होम / बिजनेस / अब इन 6 PSUs में अपनी हिस्सेदारी कम करना चाहती है सरकार, फास्ट ट्रैक पर चल रहा काम!

अब इन 6 PSUs में अपनी हिस्सेदारी कम करना चाहती है सरकार, फास्ट ट्रैक पर चल रहा काम!

मोदी सरकार की योजना कुछ पब्लिक सेक्टर कंपनियों में ऑफर-फॉर-सेल के जरिए अपनी हिस्सेदारी घटाने के है.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 2 years ago

चुनावी माहौल में मोदी सरकार भले ही डिसइन्वेस्टमेंट (Disinvestment) पर खुलकर कुछ भी कहने से बच रही हो, लेकिन अंदरखाने इस पर काम चल रहा है. मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो सरकार ने करीब 6 पब्लिक सेक्टर कंपनियों (PSUs) में अपनी अतिरिक्त हिस्सेदारी बेचने की योजना को फास्ट ट्रैक पर डाल दिया है. इस हिस्सेदारी को ऑफर-फॉर-सेल (OFS) के जरिए बेचा जाएगा. हाउसिंग एंड अर्बन डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड (Hudco) में भी सरकार अपनी 7% हिस्सेदारी बेच रही है. इस खबर के सामने आते ही बुधवार को कंपनी के शेयरों में सुनामी आ गई थी. Hudco के शेयर कल 10.95% तक लुढ़क गए थे. 

इन कंपनियों के नाम शामिल
रिपोर्ट्स में बताया गया है कि जिन PSUs में मोदी सरकार अपनी अतिरिक्त हिस्सेदारी बेचने की तैयारी में है, उसमें इंडियन रेलवे कंस्ट्रक्शन इंटरनेशनल लिमिटेड (Ircon International), इंडियन रेलवे फाइनेंस कॉरपोरेशन (IRFC), एनएलसी इंडिया लिमिटेड और मझगांव डॉक शिपबिल्डर्स लिमिटेड (MDL) भी शामिल हैं. इसके अलावा, फर्टिलाइजर सेक्टर की नेशनल फर्टिलाइजर्स लिमिटेड (NFL) और राष्ट्रीय केमिकल्स एंड फर्टिलाइजर्स लिमिटेड (RCF) में भी सरकार अपना स्टेक घटाएगी. बता दें कि NFL और RCF में पहले भी हिस्सेदारी बेचने की कोशिश हुई है, लेकिन निवेशकों ने इसमें खास दिलचस्पी नहीं दिखाई. अब सरकार एक बार फिर से कोशिश कर रही है.

SEBI के नियमों का हवाला
वैसे, इन PSUs में हिस्सेदारी घटाने को SEBI के नियमों से जोड़कर देखा जा रहा है. कहा जा रहा है कि इससे सूचीबद्ध कंपिनयों के लिए 25% की न्यूनतम पब्लिक शेयरहोल्डिंग के नियम को पूरा करने में मदद मिलेगी. रिपोर्ट्स के अनुसार, बैंकों को छोड़कर, कम से कम 16 पब्लिक सेक्टर कंपनियां ऐसी हैं, जो अभी 25% के नियम को पूरा नहीं करती हैं. लिहाजा, इनमें से 6-7 कंपनियों में OFS के जरिए हिस्सेदारी बेची जा सकती है. ऑफर-फॉर-सेल के जरिए इन सभी PSUs में 5-10 प्रतिशत हिस्सेदारी बेचने का प्लान है.

इतने हजार करोड़ की कमाई
वहीं, हाउसिंग एंड अर्बन डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड के लिए ऑफर फॉर सेल गैर-खुदरा निवेशकों के लिए बुधवार से शुरू हो गया है. जबकि खुदरा निवेशक आज यानी गुरुवार को बोली लगा सकते हैं. OFS के जरिए सरकार अपनी 7 प्रतिशत हिस्सेदारी बेच देगी. इससे सरकार को 1000 करोड़ रुपए से ज्यादा मिल सकते हैं. इस ऑफर फॉर सेल के लिए फ्लोर प्राइज 79 रुपए प्रति शेयर रखा गया है. इसके जरिए 14 करोड़ शेयर बेचे जाएंगे. बता दें कि हुडको में केंद्र सरकार की हिस्सेदारी 81.8% है, जिसमें से वो 7 फीसदी बेच रही है. इसके बाद कंपनी में सरकार के हिस्सेदारी घटकर 74.8 प्रतिशत पर आ जाएगी. 
 


टैग्स
सम्बंधित खबरें

लौह अयस्क होगा महंगा, स्क्रैप बनेगा स्टील इंडस्ट्री का सबसे बड़ा कच्चा माल: डॉ. अशोक पांडा

सेल के सीएमडी डॉ. अशोक कुमार पांडा ने कहा कि स्टील किसी भी अर्थव्यवस्था की रीढ़ है. इसका प्रत्यक्ष योगदान भले ही 7-8 प्रतिशत के आसपास हो, लेकिन यह पूरे औद्योगिक विकास को गति देता है.

5 hours ago

35 अरब डॉलर के माइक्रोफाइनेंस पोर्टफोलियो पर संकट, कमजोर मानसून बढ़ा सकता है डिफॉल्ट

ग्रामीण आय पर दबाव से माइक्रोफाइनेंस कंपनियों की रिकवरी को झटका लगने की आशंका

9 hours ago

सेबी का बड़ा फैसला: अब रुपये में होगी FPI फीस की पेमेंट, MF को भी मिली इंट्रा-डे उधारी की छूट

विदेशी निवेशकों के लिए शुल्क भुगतान की प्रक्रिया होगी आसान, म्युचुअल फंड सेटलमेंट में बढ़ेगी लिक्विडिटी

9 hours ago

भारत के ऑटो कंपोनेंट उद्योग ने भरी रफ्तार, FY26 में कारोबार 12.7% बढ़कर 7.6 लाख करोड़ रुपये पहुंचा

एसोसिएशन का अनुमान है कि वित्त वर्ष 2026-27 में भी उद्योग 8% से 10% की दर से बढ़ सकता है. इसके पीछे घरेलू बाजार में मजबूत मांग और निर्यात में बढ़ोतरी को प्रमुख कारण बताया गया है.

11 hours ago

भारत में स्टील की मांग ने पकड़ी रफ्तार, Q1 में 8.3% बढ़ी खपत; आयात में 49% का उछाल

बुनियादी ढांचा और ऑटो सेक्टर की मजबूत मांग से बढ़ी स्टील की खपत, चीन समेत तीन देशों से आयात पर एंटी-डंपिंग जांच शुरू

11 hours ago


बड़ी खबरें

लौह अयस्क होगा महंगा, स्क्रैप बनेगा स्टील इंडस्ट्री का सबसे बड़ा कच्चा माल: डॉ. अशोक पांडा

सेल के सीएमडी डॉ. अशोक कुमार पांडा ने कहा कि स्टील किसी भी अर्थव्यवस्था की रीढ़ है. इसका प्रत्यक्ष योगदान भले ही 7-8 प्रतिशत के आसपास हो, लेकिन यह पूरे औद्योगिक विकास को गति देता है.

5 hours ago

सेबी का बड़ा फैसला: अब रुपये में होगी FPI फीस की पेमेंट, MF को भी मिली इंट्रा-डे उधारी की छूट

विदेशी निवेशकों के लिए शुल्क भुगतान की प्रक्रिया होगी आसान, म्युचुअल फंड सेटलमेंट में बढ़ेगी लिक्विडिटी

9 hours ago

शनि वक्री 2026: रणनीतिक आत्ममंथन जो अटूट कारोबारी नींव तैयार करता है

ज्योतिषाचार्य विक्रम चन्दीरमानी लिखते हैं, करियर से लेकर रिश्तों तक, शनि वक्री लोगों को त्वरित परिणामों के पीछे भागने के बजाय दीर्घकालिक फैसलों की समीक्षा करने के लिए प्रेरित करता है.

7 hours ago

35 अरब डॉलर के माइक्रोफाइनेंस पोर्टफोलियो पर संकट, कमजोर मानसून बढ़ा सकता है डिफॉल्ट

ग्रामीण आय पर दबाव से माइक्रोफाइनेंस कंपनियों की रिकवरी को झटका लगने की आशंका

9 hours ago

भारत में स्टील की मांग ने पकड़ी रफ्तार, Q1 में 8.3% बढ़ी खपत; आयात में 49% का उछाल

बुनियादी ढांचा और ऑटो सेक्टर की मजबूत मांग से बढ़ी स्टील की खपत, चीन समेत तीन देशों से आयात पर एंटी-डंपिंग जांच शुरू

11 hours ago