होम / बिजनेस / PhonePe IPO को SEBI से मिली मंजूरी: 12,000 करोड़ का OFS इश्यू जल्द लॉन्च
PhonePe IPO को SEBI से मिली मंजूरी: 12,000 करोड़ का OFS इश्यू जल्द लॉन्च
ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (DRHP) के अनुसार, इस IPO में जुटाई गई राशि कंपनी के पास नहीं जाएगी. बल्कि मौजूदा निवेशक और प्रमोटर अपनी हिस्सेदारी बेचकर आंशिक या पूर्ण एग्जिट लेंगे.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 2 months ago
भारत की डिजिटल पेमेंट की दिग्गज कंपनी PhonePe अब शेयर बाजार में कदम रखने को तैयार है. SEBI से IPO की मंजूरी मिलने के बाद, कंपनी करीब 12,000 करोड़ रुपये जुटाने के लिए पूरी तरह OFS (Offer for Sale) आधारित पब्लिक इश्यू लाने जा रही है. यह कदम PhonePe की UPI से शेयर बाजार तक की यात्रा को दर्शाता है.
निवेशकों और प्रमोटर्स की हिस्सेदारी बिकेगी
ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (DRHP) के अनुसार, इस IPO में जुटाई गई राशि कंपनी के पास नहीं जाएगी, बल्कि मौजूदा निवेशक और प्रमोटर अपनी हिस्सेदारी बेचकर आंशिक या पूर्ण एग्जिट लेंगे. PhonePe ने सितंबर 2025 में कॉन्फिडेंशियल रूट के जरिए IPO के लिए आवेदन किया था और अब अपडेटेड ड्राफ्ट दाखिल कर प्रक्रिया को आगे बढ़ा दिया है.
UPI से IPO तक का सफर
छोटे से UPI स्टार्टअप के रूप में शुरू हुई PhonePe ने पिछले 10 सालों में भारत के सबसे बड़े फिनटेक प्लेटफॉर्म्स में अपनी जगह बना ली है. आज इसके पास 65 करोड़ से ज्यादा रजिस्टर्ड यूजर्स और 4.7 करोड़ दुकानदार हैं, जो बड़े शहरों से लेकर छोटे कस्बों और गांवों तक फैले हुए हैं.
रोजमर्रा की जरूरतों से शुरू हुई बिजनेस यात्रा
PhonePe की सफलता की कहानी बेहद साधारण शुरुआत से जुड़ी है. मोबाइल रिचार्ज, बिजली बिल या DTH भुगतान जैसे छोटे-छोटे कामों को सरल और तेज बनाने के साथ कंपनी ने उपयोगकर्ताओं का भरोसा जीत लिया. धीरे-धीरे यूजर्स इस प्लेटफॉर्म पर निवेश और अन्य फाइनेंशियल प्रोडक्ट्स का भी इस्तेमाल करने लगे.
एक ऐप, कई सेवाएँ
आज PhonePe केवल पैसे ट्रांसफर का माध्यम नहीं रहा.
1. मोबाइल रिचार्ज, बिल पेमेंट, लोन EMI, FASTag रिचार्ज.
2. डिजिटल गोल्ड, गोल्ड SIP, सिल्वर ETF.
3. मोटर, हेल्थ, लाइफ और ट्रैवल इंश्योरेंस.
4. मर्चेंट और पर्सनल लोन, UPI क्रेडिट लाइन, इंटरनेशनल UPI पेमेंट.
इस तरह PhonePe छोटे निवेशकों से लेकर बड़े व्यापारियों तक सभी के लिए वित्तीय सेवाओं का प्लेटफॉर्म बन चुका है.
व्यापारियों का मददगार प्लेटफॉर्म
भारत जैसे विविधताओं वाले देश में PhonePe का यूजर-फ्रेंडली इंटरफेस और 11 से ज्यादा भारतीय भाषाओं में उपलब्ध ऐप इसे छोटे शहर और ग्रामीण यूजर्स के लिए भी सुलभ बनाता है. आज इसके 65% से अधिक यूजर बेस बड़े महानगरों के बाहर का है.
PhonePe ने सिर्फ ग्राहकों ही नहीं, बल्कि 4.7 करोड़ से अधिक व्यापारियों को भी केंद्र में रखा है.
1. SmartSpeaker और SmartPOD जैसी डिवाइसें.
2. पेपरलेस लोन और तुरंत पेमेंट सेटलमेंट.
3. आसान अकाउंट मैनेजमेंट.
4. छोटे व्यापारियों को भी बड़े रिटेल स्टोर्स जैसी सुविधाएं मिल रही हैं.
10 साल बाद IPO: एक परिपक्व कंपनी का सफर
PhonePe अब शेयर बाजार में उतरने के लिए तैयार है. 10 साल के इस सफर में यह केवल लेन-देन का प्लेटफॉर्म नहीं रहा, बल्कि लोगों की कमाई, खर्च, बचत और निवेश का अहम हिस्सा बन चुका है. PhonePe की कहानी यह दर्शाती है कि जब फोकस छोटे दुकानदारों और दूर-दराज के ग्राहकों की समस्याओं को हल करने पर होता है, तो सफलता बड़े स्तर पर अपने आप दिखाई देती है. यही है असली डिजिटल इंडिया की ताकत.
टैग्स