विशाखापट्टनम, जवाहरलाल नेहरू पोर्ट, कोच्चि, कोलकाता और चेन्नई जैसे प्रमुख बंदरगाहों ने कुल निर्यात मूल्य का लगभग 64% हिस्सा संभाला है. इससे इन बंदरगाहों की लॉजिस्टिक और ट्रेडिंग में अहम भूमिका साफ होती है.
सरकार के अनुसार, यह समझौता इस बात को दर्शाता है कि दोनों देश MSME सेक्टर को समावेशी विकास, नवाचार और रोजगार सृजन का प्रमुख इंजन मानते हैं. इससे विभिन्न बाजारों में स्टेकहोल्डर्स के बीच सहयोग भी बढ़ेगा.
₹1800 करोड़ के प्रस्तावित सेटलमेंट के साथ NSE और SEBI के बीच लंबे समय से चला आ रहा विवाद अब अंतिम चरण में पहुंचता दिख रहा है.
यह डील पूरी होने पर APSEZ का यह तीसरा पोर्ट अधिग्रहण होगा, जो भारत के दिवालिया ढांचे के तहत किया जा रहा है. इससे पहले कंपनी महाराष्ट्र के दिघी पोर्ट और पुडुचेरी के करैकल पोर्ट का अधिग्रहण कर चुकी है.
₹75 करोड़ की यह शुरुआती फंडिंग SEIL की बैलेंस शीट को मजबूत करने और भविष्य के विस्तार की दिशा में अहम कदम मानी जा रही है. मजबूत निवेशक भागीदारी और बेहतर कच्चे माल की पहुंच से कंपनी की प्रतिस्पर्धात्मक क्षमता और बढ़ने की उम्मीद है.
HCL Tech के नतीजे यह दिखाते हैं कि आईटी सेक्टर में ग्रोथ के बावजूद बाजार की उम्मीदें काफी ऊंची हैं. ऐसे में केवल रेवेन्यू ग्रोथ नहीं, बल्कि मार्जिन और भविष्य की गाइडेंस भी निवेशकों के भरोसे के लिए बेहद अहम हो गई है.
कंपनी ने अब तक 71 देशों में 1300 से ज्यादा भारी उपकरण सप्लाई किए हैं. इसकी ऑर्डर बुक 12,700 करोड़ रुपये से ज्यादा पहुंच चुकी है, जो भविष्य की ग्रोथ को सपोर्ट करती है.
आरबीआई के अनुसार, ई-मैंडेट से जुड़े इन नियमों में बदलाव इंडस्ट्री एक्सपर्ट्स और कंपनियों से मिले सुझावों के आधार पर किए गए हैं. इसका मकसद डिजिटल पेमेंट को ज्यादा सुरक्षित, सरल और यूजर-फ्रेंडली बनाना है.
मंगलवार को BSE सेंसेक्स 753.03 अंकों यानी 0.96% की बढ़त के साथ 79,273.33 पर बंद हुआ. वहीं, NSE का निफ्टी50 इंडेक्स भी 211.75 अंक (0.87%) चढ़कर 24,576.60 के स्तर पर पहुंच गया.
इंफोसिस के सह-संस्थापक क्रिस गोपालकृष्णन, तीन भागों वाले इंटरव्यू के अंतिम हिस्से में बताते हैं कि 21वीं सदी का विश्वविद्यालय कैसा होना चाहिए; भारत के औद्योगिक विकास में इंफोसिस के महत्व पर बात करते हैं.
ग्लोबल साउथ में बढ़ते हीट संकट से निपटने के लिए अब पारंपरिक सोच से आगे बढ़ने की जरूरत है. विशेषज्ञों के अनुसार, बहु-क्षेत्रीय सहयोग. स्थानीय संदर्भ और मजबूत गवर्नेंस तंत्र ही इस चुनौती का प्रभावी समाधान दे सकते हैं.
केंद्र सरकार में स्वतंत्र राज्य मंत्री जितेंद्र सिंह ने कहा, कचरे को धन में बदलने की पहल से स्टार्टअप्स और छोटे व्यवसायों के लिए नए अवसर खुलेंगे.
अपर्णा भवाल का KFC India से इस्तीफा उनके करियर का एक बड़ा मोड़ माना जा रहा है. अब उनका फोकस नए बिजनेस मॉडल के जरिए उभरते ब्रांड्स को ग्रोथ दिलाने पर रहेगा, जिससे मार्केटिंग इकोसिस्टम को भी नई दिशा मिल सकती है.
निवेशक मोहनदास पाई स्टार्टअप्स के लिए निरंतर फंड प्रवाह की वकालत करते हैं और हर राज्य के लिए आर्थिक सलाहकार परिषद की पैरवी करते हैं.
रिपोर्ट के मुताबिक भारत में महंगाई दर 2026 में 4.4% और 2027 में 4.3% रहने का अनुमान है, जो आर्थिक स्थिरता का संकेत देता है.
कंपनी ने 2 रुपये फेस वैल्यू वाले प्रत्येक इक्विटी शेयर पर ₹1.75 का दूसरा अंतरिम डिविडेंड मंजूर किया है. यह फेस वैल्यू का करीब 87.5% है.
लोन लेते समय सिर्फ ब्याज दर ही नहीं, बल्कि प्रोसेसिंग फीस भी महत्वपूर्ण होती है. यह अलग-अलग बैंकों में 0.5% से लेकर 5% तक हो सकती है, जो कुल लोन लागत को प्रभावित करती है.
वेदांता ने एक्सचेंज फाइलिंग में जानकारी दी है कि डीमर्जर की रिकॉर्ड डेट 1 मई 2026 तय की गई है. इस घोषणा के बाद निवेशकों में उत्साह बढ़ा और शुरुआती कारोबार में ही शेयरों में 3% से अधिक की तेजी दर्ज की गई. इंट्रा-डे में शेयर ₹794.90 तक पहुंच गया, जो इसका एक साल का उच्च स्तर है.
RBI का यह फैसला भारतीय करेंसी मार्केट के लिए एक सकारात्मक संकेत माना जा रहा है. इससे निवेश बढ़ने, बाजार में स्थिरता आने और रुपए की वैश्विक पहचान मजबूत होने की उम्मीद है.
ईरान युद्ध और तेल संकट ने वैश्विक निवेश माहौल को झटका दिया है. भारत जैसे उभरते बाजारों में इसका सबसे बड़ा असर FPIs की भारी बिकवाली और बाजार की कमजोरी के रूप में देखने को मिल रहा है.