होम / बिजनेस / कर्ज में डूबी इस कंपनी के आएंगे 'अच्छे दिन', अंबानी से जुड़ सकता है रिश्ता!

कर्ज में डूबी इस कंपनी के आएंगे 'अच्छे दिन', अंबानी से जुड़ सकता है रिश्ता!

फ्यूचर सप्लाई चेन सॉल्यूशंस के कर्जदाताओं को NCLT से अतिरिक्त समय मिल गया है.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 2 years ago

कर्ज में डूबी फ्यूचर सप्लाई चेन सॉल्यूशंस को मुकेश अंबानी (Mukesh Ambani) का साथ मिल सकता है. दरअसल, किशोर बियानी के फ्यूचर समूह की कंपनी 'फ्यूचर सप्लाई चेन सॉल्यूशंस' (Future Supply Chain Solutions) के लेंडर्स को रिलायंस की बोली पर विचार के लिए वक्त मिल गया है. मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, रिलायंस रिटेल वेंचर्स ने इस कंपनी को खरीदने के लिए बोली लगाई है. नेशनल कंपनी लॉ ट्रिब्यूनल (NCLT) ने कंपनी के कर्जदाताओं को 45 दिन का समय दिया है, ताकि वो बोलियों पर विचार कर सकें.

ये भी हैं दौड़ में शामिल 
रिलायंस रिटेल वेंचर्स के अलावा तत्काल लोन इंडिया ने भी फ्यूचर सप्लाई चेन सॉल्यूशंस के लिए बोली लगाई है. इस संबंध में NCLT से 45 दिन के विस्तार की मांग की गई थी, जिसे ट्रिब्यूनल ने स्वीकार कर लिया है. किशोर बियानी की इस कंपनी को अपना बनाने के लिए वन सिटी इंफ्रास्ट्रक्चर, ग्लोब इकोलॉजिस्टिक्स, ट्रक्स लॉजिस्टिक्स सॉल्यूशंस और सुगना मेटल्स ने भी दिलचस्पी दिखाई थी. 'फ्यूचर सप्लाई चेन सॉल्यूशंस' दिवालियापन प्रक्रिया से गुजर रही है. 

ये भी पढ़ें - Google की 'मनमानी' से सरकार का चढ़ा पारा, अब अगले हफ्ते आमने-सामने होगी बात

कंपनी पर इतना है कर्ज 
पिछले साल जनवरी में फ्यूचर सप्लाई चेन सॉल्यूशंस के लेंडर डीएचएल ई-कॉमर्स (इंडिया) प्राइवेट लिमिटेड ने NCLT में याचिका दायर करते हुए कंपनी के खिलाफ दिवाला प्रक्रिया शुरू की मांग की थी. कंपनी पर कुल 885 करोड़ रुपए की स्वीकृत देनदारियां हैं. इसके प्रमुख लेनदारों में अजीम प्रेमजी ट्रस्ट, IDFC फर्स्ट बैंक, जेसी फ्लावर्स एसेट रिकंस्ट्रक्शन और स्टेट बैंक ऑफ इंडिया शामिल हैं. Future Supply Chain Solutions के शेयर की बात करें, तो यह आज नुकसान के साथ 8.20 रुपए पर बंद हुआ है. इस साल अब तक इसमें 26.46% की गिरावट आ चुकी है. हालांकि, अगर अंबानी इस कंपनी को अपना बना लेते हैं, तो फिर शायद फ्यूचर सप्लाई चेन सॉल्यूशंस के शेयरों के दिन फिर जाएं.
 


टैग्स
सम्बंधित खबरें

केरल से पनामा तक: ब्लैकरॉक का अदृश्य साम्राज्य

भारत के विझिंजम बंदरगाह को अडानी और MSC के बीच एक सामान्य लेनदेन के रूप में प्रस्तुत किया गया, लेकिन दस्तावेज कहीं अधिक बड़ी कहानी बताते हैं. 'उस गुप्त हाथ के पीछे का साम्राज्य' का दूसरा भाग

3 minutes ago

हमारी मुंबई, उनकी बैलेंस शीट

वह अनकही कहानी कि कैसे गुजराती और जैन व्यापारी समुदायों ने बॉम्बे की वित्तीय संरचना खड़ी की, जबकि बाद में राजनीति ने उस पर दावा करने की कला को सिद्ध कर लिया.

37 minutes ago

OMCs की अंडर-रिकवरी 2.19 लाख करोड़ रुपये पर पहुंची, पेट्रोल-डीजल पर मिल सकती है राहत

हरदीप सिंह पुरी के अनुसार, पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष और ऊंची वैश्विक ऊर्जा कीमतों के बीच सरकारी तेल कंपनियों ने घरेलू उपभोक्ताओं को अपेक्षाकृत कम कीमत पर ईंधन उपलब्ध कराया. इसके चलते कंपनियों को भारी अंडर-रिकवरी का सामना करना पड़ा.

1 hour ago

अडानी पर निवेशकों का भरोसा बरकरार, ₹15,000 करोड़ के QIP पर ₹38,000 करोड़ की बोलियां

कंपनी इस पूंजी का इस्तेमाल पॉलीविनाइल क्लोराइड (PVC) प्लांट के निर्माण, सड़क परियोजनाओं के लिए कंसेशन फीस के भुगतान और अन्य पूंजीगत खर्चों में करेगी.

1 hour ago

भारत पर जापान का बड़ा दांव, ₹1 लाख करोड़ का निवेश, सेमीकंडक्टर, AI और ऊर्जा सुरक्षा को मिलेगी नई ताकत

दोनों देशों ने ऊर्जा सुरक्षा, रणनीतिक तेल भंडारण, सेमीकंडक्टर, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), ग्रीन एनर्जी और डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर जैसे अहम क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर सहमति जताई है.

5 hours ago


बड़ी खबरें

हमारी मुंबई, उनकी बैलेंस शीट

वह अनकही कहानी कि कैसे गुजराती और जैन व्यापारी समुदायों ने बॉम्बे की वित्तीय संरचना खड़ी की, जबकि बाद में राजनीति ने उस पर दावा करने की कला को सिद्ध कर लिया.

37 minutes ago

केरल से पनामा तक: ब्लैकरॉक का अदृश्य साम्राज्य

भारत के विझिंजम बंदरगाह को अडानी और MSC के बीच एक सामान्य लेनदेन के रूप में प्रस्तुत किया गया, लेकिन दस्तावेज कहीं अधिक बड़ी कहानी बताते हैं. 'उस गुप्त हाथ के पीछे का साम्राज्य' का दूसरा भाग

3 minutes ago

प्रो. उमेश वी. वाघमारे बने विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग के नए सचिव

केंद्र सरकार ने प्रो. उमेश वी. वाघमारे की विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग के सचिव पद पर नियुक्ति को मंजूरी दे दी है.

5 hours ago

न्यूज24 हिंदी में बड़ा नेतृत्व बदलाव, मानक गुप्ता बने चैनल हेड

मानक गुप्ता करीब 15 वर्षों से न्यूज24 का हिस्सा हैं. उन्होंने अप्रैल 2010 में चैनल जॉइन किया था और इस दौरान संपादकीय, डिजिटल और न्यूज़रूम प्रबंधन से जुड़ी कई महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभाईं.

1 hour ago

अडानी पर निवेशकों का भरोसा बरकरार, ₹15,000 करोड़ के QIP पर ₹38,000 करोड़ की बोलियां

कंपनी इस पूंजी का इस्तेमाल पॉलीविनाइल क्लोराइड (PVC) प्लांट के निर्माण, सड़क परियोजनाओं के लिए कंसेशन फीस के भुगतान और अन्य पूंजीगत खर्चों में करेगी.

1 hour ago