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जानिए HT की तीसरी तिमाही के नतीजों को लेकर क्या बोले पीयूष गुप्ता?
एचटी मीडिया ग्रुप के सीएफओ पीयूष गुप्ता ने आने वाली तिमाहियों में न्यूजप्रिंट की कीमतों में धीरे-धीरे कमी आने और मुनाफे में बढ़ोतरी की आशा जताई है.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 3 years ago
अब लगभग सभी कंपनियों ने अपनी तीसरी तिमाही के नतीजे जारी कर दिए है. इसी कड़ी में एचटी मीडिया ने वित्त वर्ष 2023 की तीसरी तिमाही के लिए अपने नतीजों की घोषणा कर दी है. कंपनी ने 488 करोड़ रुपये के कुल राजस्व की जानकारी देते हुए कहा कि ये पिछले वर्ष की तीसरी तिमाही से 2% कम है. कंपनी के EBITDA में 28 करोड़ रुपये रहा है इसके साल दर साल के अनुसार 74% की कमी रही है, वहीं पीबीटी में 30 करोड़ रुपये नेगेटिव रहा और पीबीटी मार्जिन भी 6% नेगेटिव दर्ज हुआ है.
दिसंबर तक 854 करोड़ रुपये रहा मुनाफा
वित्त वर्ष 2023 की तीसरी तिमाही की अर्निंग कॉल ( किसी भी पब्लिक कंपनी के मैनेजमेंट, निवेशक और एनॉलिस्ट के बीच होने वाली कॉन्फ्रेंस कॉल) के दौरान, ग्रुप सीएफओ पीयूष गुप्ता ने कहा था कि मुख्य रूप से त्योहारी सीजन के कारण कुल राजस्व साल-दर-साल आधार पर कम है. पिछले साल यूपी चुनाव के कारण पॉलिटिकल रेवेन्यू में इजाफा देखा गया था जबकि इस साल फेस्टिव सीजन में 8 दिन कम होने के कारण ये दूसरी और तीसरी तिमाही के बीच आया, जिसके बाद 31 दिसंबर तक नेट कैश 854 करोड़ रुपये दर्ज किया गया है.
कैसा रहा प्रिंट का प्रदर्शन
जबकि कंपनी के प्रिंट प्रदर्शन पर बात करते हुए पीयूष गुप्ता ने कहा कि पिछले साल इसका रेवेन्यू 323 करोड़ रुपये था जबकि इस साल ये 284 करोड़ रुपये रहा है. ऑपरेटिंग रेवेन्यू और सर्कुलेशन रेवेन्यू पिछले साल के 396 करोड़ रुपये के मुकाबले इस साल 368 करोड़ रुपये रहा है, इसमें 7% की गिरावट दर्ज की गई है. जबकि क्रमिक रूप से यह इसमें 7% की बढ़ोतरी हुई है. वहीं ऑपरेटिंग EBITDA साल-दर-साल 87 करोड़ रुपये के मुकाबले 4 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है. पीयूष गुप्ता ने मुख्य कारणों के बारे मे बताते हुए कहा कि विज्ञापन रेवेन्यू में साल-दर-साल के अनुसार गिरावट आई है. उन्होंने कहा, न्यूजप्रिंट की उच्च कीमतों के कारण ईबीआईटीडीए घाटे को संचालित करते हुए प्रति कॉपी वसूली में वृद्धि के चलते साल-दर-साल और क्रमिक आधार पर सर्कुलेशन राजस्व में सुधार हुआ है.
कैसी रही इंग्लिश की परफॉरमेंस
इंग्लिश प्रिंट कारोबार के लिए, विज्ञापन राजस्व पिछले वर्ष के 176 करोड़ रुपये की तुलना में 160 करोड़ रुपये था, इसमें 9% की कमी दर्ज की गई है, जबकि पिछली तिमाही की तुलना में इसमें 9% की वृद्धि है, जबकि दूसरी तिमाही में यह 147 करोड़ रुपये था. सर्कुलेशन रेवेन्यू 15 करोड़ रहा जोकि पहले 7 करोड़ रुपये रहा था उसके अनुसार इसमें 122% का लाभ है और क्रमिक रूप से 18% का लाभ है. प्रमुख हाइलाइट्स में, उन्होंने साझा किया कि खुदरा, ऑटो, बीएफएसआई में वृद्धि हुई जबकि रियल एस्टेट, एफएमसीजी और शिक्षा में कोई बढ़ोतरी नहींं हुई. प्रति कॉपी बेहतर वसूली और प्रतियों की अधिक संख्या के कारण परिचालन राजस्व में सुधार हुआ.
हिंदी के मुनाफे में हुई कमी
हिंदी मीडिया के बारे में बताते हुए उन्होंने कहा कि 123 करोड़ रुपये के विज्ञापन राजस्व के साथ 16% की साल दर साल गिरावट आई है और क्रमिक रूप से यह 1% की वृद्धि है. जबकि विज्ञापन राजस्व लगभग पिछले साल के बराबर ही रहा है. सर्कुलेशन रेवेन्यू पर, यह क्रमिक रूप से और वर्ष-दर-वर्ष आधार पर लगभग 45 करोड़ रुपये पर लगभग सपाट है. प्रमुख हाइलाइट्स में, ऑटो, हेल्थकेयर में वृद्धि हुई जबकि ड्यूरेबल्स रिटेल, एजुकेशन और एफएमसीजी में कोई ग्रोथ नहीं देखने को मिली. गुप्ता ने कहा, कि अखबारी कागज की कीमतों में गिरावट और आने वाली तिमाहियों में खर्चों में युक्तिसंगतता को देखते हुए एचटी मी्डिया फायदे में आ सकती है.
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