती मांग को ध्यान में रखते हुए यह विस्तार किया जा रहा है.
BPSL के ऑपरेशन नई कंपनी में ट्रांसफर होंगे
समझौते के तहत Bhushan Power and Steel Ltd (BPSL) के इंटीग्रेटेड स्टील ऑपरेशंस को नई जॉइंट वेंचर कंपनी में ट्रांसफर किया जाएगा. इस नई कंपनी का नाम JSW JFE Steel Ltd रखा जाएगा. इसमें JFE की 50% हिस्सेदारी होगी, जिसकी वैल्यू करीब ₹15,750 करोड़ आंकी गई है.
हाई-ग्रेड और स्पेशल स्टील पर फोकस
दोनों कंपनियों ने कहा कि यह साझेदारी न सिर्फ उत्पादन क्षमता बढ़ाएगी, बल्कि हाई-ग्रेड और स्पेशलाइज्ड स्टील के उत्पादन को भी तेज करेगी. इससे भारत के स्टील सेक्टर को तकनीकी मजबूती मिलेगी.
सरकार की मौजूदगी में लॉन्च हुआ नया ब्रांड
इस जॉइंट वेंचर की नई पहचान का अनावरण ओडिशा में आयोजित एक कार्यक्रम में किया गया. इसमें राज्य और केंद्र सरकार के अधिकारी, दोनों कंपनियों के वरिष्ठ अधिकारी और भारत में जापान के राजदूत भी मौजूद रहे.
ओडिशा के लिए सबसे बड़ा जापानी निवेश
ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने कहा कि यह राज्य में अब तक का सबसे बड़ा जापानी निवेश है. उन्होंने बताया कि सरकार का लक्ष्य 2030 तक स्टील उत्पादन को 100 MTPA तक पहुंचाना है. इस प्रोजेक्ट से करीब ₹1 लाख करोड़ के निवेश और 2 लाख से ज्यादा नौकरियों के अवसर पैदा हो सकते हैं.
JSW और JFE की ताकत का होगा मेल
सज्जन जिंदल, चेयरमैन, JSW ग्रुप ने कहा कि यह साझेदारी JSW की मजबूत क्रियान्वयन क्षमता और JFE की उन्नत तकनीक को एक साथ लाएगी, जिससे भारत में स्टील उत्पादन को नई दिशा मिलेगी. वहीं, योशिहिसा कितानो ने इसे दोनों कंपनियों के सहयोग का अगला चरण बताया.
लोकेशन का मिलेगा बड़ा फायदा
संबलपुर स्थित यह प्लांट रेल और सड़क नेटवर्क से अच्छी तरह जुड़ा हुआ है. साथ ही, यह भारत के प्रमुख आयरन ओर (लौह अयस्क) बेल्ट के करीब स्थित है, जिससे कच्चे माल की उपलब्धता और लागत दोनों में फायदा मिलेगा.
JSW का विस्तार प्लान
JSW Steel की मौजूदा कच्चे स्टील की क्षमता 35.9 MTPA है, जिसमें 1.5 MTPA अमेरिका में शामिल है. कंपनी अगले तीन साल में इसे बढ़ाकर 43.9 MTPA करने की योजना बना रही है. वहीं, JFE Steel जापान की प्रमुख स्टील कंपनियों में से एक है, जो एडवांस टेक्नोलॉजी और स्पेशल स्टील के लिए जानी जाती है.
टैग्स