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रसना की रेडी-टु-ड्रिंक सेगमेंट में एंट्री, 350 करोड़ रुपय में किया इस बड़े ब्रांड का अधिग्रहण
रसना का यह कदम उसके पोर्टफोलियो में विविधता लाने के साथ तेजी से बढ़ते रेडी-टु-ड्रिंक बाजार में उसे नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने की दिशा में एक बड़ा कदम है.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 1 year ago
भारतीय पेय उत्पाद कंपनी रसना ने रेडी-टु-ड्रिंक (RTD) सेगमेंट में धमाकेदार एंट्री करते हुए मशहूर ब्रांड Jumpin का अधिग्रहण कर लिया है. कंपनी का लक्ष्य इस सौदे के जरिए तेजी से बढ़ते गैर-कार्बोनेटेड ड्रिंक्स मार्केट में अपनी मौजूदगी मजबूत करना है और 1,000 करोड़ रुपये के बाजार में हिस्सेदारी हासिल करना है. चलिए कंपनी की पूरी प्लानिंग जानते हैं.
Jumpin का अधिग्रहण
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, रसना ने Jumpin को Hershey India से अधिग्रहीत किया है, जबकि मूल रूप से यह ब्रांड गोदरेज समूह का था. सौदे की कुल कीमत लगभग 350 करोड़ रुपये आंकी जा रही है. रसना ने इसे अपने दीर्घकालिक रणनीतिक लक्ष्य के रूप में बताया है, जिसमें कंपनी स्वास्थ्यवर्धक और विविध पेय विकल्पों की ओर बढ़ रही है.
भारत का पहला टेट्रापैक ब्रांड
गोदरेज समूह द्वारा लॉन्च किया गया ‘जंपिन’ 1980 के दशक में भारत का पहला टेट्रापैक ब्रांड था, जिसे उसकी स्वादिष्ट पेशकशों और यादगार विज्ञापनों के लिए उपभोक्ताओं का भरपूर प्यार मिला. अब रसना द्वारा अधिग्रहण किए जाने के बाद जंपिन को भारतीय फलों के रस से बने एक प्रीमियम, पौष्टिक और स्वादिष्ट पेय के रूप में पुनः लॉन्च किया जा रहा है. यह उत्पाद आधुनिक खुदरा चैनलों, ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म और रसना के व्यापक ग्रामीण वितरण नेटवर्क के जरिए भारत भर में उपलब्ध होगा.
इन फ्लेवर्स में मिलेगा जंपिन
नए जमाने के उपभोक्ताओं को ध्यान में रखते हुए जंपिन को 250 मिलीलीटर (मिली), 600 मिली और 1.2 लीटर पीईटी बोतलों में तथा 125 मिली, 200 मिली और एक लीटर के टेट्रा पैक में लॉन्च किया जाएगा. मैंगो, लेमन, लीची और अमरूद जैसे लोकप्रिय फ्लेवर्स के साथ शुरुआत करते हुए ब्रांड का लक्ष्य प्रमुख शहरी और क्षेत्रीय बाजारों में मजबूत उपस्थिति बनाना है, जिसके बाद राष्ट्रीय स्तर पर विस्तार किया जाएगा.
रसना ग्रुप के चेयरमैन पिरुज खंबाटा ने कहा, "पाउडर ड्रिंक की कई कंपनियों ने RTD मार्केट में उतरने की कोशिश की है, लेकिन यह इतना आसान नहीं है. हम अब सिर्फ कंसन्ट्रेट नहीं, बल्कि व्यापक बाजार को लक्ष्य बना रहे हैं." उन्होंने यह भी जोड़ा कि नया ब्रांड बनाना महंगा और समय लेने वाला होता है, इसीलिए Jumpin जैसे स्थापित ब्रांड को अपनाना कंपनी के लिए ज्यादा व्यावहारिक कदम था.
फलों के रस का बाजार 2033 तक पहुंचेगा ₹1.2 लाख करोड़
आईएमएआरसी ग्रुप की रिपोर्ट के अनुसार, भारत में फलों के रस का बाजार वर्ष 2033 तक 1,22,855 करोड़ रुपये तक पहुंचने का अनुमान है. यह 2025 से 2033 के दौरान 11.90% की चक्रवृद्धि वार्षिक वृद्धि दर (CAGR) को दर्शाता है. स्वास्थ्य और तंदुरुस्ती के प्रति उपभोक्ताओं की बढ़ती जागरूकता इस तेजी की प्रमुख वजह है.
जून में लॉन्च, 10 रुपये से शुरू होगी कीमत
रसना ने बताया कि Jumpin के नए अवतार को जून 2025 में लॉन्च किया जाएगा. इसकी शुरुआती कीमत 10 रुपये रखी जाएगी और इसमें कई फ्लेवर व स्टॉक-कीपिंग यूनिट्स (SKUs) उपलब्ध होंगी. इसे पूरे देश में मॉडर्न रिटेल और ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म्स के जरिए उपलब्ध कराया जाएगा.
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