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चेन्नई में जमीन का अधिग्रहण करके भारत में स्थिति मजबूत करेगी ये कंपनी!

इन दोनों ही डेटा सेंटर्स को टियर-3 स्टैण्डर्ड के अनुरूप बनाया जाएगा और यह 36 मेगावाट के IT लोड को समर्थन प्रदान करेंगे.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 2 years ago

वेब-वर्क्स और आयरन माउंटेन डेटा सेंटर (Web Werks – Iron Mountain Data Centre) जॉइंट वेंचर ने आज जानकारी देते हुए बताया कि चेन्नई में स्थित अम्बतुर में कंपनी ने चार एकड़ जमीन का अधिग्रहण किया है. इस जमीन पर कंपनी दो नए डेटा सेंटर्स का निर्माण करेगी ताकि वह क्षेत्रीय कस्टमर्स की बढ़ती हुई मांग को पूरा कर सके. 

चेन्नई तेजी से बढ़ रहा है आगे
इन दोनों ही डेटा सेंटर्स को टियर-3 स्टैण्डर्ड के अनुरूप बनाया जाएगा और यह 36 मेगावाट के IT लोड को समर्थन प्रदान करेंगे. इसके साथ ही इन डेटा सेंटर्स की बदौलत देश में कंपनी की बढ़ती हुई मौजूदगी को भी समर्थन मिलेगा. इसके साथ ही पुणे, बैंगलोर, नोएडा, मुंबई और हैदराबाद जैसी प्रमुख मार्केटों में 90 मेगावाट के नए प्रोजेक्ट विकसित करने में भी कंपनी को मदद मिलेगी. चेन्नई भारत की सबसे तेजी से आगे बढ़ती हुई डेटा सेंटर मार्केट है. सिंगापुर और एशिया के अन्य क्षेत्रों के साथ राज्य का आंतरिक संबंध, पावर की अधिकता और इसकी भौगोलिक स्थिति जैसे कारकों की वजह से ही चेन्नई काफी तेजी से देश की प्रमुख डेटा सेंटर मार्केट बनता जा रहा है. 

चेन्नई क्यों है पसंदीदा जगह
डेटा सेंटर्स और एसेट लाइफसाइकिल मैनेजमेंट के EVP एवं ग्लोबल जनरल मैनेजर मार्क किड ने इस मौके पर कहा ‘क्योंकि चेन्नई भारत की सबसे प्रमुख कनेक्टिविटी हब में से एक है इसलिए नेटवर्क कंटेंट, पब्लिक सेक्टर अंडरटेकिंग और उद्यम के कस्टमर्स की मांग को पूरा करने के लिए ज्यादा क्षमता वाला डेटा सेंटर बनाने के लिए काफी उत्सुक हैं. पूरे देश में हमारी मौजूदगी को मजबूती प्रदान करने के लिए हमारा ध्यान डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन के माध्यम से अपने कस्टमर्स को समर्थन प्रदान करना है. हम कम एनर्जी का उपयोग करने वाले, घने नेटवर्क व काफी सुरक्षित अपने डेटा सेंटर्स को तेजी से आगे बढ़ती हुई मार्केट में लेकर आना चाहते हैं. इसके साथ ही वेब वर्क्स डेटा सेंटर्स के फाउंडर एवं CEO निखिल राठी ने कहा है कि डेटा सेंटर इकोसिस्टम के जन्म के लिए सबमरीन केबल, क्षेत्रीय उपभोग और इंटरनेट ट्रैफिक जैसे कारकों की आवश्यकता पड़ती है. चेन्नई सभी डेटा सेंटर्स के लिए इच्छित स्थान इसीलिए है क्योंकि यहां ये सब कारक तो मौजूद हैं ही और साथ ही पर्याप्त जमीन, ऊर्जा एवं कनेक्टिविटी विकल्पों की बदौलत भी यह डेटा सेंटर्स के लिए पसंदीदा जगह बन जाती है.
 

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