होम / बिजनेस / सरकार कर रही देसी कंसल्टेंसी कंपनी बनाने की तैयारी, विदेशी फर्मों को मिलेगी टक्कर

सरकार कर रही देसी कंसल्टेंसी कंपनी बनाने की तैयारी, विदेशी फर्मों को मिलेगी टक्कर

सरकार की यह पहल भारत में परामर्श सेवाओं की आत्मनिर्भरता और वैश्विक प्रतिस्पर्धा में भागीदारी की दिशा में एक बड़ा कदम हो सकती है.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 1 year ago

भारत सरकार विदेशी परामर्श कंपनियों की निर्भरता कम करने के लिए एक स्वदेशी परामर्श एवं ऑडिट कंपनी स्थापित करने की दिशा में कदम बढ़ा रही है. यह देसी कंपनी भविष्य में PwC, Deloitte, EY और KPMG जैसी चार वैश्विक कंपनियों को प्रतिस्पर्धा देने की क्षमता रखेगी. आइए सरकार की इस योजना के बारे में विस्तार से जानते हैं.

उच्चस्तरीय समिति कर रही है रूपरेखा तैयार

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार इस उद्देश्य की पूर्ति के लिए कंपनी मामलों के मंत्रालय की सचिव दीप्ति गौर मुखर्जी की अध्यक्षता में एक समिति का गठन किया गया है. यह समिति देसी परामर्श कंपनी बनाने के लिए आवश्यक नीतियों और ढांचागत पहलुओं पर विचार कर रही है और जरूरत पड़ने पर नीतिगत सुझाव भी देगी. इस योजना को लेकर पहली महत्वपूर्ण बैठक प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) में हुई. बैठक की अध्यक्षता प्रधानमंत्री के प्रमुख सलाहकार शक्तिकांत दास ने की. इसमें आर्थिक मामलों के सचिव अजय सेठ, वित्तीय सेवा सचिव एम. नागराज, राजस्व सचिव अरविंद श्रीवास्तव और दीप्ति गौर मुखर्जी सहित शीर्ष अधिकारी शामिल हुए.

भारतीय कंपनी का वैश्विक खाका पेश

बैठक के दौरान प्रधानमंत्री की आर्थिक सलाहकार परिषद के सदस्य संजीव सान्याल ने एक भारतीय वैश्विक परामर्श कंपनी की रूपरेखा प्रस्तुत की. इस बैठक से पहले भारतीय सनदी लेखाकार संस्थान (ICAI) ने भी इस विषय पर मंत्रालय को अपनी सलाह दी थी.

विदेशी फर्मों पर निर्भरता होगी कम

वर्तमान में Deloitte, PwC, EY और KPMG को भारत सरकार के विभिन्न मंत्रालयों और विभागों से बड़े परामर्श कार्य मिलते हैं. अब सरकार चाहती है कि देश में ही एक ऐसी स्थानीय कंपनी विकसित हो, जो इन कार्यों को कर सके और विदेशी फर्मों पर निर्भरता कम हो.

ICAI को सौंपी गई थी जिम्मेदारी

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने जून 2023 में ICAI को एक देसी कंपनी खड़ी करने की जिम्मेदारी चुनौती के रूप में लेने को कहा था. उन्होंने सवाल उठाया था कि भारत के लाखों योग्य चार्टर्ड अकाउंटेंट्स के बावजूद, वे केवल विदेशी कंपनियों में ही लीडर और पार्टनर क्यों बनते हैं?  उन्होंने कहा था “अगर पार्टनर ही बनना है, तो अपनी कंपनी में बनो, न कि विदेशी फर्मों में.”

नियामकीय अड़चनों को हटाना होगा

विशेषज्ञों के अनुसार, भारत में बड़ी देसी फर्मों की स्थापना नियामकीय अड़चनों के चलते बाधित हो रही है. चार्टर्ड अकाउंटेंट अधिनियम के मौजूदा प्रावधानों के तहत CAs के अलावा किसी अन्य के साथ राजस्व या मुनाफा साझा करने की अनुमति नहीं है, जिससे संयुक्त उद्यम या साझेदारी सीमित हो जाती है.

ग्रांट थॉर्नटन और BDO जैसे विकल्प भी मौजूद

भारत में पहले से ग्रांट थॉर्नटन इंडिया और BDO इंडिया जैसी कंपनियाँ मौजूद हैं, जो परामर्श क्षेत्र में तेजी से आगे बढ़ रही हैं. लेकिन सरकार की योजना है कि एक सरकारी या समर्थित देसी दिग्गज को स्थापित किया जाए, जो अंतरराष्ट्रीय ठेकों के लिए भी प्रतिस्पर्धा कर सके.

 


टैग्स
सम्बंधित खबरें

ICAR और सेशेल्स के बीच MoU, जलवायु-अनुकूल खेती और हॉर्टिकल्चर को मिलेगा बढ़ावा

भारत और सेशेल्स ने कृषि अनुसंधान और शिक्षा के क्षेत्र में सहयोग को मजबूत बनाने के उद्देश्य से एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए हैं.

3 hours ago

फर्स्टक्राई समर्थित स्वारा बेबी लाएगी ₹1,000 करोड़ का IPO, सेबी के पास दाखिल किया DRHP

स्वारा बेबी डिस्पोजेबल हाइजीन उत्पादों का निर्माण करती है. कंपनी बेबी केयर, एडल्ट इनकॉन्टिनेंस और फेमिनिन हाइजीन सेगमेंट में कई प्रोडक्ट बनाती है.

3 hours ago

एनर्जी ड्रिंक बेचने के दावों पर FSSAI की नजर, रेड बुल सहित 6 बड़ी कंपनियों को जारी हुआ नोटिस

नियामक ने स्पष्ट किया है कि खाद्य उत्पादों को दवा जैसी प्रभावशीलता या विशेष स्वास्थ्य लाभ देने वाला बताना नियमों का उल्लंघन है.

4 hours ago

शिप रीसाइक्लिंग में दुनिया का हब बनेगा भारत, ₹76,000 करोड़ की योजना से 16,000 जहाजों का लक्ष्य

भारत और यूरोपीय संघ ने यूरोपीय शिप रीसाइक्लिंग रेगुलेशन (EUSRR) के तहत भारतीय शिप रीसाइक्लिंग यार्ड्स को मान्यता दिलाने की दिशा में हुई प्रगति की समीक्षा की.

5 hours ago

गोल्ड लोन में तेज उछाल पर नजर रखना जरूरी, फिर भी NBFC सेक्टर मजबूत: RBI रिपोर्ट

भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की वित्तीय स्थिरता रिपोर्ट (FSR) के विश्लेषण में एलारा सिक्योरिटीज ने कहा है कि NBFC क्षेत्र की परिसंपत्ति गुणवत्ता, पूंजी स्थिति और ऋण वसूली मजबूत बनी हुई है.

6 hours ago


बड़ी खबरें

एनर्जी ड्रिंक बेचने के दावों पर FSSAI की नजर, रेड बुल सहित 6 बड़ी कंपनियों को जारी हुआ नोटिस

नियामक ने स्पष्ट किया है कि खाद्य उत्पादों को दवा जैसी प्रभावशीलता या विशेष स्वास्थ्य लाभ देने वाला बताना नियमों का उल्लंघन है.

4 hours ago

ICAR और सेशेल्स के बीच MoU, जलवायु-अनुकूल खेती और हॉर्टिकल्चर को मिलेगा बढ़ावा

भारत और सेशेल्स ने कृषि अनुसंधान और शिक्षा के क्षेत्र में सहयोग को मजबूत बनाने के उद्देश्य से एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए हैं.

3 hours ago

OXMIQ Labs ने जुटाए 35 मिलियन डॉलर, AI चिप आर्किटेक्चर के विस्तार को मिलेगी रफ्तार

Samsung Catalyst Fund समेत कई वैश्विक निवेशकों ने किया निवेश, अब तक 60 मिलियन डॉलर की फंडिंग हासिल

9 hours ago

फर्स्टक्राई समर्थित स्वारा बेबी लाएगी ₹1,000 करोड़ का IPO, सेबी के पास दाखिल किया DRHP

स्वारा बेबी डिस्पोजेबल हाइजीन उत्पादों का निर्माण करती है. कंपनी बेबी केयर, एडल्ट इनकॉन्टिनेंस और फेमिनिन हाइजीन सेगमेंट में कई प्रोडक्ट बनाती है.

3 hours ago

शिप रीसाइक्लिंग में दुनिया का हब बनेगा भारत, ₹76,000 करोड़ की योजना से 16,000 जहाजों का लक्ष्य

भारत और यूरोपीय संघ ने यूरोपीय शिप रीसाइक्लिंग रेगुलेशन (EUSRR) के तहत भारतीय शिप रीसाइक्लिंग यार्ड्स को मान्यता दिलाने की दिशा में हुई प्रगति की समीक्षा की.

5 hours ago