होम / ऑटोमोबाइल / PM मोदी को मिले 600 से ज्यादा तोहफों की नीलामी, जानें कितनी तय की गई है कीमत
PM मोदी को मिले 600 से ज्यादा तोहफों की नीलामी, जानें कितनी तय की गई है कीमत
17 सितंबर से उनके सैकड़ों गिफ्ट्स की नीलामी प्रक्रिया शुरू हो जाएगी. इसमें 600 रुपये से लेकर करीब 9 लाख रुपये तक के गिफ्ट शामिल हैं.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 1 year ago
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आज जन्मदिन है. पिछले कई साल की तरह इस बार भी पीएम मोदी को मिले तोहफों की ई-नीलामी की जा रही है. ये ऑक्शन 17 सितंबर से लेकर 2 अक्टूबर तक चलेगी, जिसमें पीएम मोदी को मिले 600 से अधिक तोहफों की नीलामी हो रही है. इसमें सिर्फ 600 रुपये की शुरुआती कीमत से लेकर 16 लाख रुपये तक की कीमत में तोहफे नीलाम किए जा रहे हैं. इसके लिए आप इसकी ऑफिशियल वेबसाइट (https://pmmementos.gov.in/) पर विजिट कर सकते हैं.
5 साल में हुई ₹50 करोड़ की कमाई
आपको बता दें कि पीएम मोदी को मिले गिफ्टों की नीलामी का यह छठा संस्करण है. 2019 में पीएम मोदी के बर्थडे से इसकी शुरुआत हुई थी. इन नीलामियों ने पिछले 5 साल में 50 करोड़ रुपये से अधिक की कमाई की है. हर साल की तरह इस बार भी पीएम मोदी के गिफ्ट्स की नीलामी से हुई आय को नमामि गंगे परियोजना में लगाया जाएगा. केंद्रीय मंत्री गजेंद्र शेखावत ने लोगों से इस ई-नीलामी में भाग लेने का आग्रह किया, क्योंकि इस ई-ऑक्शन में भाग लेकर वे एक नेक काम में योगदान देंगे. इससे हमारे देश के पर्यावरण को संरक्षित करने में सहायता मिलेगी
गिफ्ट्स में क्या-क्या?
पैरालंपिक कांस्य पदक विजेता अजीत सिंह, सिमरन शर्मा और रजत पदक विजेता निशाद कुमार द्वारा भेंट किए गए जूतों के अलावा रजत पदक विजेता शरद कुमार की हस्ताक्षरित टोपी का आधार मूल्य 2.86 लाख रुपये के आसपास रखा गया है.
राम मंदिर की एक प्रतिकृति जिसकी कीमत 5.50 लाख रुपये है, मोर की एक मूर्ति जिसकी कीमत 3.30 लाख रुपये है, राम दरबार की एक मूर्ति जिसकी कीमत 2.76 लाख रुपये है और चांदी की वीणा जिसकी कीमत 1.65 लाख रुपये है, उच्च आधार मूल्य वाली वस्तुओं में शामिल हैं.
सबसे कम आधार मूल्य वाले उपहार में सूती अंगवस्त्रम, टोपी और शॉल शामिल हैं, जिनकी कीमत 600 रुपये रखी गई है. नीलामी 17 सितंबर को प्रधानमंत्री मोदी के जन्मदिन से शुरू होकर दो अक्टूबर को समाप्त होगी. यहां आप गिफ्ट्स को ऑनलाइन देख सकते हैं.
गंगा सफाई में खर्च होगा पैसा
संस्कृति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा कि हमारे प्रधानमंत्री ने उन्हें मिलने वाले सभी तोहफों और स्मृति चिह्न की नीलामी की नई संस्कृति शुरू की है. मुख्यमंत्री के तौर पर भी वह ऐसा करते थे. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री को जो उपहार मिलते हैं, उन्हें नीलामी के माध्यम से लोगों को वापस दे दिया जाता है और नीलामी से अर्जित धन का इस्तेमाल एक नेक कार्य ‘गंगा की सफाई’ के लिए किया जाता है. शेखावत ने जोर देकर कहा कि छठी बार ऐसी नीलामी की जा रही है और इसके माध्यम से जुटाई गई धनराशि राष्ट्रीय गंगा कोष में दान की जाएगी.
टैग्स