✕

होम / एक्सप्लेनर / कश्ती डूबेगी, तो सवार भी डूबेंगे; अकेले Adani Group ही नहीं रहेगा नुकसान में 

कश्ती डूबेगी, तो सवार भी डूबेंगे; अकेले Adani Group ही नहीं रहेगा नुकसान में 

हिंडनबर्ग रिसर्च की रिपोर्ट आने के बाद से अडानी समूह की कंपनियों के शेयरों में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 3 years ago

अमेरिकी कंपनी हिंडनबर्ग (Hindenburg) रिसर्च की रिपोर्ट पर बवाल मचा हुआ है. इस रिपोर्ट ने अडानी ग्रुप (Adani Group) को बड़ा नुकसान पहुंचाया है. ग्रुप की लिस्टेड कंपनियों के शेयर पिछले दो दिनों से लगातार नीचे जा रहे हैं. निवेशकों में अडानी समूह के शेयरों की बिकवाली का सिलसिला शुरू हो गया है. इस रिपोर्ट ने अकेले अडानी ग्रुप की कंपनियों को ही नुकसान नहीं पहुंचाया है, इसका असर बैंक और फाइनेंशियल शेयरों पर भी देखने को मिला. यदि आगे भी यही सेंटिमेंट बना रहता है, तो हालात और खराब हो सकते हैं. 

80,000 करोड़ का कर्ज
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, भारतीय बैंकों ने अडानी ग्रुप की कंपनियों को करीब 80,000 करोड़ रुपए का कर्ज दे रखा है. वहीं, भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) का अडानी ग्रुप की कंपनियों में 70,000 करोड़ रुपए से अधिक का निवेश है. ऐसे में जब अडानी ग्रुप नुकसान उठा रहा है, तो बैंक और LIC को नुकसान लाजमी हो जाता है. एक्सपर्ट्स मानते हैं कि कर्ज और निवेश के डूबने की आशंका से बैंकों और LIC के शेयरों में भारी बिकवाली देखी गई. हालांकि, वैसे तो अडानी समूह की फाउंडेशन स्ट्रांग मानी जाती है, लेकिन यदि रिपोर्ट का असर ज्यादा समय तक कायम रहता है, तो नुकसान केवल अडानी समूह तक ही सीमित नहीं रहेगा.  

ऐसा रहा मार्केट का हाल
अडानी ग्रुप को लेकर Hindenburg की नेगेटिव रिपोर्ट के चलते स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) का शेयर शुक्रवार को 4.69% की गिरावट के साथ बन हुआ. वहीं, बैंक ऑफ बड़ौदा के शेयरों में 7.48% की भारी गिरावट दर्ज की गई. जबकि बैंक ऑफ इंडिया का शेयर 5.51% और यूनियन बैंक ऑफ इंडिया का शेयर 4.34% लुढ़क गया. LIC की बात करें, तो इसका शेयर 3.25% तक टूट गया. इससे समझा जा सकता है कि रिपोर्ट से संकट केवल अडानी ग्रुप पर ही नहीं आया है, समूह को कर्ज देने वाले बैंक और इसमें इन्वेस्ट करने वाले LIC जैसे निवेशक भी इसकी जद में हैं. बता दें की Adani Ports के शेयर शुक्रवार को भारी 15.24 प्रतिशत की गिरावट के साथ बंद हुए. ग्रुप की बाकी कंपनियों के शेयरों का भी कुछ ऐसा ही हाल रहा.  

LIC ने बढ़ाया इन्वेस्टमेंट!
एक रिपोर्ट बताती है कि LIC ने अडानी ग्रुप की कंपनियों में निवेश बढ़ाया है. रिपोर्ट में पिछले साल 30 सितंबर तक के आंकड़ों के हवाले से बताया गया है कि एलआईसी का कुल इक्विटी पोर्टफोलियो 10.27 लाख करोड़ रुपए का था. इसमें से अडानी ग्रुप की कंपनियों में LIC का निवेश करीब 7 फीसदी है. वहीं, कांग्रेस ने इस पूरे मामले की जांच की मांग की है. कांग्रेस के नेता जयराम रमेश ने एक बयान में कहा कि सरकारी बैंकों ने अडानी ग्रुप के प्राइवेट बैंकों की तुलना में दोगुना कर्ज दिया है. इसमें से 40 फीसदी कर्ज अकेले SBI का है. उन्होंने यह भी कहा कि यदि अडानी ग्रुप पर लगे आरोप सही हैं तो एसबीआई जैसे सरकारी बैंकों को भारी नुकसान हो सकता है.

बैंकों ने कहा- कोई चिंता नहीं
वहीं, SBI की तरफ से कहा गया है कि अडानी ग्रुप की कंपनियों को दिया गया कर्ज RBI द्वारा निर्धारित लिमिट के भीतर है. बैंक ऑफ इंडिया ने भी यही बात कही है. सरकारी बैंकों का कहना है कि उन्हें अडानी समूह को दिए कर्ज को लेकर कोई चिंता नहीं है, लेकिन वह पूरे मामले पर करीब से नजर बनाए हुए हैं. इस बीच, मीडिया रिपोर्ट्स में कहा गया है कि बाजार नियामिक सेबी अडानी ग्रुप के सौदों की बारीकी से जांच करेगा. ग्रुप ने हाल में कई बड़े सौदे किए हैं. इनमें अंबूजा सीमेंट्स और ACC लिमिटेड का अधिग्रहण शामिल है.

शुक्र है छुट्टी आ गई 
अडानी समूह के लिए अच्छी बात ये रही कि रिपोर्ट सामने आने का बाद बाजार ज्यादा दिनों तक नहीं खुला, वरना नुकसान का आंकड़ा काफी बड़ा हो सकता था. दो दिन के कारोबार के बाद स्टॉक मार्केट में साप्ताहिक अवकाश है, अब बाजार सोमवार को खुलेगा. ऐसे में समूह को संभलने का मौका मिल गया है. अडानी ग्रुप लगातार विज्ञापन देकर अपनी स्थिति स्पष्ट कर रहा है. निवेशकों को भरोसा दिला रहा है कि उनका पैसा पूरी तरह सिक्योर है. शेयर बाजार सेंटिमेंट पर भी चलता है और यदि समूह निवेशकों को पूरी तरह भरोसा दिलाने में सफल रहता है, तो सोमवार को स्थिति कुछ बेहतर हो सकती है.     
 


टैग्स
सम्बंधित खबरें

समझिए: भारतीय पासपोर्ट नागरिकता का अंतिम कानूनी प्रमाण क्यों नहीं माना जाता?

मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि पासपोर्ट कानूनी रूप से एक यात्रा दस्तावेज है, न कि नागरिकता का अंतिम प्रमाण.

26-June-2026

क्या है 65 साल पुराना सिंधु जल समझौता, जिससे पाकिस्तान में मचेगा हाहाकार, कितना होगा असर?

भारत ने कहा है कि पाकिस्तान के साथ 1960 से चले आ रहे जल समझौते का बोझ आगे नहीं ढोएगा, जब तक पाकिस्तान सीमा पार से आतंकवाद को प्रभावी रूप से बंद नहीं कर देता है.

24-April-2025

अमेरिका के टैरिफ लगाने से भारत के किस सेक्टर्स पर क्या होगा असर? जानिए डिटेल्स

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दुनिया को बड़ा झटका दिया है. ट्रंप ने भारत समेत कई देशों पर टैरिफ लगाने का ऐलान कर दिया है. जिससे भारत के निर्यात पर गहरा असर देखने को मिल सकता है.

03-April-2025

भारत की तरक्की को कई गुना बढ़ा रही महिला एंटरप्रेन्योर, NeoGrowth की रिपोर्ट में आया सामने

3,000 से अधिक महिला उद्यमियों के सर्वेक्षण पर आधारित इस रिपोर्ट में महिलाओं की व्यापारिक सफलता और उनके सामने आने वाली चुनौतियों दोनों को दिखाया गया है.

06-March-2025

अडानी परिवार की शादी का उत्सव: परंपरा, आधुनिकता और समाज सेवा का संगम

यह शादी सिर्फ एक उत्सव नहीं, बल्कि अडानी परिवार की समाज सेवा के प्रति प्रतिबद्धता का प्रमाण है, जिसमें हर पहलू में कला, परंपरा और सशक्तिकरण जुड़ा हुआ है.

24-February-2025


बड़ी खबरें

शेयर बाजार में तूफानी तेजी, सेंसेक्स 1,233 अंक उछला; निवेशकों की दौलत में ₹8 लाख करोड़ का इजाफा

सोमवार, 2 नवंबर को बीएसई सेंसेक्स और एनएसई निफ्टी दोनों में जोरदार तेजी दर्ज की गई. कारोबार के दौरान सेंसेक्स 75,692 और निफ्टी 23,440 के स्तर को पार कर गए. दोनों प्रमुख सूचकांक लगातार तीसरे कारोबारी सत्र में बढ़त के साथ बंद हुए.

3 hours ago

कैंसर की 543 दवाएं होंगी सस्ती, 9 नवंबर से लागू होंगी नई कीमतें; मरीजों को मिलेगी बड़ी राहत

इस व्यवस्था के तहत कई प्रमुख कैंसर दवाओं की कीमतों में कमी की गई है. इनमें 20 से अधिक प्रकार के कैंसर के इलाज में इस्तेमाल होने वाली इम्यूनोथेरेपी दवाएं शामिल हैं.

3 hours ago

विदेशी और MF निवेशकों को मिल सकती है टैक्स राहत, सेबी ने सरकार को भेजा प्रस्ताव

इस प्रस्ताव का उद्देश्य निवेशकों को म्यूचुअल फंड में निवेश बनाए रखने के लिए प्रोत्साहित करना है. मौजूदा व्यवस्था में एक स्कीम से दूसरी स्कीम में स्विच करने को यूनिट्स की बिक्री माना जाता है और इस पर लागू नियमों के अनुसार कैपिटल गेन टैक्स देना पड़ता है.

6 hours ago

AAAI ने बनाई मीडिया काउंसिल, WPP, ओमनीकॉम, पब्लिसिस, हवास और मैडिसन के वरिष्ठ अधिकारी होंगे शामिल

भारतीय विज्ञापन एजेंसियों का संगठन AAAI मीडिया इंडस्ट्री के सामने उभरती चुनौतियों पर चर्चा और आपसी सहयोग बढ़ाने के लिए नई मीडिया काउंसिल बनाएगा. ओमनीकॉम मीडिया के कार्तिक शर्मा को काउंसिल का अध्यक्ष बनाया गया है.

8 hours ago

मार्च 2027 तक 6.75-7% तक आ सकती है 10 साल के सरकारी बॉन्ड की यील्ड: SBI रिसर्च

SBI रिसर्च की रिपोर्ट के अनुसार, अगर RBI रेपो रेट में 50 बेसिस पॉइंट की बढ़ोतरी कर इसे 6 फीसदी तक पहुंचा देता है, तब भी 10 साल के सरकारी बॉन्ड की यील्ड 6.75 से 7 फीसदी के दायरे में रह सकती है.

8 hours ago