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सरकारी हेल्थ इंश्योरेंस कंपनियां बनी लोगों की पहली पसंद, IRDAI की रिपोर्ट में जानिए इसकी वजह
IRDAI एक रिपोर्ट से पता चलता है कि निजी कंपनियों की तुलना में सरकारी हेल्थ इंश्योरेंस कंपनी लोगों की पहली पसंद है.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 1 year ago
क्या आपने कोई हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी खरीदी है? अगर नहीं और इसे खरीदने की प्लानिंग कर रहे हैं, तो ये खबर आपके काम की हो सकती है. दरअसल, हेल्थ इंश्योरेंस पॉलिसी खरीदने भारतीय किसी से भी पीछे नहीं हैं. इसे लेकर भारतीय बीमा नियामक प्राधिकरण (IRDAI) ने एक रिपोर्ट जारी की है. इस रिपोर्ट से साफ पता चलता है कि सरकारी हेल्थ इंश्योरेंस कंपनी लोगों की पहली पसंद है. तो आइए जानते हैं इस रिपोर्ट में और क्या खास है?
हेल्थ सेक्टर में इंकरड क्लेम रेशियों में आई गिरावट
पिछले साल से IRDAI ने अपनी रिपोर्ट में claim settlement ratio की बजाय केवल “इंकरड क्लेम रेशियो” (ICR) साझा करना शुरू कर दिया है. IRDAI के 2023-24 डेटा के अनुसार, हेल्थ इंश्योरेंस सेक्टर में इंकरड क्लेम रेशियो में हल्की गिरावट आई है. 2022-23 में यह 88.89 प्रतिशत था. अब यह 2023-24 में घटकर 88.15 प्रतिशत हो गया है. इस दौरान, इंश्योरेंस कंपनियों ने कुल 2.69 करोड़ हेल्थ इंश्योरेंस दावे निपटाए और दावों के निपटान पर 83,493 करोड़ रुपये खर्च किए. औसतन प्रति दावा भुगतान 31,086 रुपये था.
क्या होता है इंकरड क्लेम रेशियो?
इंकरड क्लेम रेशियो (ICR) का सही संतुलन होना चाहिए. यह न बहुत ज्यादा और न बहुत कम. अगर ICR 110 प्रतिशत है. इसका मतलब है कि कंपनी जितना प्रीमियम इकट्ठा करती है. उससे ज्यादा दावे का भुगतान कर रही है. यह कंपनी के लिए वित्तीय समस्याओं का संकेत हो सकता है. एक्सपर्ट के अनुसार, ICR का सही रेंज 80 प्रतिशत से 100 प्रतिशत के बीच होता है. यह प्रीमियम और दावों के बीच संतुलन को दर्शाता है. एक ICR जो 60 प्रतिशत से कम है. वह यह संकेत दे सकता है कि कंपनी बहुत अधिक दावे खारिज कर रही है. यही कारण है कि सरकारी हेल्थ इंश्योरेंस कंपनी लोगों की पहली पसंद है.
इंश्योरेंस कंपनी ऐसे करती है दावे का निपटान
रिपोर्ट के अनुसार इंश्योरेंस कंपनी ने 72 प्रतिशत दावे TPAs (थर्ड पार्टी एडमिनिस्ट्रेटर) के माध्यम से निपटाए, जबकि 28 प्रतिशत दावे कंपनी के इन-हाउस सिस्टम से निपटाए गए. भुगतान की विधि के बारे में बात करें तो, 66.16 प्रतिशत दावे कैशलेस मोड में निपटाए गए. वहीं, 39 प्रतिशत दावे रीइंबर्समेंट मोड में निपटाए गए.
2023-24 में सरकारी क्षेत्र की कंपनियों का क्लेम रेशियो
1. National Insurance Co. Ltd.- 90.83 प्रतिशत
2. The New India Assurance Co. Ltd.- 105.87 प्रतिशत
3. The Oriental Insurance Co. Ltd.- 101.96 प्रतिशत
4. United India Insurance Co. Ltd.- 109.23 प्रतिशत
प्राइवेट हेल्थ इंश्योरेंस कंपनियों के क्लेम रेशियो
1. Acko General Insurance Limited- 56.93 प्रतिशत
2. Bajaj Allianz General Insurance- 84.96 प्रतिशत
3. Future Generali India Insurance- 84.62 प्रतिशत
4. Go Digit General Insurance Ltd.- 93.87 प्रतिशत
5. HDFC ERGO General Insurance- 80.98 प्रतिशत
6. ICICI Lombard General Insurance- 78.85 प्रतिशत
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